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विद्यापीठ
Updated Tue, 20 Feb 2018 02:08 AM IST
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काशी विद्यापीठ ने धरनारत कर्मचारियों को दी कार्रवाई की चेतावनी
- कुलपति से हुई दो चरणों की वार्ता, नहीं बनी बात
- पिछले कई दिनों से धरने पर है शिक्षणेत्तर कर्मचारी
अमर उजाला ब्यूरो
वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के धरनारत, शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को विश्वविद्यालय प्रशासन ने सोमवार को चेतावनी जारी की है। कहा है कि कार्य पर लौट आएं वरना कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। कुलसचिव ओम प्रकाश ने चेतावनी पत्र जारी करते हुए कहा कि वार्षिक परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए कुलानुशासक और कुलसचिव की अपील को धरनारत कर्मियों ने अस्वीकार कर दिया। दो मई 1998 के शासनादेश के आधार पर सुविधाओं की मांग कर रहे धरनारत कर्मचारियों से सोमवार को कुलपति डॉ. पृथ्वीश नाग से भी दो चरणों में वार्ता हुई परंतु कोई हल नही निकला। इसके चलते कुलाधिपति की ओर से समय से वार्षिक परीक्षा कराना मुश्किल हो रहा है। इसे कुलसचिव ने घोर अनुशासनहीनता करार दिया है। कुलसचिव ने विज्ञप्ति जारी कर चेतावनी दी है कि कर्मचारी काम पर लौट आएं वरना सभी के विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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- कुलपति से हुई दो चरणों की वार्ता, नहीं बनी बात
- पिछले कई दिनों से धरने पर है शिक्षणेत्तर कर्मचारी
अमर उजाला ब्यूरो
वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के धरनारत, शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को विश्वविद्यालय प्रशासन ने सोमवार को चेतावनी जारी की है। कहा है कि कार्य पर लौट आएं वरना कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। कुलसचिव ओम प्रकाश ने चेतावनी पत्र जारी करते हुए कहा कि वार्षिक परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए कुलानुशासक और कुलसचिव की अपील को धरनारत कर्मियों ने अस्वीकार कर दिया। दो मई 1998 के शासनादेश के आधार पर सुविधाओं की मांग कर रहे धरनारत कर्मचारियों से सोमवार को कुलपति डॉ. पृथ्वीश नाग से भी दो चरणों में वार्ता हुई परंतु कोई हल नही निकला। इसके चलते कुलाधिपति की ओर से समय से वार्षिक परीक्षा कराना मुश्किल हो रहा है। इसे कुलसचिव ने घोर अनुशासनहीनता करार दिया है। कुलसचिव ने विज्ञप्ति जारी कर चेतावनी दी है कि कर्मचारी काम पर लौट आएं वरना सभी के विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।