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Varanasi News: 285 शिक्षकों ने शिक्षक संकुल पद से दिया सामूहिक इस्तीफा

Tue, 16 Jul 2024 02:14 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 16 Jul 2024 02:14 AM IST
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285 teachers collectively resigned from the post of teacher group.
गाजीपुर। ऑनलाइन हाजिरी को लेकर परिषदीय स्कूलों के शिक्षकों और विभाग के बीच चल रही रस्साकशी और जोर पकड़ती जा रही है। अब तक 950 शिक्षक संकुलों पद में से 390 ने इस्तीफा दे दिया है। इसमें 285 शिक्षकों ने सोमवार को अपना इस्तीफा संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी को सौंपा। इसके पहले भदौरा और मुहम्मदाबाद 105 शिक्षक अपना इस्तीफा सौंप चुके हैं। उधर, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमंत राव का कहना है कि मुझे इसकी जानकारी नहीं हैं।
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शिक्षक संगठन आठ जुलाई से लागू ऑनलाइन हाजिरी का विरोध कर रहे हैं। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ एवं उत्तर प्रदेशीय जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संगठन अपने-अपने तरीके से योजना का विरोध कर रहे हैं। शिक्षक स्कूल पहुंच रहे हैं और हाथों में काली पट्टी बांधकर बच्चों को पढ़ा भी रहे हैं, लेकिन उन्होंने ऑनलाइन डिजिटल हाजिरी का बहिष्कार किया है। जिले के विभिन्न शिक्षा क्षेत्रों मरदह, सादात एवं कासिमाबाद के शिक्षक संकुलों ने सोमवार को अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। इस दौरान उनका कहना था कि अगर उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो वह चुप बैठने वाले नहीं हैं। इसके बाद दर्जनों शिक्षकों ने नोडल संकुल एवं संकुल शिक्षक के प्रभार से संबंधित बीईओ को सामूहिक इस्तीफा दे दिया।
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किस ब्लॉक में कितने शिक्षकों ने दिया संकुल पद से इस्तीफा
सादात-65
मरदह-55
जखनिया-52
भदौरा-35
मुहम्मदाबाद-70
रेवतीपुर-37
कासिमाबाद-76
ये है संकुल पद
परिषदीय विद्यालयों में पढ़ाई की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए हर न्याय पंचायत स्तर पर संकुल शिक्षक बनाए गए हैं। न्याय पंचायत में पांच ऐसे शिक्षक या प्रधानाध्यापक शामिल किए जाते हैं जो सबसे अच्छा एवं बेहतर काम करने वाला हो। इन शिक्षकों को वार्षिक तौर पर 2500 रुपये दिया जाता है। ये संकुल अकादमिक रिसोर्स परसन (एआरपी) को सपोर्टिव सुपर विजन में सहयोग देने के लिए बनाया गया है। ये शिक्षक अपने स्कूलों में पहले की तरह काम करते रहेंगे। वहीं स्कूलों एवं ब्लॉक-जिला स्तर के कार्यालयों के बीच सूचनाओं के आदान- प्रदान के लिए भी इसी संकुल शिक्षक को जिम्मेदारी सौपीं जाती है।
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