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चार हफ्ते में हटाएं कूड़े का पहाड़, नहीं तो जुर्माना
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वाराणसी। शहर में कूड़े, कचरे और अपशिष्ट निस्तारण पर एनजीटी ने सख्त रुख अपनाया है। गुरुवार को लखनऊ में हुई बैठक के दौरान जिला प्रशासन, सिंचाई विभाग और नगर निगम के अधिकारियों को सख्त दिशा निर्देश दिए गए। उत्तर प्रदेश अपशिष्ट प्रबंधन एवं अनुश्रवण समिति की बैठक में वरुणा पुल के नीचे बने कूड़े के पहाड़, अपशिष्ट निस्तारण और निर्माण व ध्वस्तीकरण के मलबे पर ठोस कार्रवाई का निर्देश देते हुए चेतावनी भी जारी की गई है।
पूर्वी यूपी के चेयरमैन न्यायमूर्ति देवी प्रसाद सिंह और सचिव राजेंद्र सिंह ने बैठक के दौरान निर्देश दिया कि वरुणा पुल के कूड़े के पहाड़ को चार हफ्ते के अंदर नहीं हटाया गया तो एनजीटी की ओर से जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी। अनुश्रवण समिति ने 30 जनवरी को निरीक्षण के दौरान कूड़े के पहाड़ को हटाने का निर्देश दिया था लेकिन आदेश पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। 18 माह बीतने के बाद शहर में निर्माण व ध्वस्तीकरण के मलबे के संबंध में कोई ठोस कार्यक्रम नहीं बनाया गया है। इस संबंध में डीएम और नगर आयुक्त से रिपोर्ट मांगी गई है।
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पूर्वी यूपी के चेयरमैन न्यायमूर्ति देवी प्रसाद सिंह और सचिव राजेंद्र सिंह ने बैठक के दौरान निर्देश दिया कि वरुणा पुल के कूड़े के पहाड़ को चार हफ्ते के अंदर नहीं हटाया गया तो एनजीटी की ओर से जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी। अनुश्रवण समिति ने 30 जनवरी को निरीक्षण के दौरान कूड़े के पहाड़ को हटाने का निर्देश दिया था लेकिन आदेश पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। 18 माह बीतने के बाद शहर में निर्माण व ध्वस्तीकरण के मलबे के संबंध में कोई ठोस कार्यक्रम नहीं बनाया गया है। इस संबंध में डीएम और नगर आयुक्त से रिपोर्ट मांगी गई है।
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