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हॉस्टलों में तनाव बरकरार, हर गतिविधि पर नजर
Updated Thu, 10 May 2018 02:08 AM IST
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वाराणसी। बीएचयू में मंगलवार की आधी रात के बाद शुरू होकर बुधवार सुबह तक चले बवाल के बाद अब दोनों हॉस्टलों के बीच तनाव बना हुआ है। बिरला चौराहे पर काफी संख्या में पुलिस-पीएसी तैनात कर दी गई है। उधर, पुलिस छात्रों की हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए है। इस बीच बुधवार दोपहर में विश्वविद्यालय पहुंचकर डीएम-एसएसपी ने कुलपति से बातचीत कर हालात का जायजा लिया और सुरक्षा का भरोसा दिलाया।
विश्वविद्यालय में उपद्रवी छात्र गुटों की ओर से मंगलवार की रात तीन घंटे तक रह-रह कर किए गए धमाकों और बवाल से परिसर दहल गया। रात 12.30 बजे बिड़ला-एलबीएस हॉस्टल के छात्रों में पहले पत्थरबाजी शुरू हुई और फिर दोनों ओर से एक-दूसरे पर पेट्रोल बम और देशी बम फेंके गए। करीब साढ़े तीन बजे तक चले बवाल में दोनों तरफ से घायल आधा दर्जन छात्रों का ट्रॉमा सेंटर में इलाज कराया गया। मंगलवार की घटना को पांच मई की सुबह हिंदी विभाग के पास चाकूबाजी की घटना से जोड़कर देखा जा रहा है। बुधवार को सुबह से ही हॉस्टल के बाहर पुलिस-पीएसी मुस्तैद रही तो विश्वविद्यालय के सुरक्षा कर्मी भी बिरला चौराहे के पास बैठे रहे। दिन में कुलपति ने वार्डन और छात्रों के साथ बैठक कर परिसर का माहौल शांत रखने में सहयोग करने को कहा।
कुलपति प्रो. राकेश भटनागर ने कहा कि छात्रों में मारपीट, पत्थरबाजी की घटना गंभीर है। दोनों हॉस्टलों के छात्रों, वार्डन के साथ बैठक कर बताया गया है कि आपस में कोई ऐसा कार्य न करें कि माहौल बिगड़े। किसी तरह की समस्या पर संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी दें। कानून हाथ में लेने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा।
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विश्वविद्यालय में उपद्रवी छात्र गुटों की ओर से मंगलवार की रात तीन घंटे तक रह-रह कर किए गए धमाकों और बवाल से परिसर दहल गया। रात 12.30 बजे बिड़ला-एलबीएस हॉस्टल के छात्रों में पहले पत्थरबाजी शुरू हुई और फिर दोनों ओर से एक-दूसरे पर पेट्रोल बम और देशी बम फेंके गए। करीब साढ़े तीन बजे तक चले बवाल में दोनों तरफ से घायल आधा दर्जन छात्रों का ट्रॉमा सेंटर में इलाज कराया गया। मंगलवार की घटना को पांच मई की सुबह हिंदी विभाग के पास चाकूबाजी की घटना से जोड़कर देखा जा रहा है। बुधवार को सुबह से ही हॉस्टल के बाहर पुलिस-पीएसी मुस्तैद रही तो विश्वविद्यालय के सुरक्षा कर्मी भी बिरला चौराहे के पास बैठे रहे। दिन में कुलपति ने वार्डन और छात्रों के साथ बैठक कर परिसर का माहौल शांत रखने में सहयोग करने को कहा।
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कुलपति प्रो. राकेश भटनागर ने कहा कि छात्रों में मारपीट, पत्थरबाजी की घटना गंभीर है। दोनों हॉस्टलों के छात्रों, वार्डन के साथ बैठक कर बताया गया है कि आपस में कोई ऐसा कार्य न करें कि माहौल बिगड़े। किसी तरह की समस्या पर संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी दें। कानून हाथ में लेने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा।
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