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बच्चों को न बनाएं किताबी कीड़ा
Updated Mon, 21 Aug 2017 01:43 AM IST
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वाराणसी। राज्यपाल राम नाईक ने शिक्षकों से अपील की है कि बच्चों को किताबी कीड़ा न बनाएं। उन्हें व्यावहारिक ज्ञान भी कराया जाए। जीवन में शिक्षा का बड़ा महत्व है और शिक्षकों की भूमिका बेहद अहम है। शिक्षकों की संस्कार क्षमता का भी मूल्यांकन होना चाहिए। राज्यपाल रविवार को यहां सत्यमेव जयते न्यास की ओर से बीएचयू के केएन उडप्पा सभागार में आयोजित राष्ट्र के निर्माण और विकास में शिक्षालयों की भूमिका विषयक परिचर्चा को बतौर मुख्यअतिथि संबोधित कर रहे थे। परिचर्चा के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान करने वाले 15 लोगों को सम्मानित किया गया। राज्यपाल ने दो पुस्तकों का विमोचन भी किया।
राष्ट्र के निर्माण और विकास में शिक्षालयों की भूमिका को बेहद अहम बताते हुए राज्यपाल ने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी पूंजी हैं। आज भारत दुनिया का सबसे अधिक युवाओं का देश है। युवाओं को सृजन और विकास से जोड़कर हमें राष्ट्रनिर्माण को गति देनी होगी। आज आतंकवाद देश के लिए सबसे बड़ा खतरा है। इसे चुनौती के रूप में लेते हुए नौजवानों को सही मार्गदर्शन की जरूरत है। विश्वविद्यालयों में सत्र नियमित करने के दृष्टिकोण से समय से दीक्षांत समारोह कराने पर भी बल दिया। अध्यक्षता करते हुए न्यायमूर्ति गिरधर मालवीय ने राष्ट्र निर्माण में शिक्षा के योगदान को अहम बताया। लोकसेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. कृष्ण बिहारी पांडेय, जेएनयू के प्रो. पुरुषोत्तम अग्रवाल ने भी विचार व्यक्त किए। अतिथियों का स्वागत न्यास के अध्यक्ष श्यामधर तिवारी ने किया। इस दौरान राज्यपाल ने डॉ. मधुमिता भट्टाचार्या और के चंद्रमौलि की पुस्तक त्रिपथगामिनी गंगा के अलावा ‘सत्यनिष्ठ राजा हरिश्चंद्र’ का विमोचन किया। कार्यक्रम में पद्मभूषण डॉ. बिंदेश्वर पाठक, प्रो. राजा बशिष्ठ त्रिपाठी, प्रो. चतुर्भुज नाथ तिवारी सहित कई लोग मौजूद रहे।
मुजफ्फरनगर रेल हादसा गंभीर, जांच रिपोर्ट का इंतजार
वाराणसी। प्रदेश के राज्यपाल रामनाईक ने मुजफ्फरनगर में दो दिन पहले हुए रेल हादसे को गंभीर हादसा बताया है। बीएचयू केएन उडप्पा सभागार में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने आए राज्यपाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि हादसा किन कारणों से हुआ, कौन लोग जिम्मेदार हैं, इसकी जांच रेल सुरक्षा विभाग के आयुक्त कर रहे हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही तस्वीर साफ हो पाएगी।
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आए दिन रेल हादसे होते रहने के सवाल पर राज्यपाल ने कहा कि रेल की सुरक्षा के दृष्टि से यह एक गंभीर मामला है। ऐसा लगता है कि रेल मंत्रालय पूरी गहनता से मामले की जांच करेगा। कहा कि रेल मंत्रालय और यूपी सरकार की ओर से सहायता भी दी जा रही है। हादसे में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि ऐसे हादसे न हो, इसके लिए रेल मंत्रालय को पूरी कार्ययोजना बनाकर काम करना चाहिए। बिना जांच, बिना जानकारी के कुछ भी कहना ठीक नहीं है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज मामले में बच्चों की मौत मामले में रामनाइक ने कहा कि जांच चल रही है। इसमें कौन लोग दोषी है, क्या घटना की वजह से रिपोर्ट आने के बाद ही कहा जा सकता है। सरकार मामले को लेकर गंभीर है।
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राष्ट्र के निर्माण और विकास में शिक्षालयों की भूमिका को बेहद अहम बताते हुए राज्यपाल ने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी पूंजी हैं। आज भारत दुनिया का सबसे अधिक युवाओं का देश है। युवाओं को सृजन और विकास से जोड़कर हमें राष्ट्रनिर्माण को गति देनी होगी। आज आतंकवाद देश के लिए सबसे बड़ा खतरा है। इसे चुनौती के रूप में लेते हुए नौजवानों को सही मार्गदर्शन की जरूरत है। विश्वविद्यालयों में सत्र नियमित करने के दृष्टिकोण से समय से दीक्षांत समारोह कराने पर भी बल दिया। अध्यक्षता करते हुए न्यायमूर्ति गिरधर मालवीय ने राष्ट्र निर्माण में शिक्षा के योगदान को अहम बताया। लोकसेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. कृष्ण बिहारी पांडेय, जेएनयू के प्रो. पुरुषोत्तम अग्रवाल ने भी विचार व्यक्त किए। अतिथियों का स्वागत न्यास के अध्यक्ष श्यामधर तिवारी ने किया। इस दौरान राज्यपाल ने डॉ. मधुमिता भट्टाचार्या और के चंद्रमौलि की पुस्तक त्रिपथगामिनी गंगा के अलावा ‘सत्यनिष्ठ राजा हरिश्चंद्र’ का विमोचन किया। कार्यक्रम में पद्मभूषण डॉ. बिंदेश्वर पाठक, प्रो. राजा बशिष्ठ त्रिपाठी, प्रो. चतुर्भुज नाथ तिवारी सहित कई लोग मौजूद रहे।
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मुजफ्फरनगर रेल हादसा गंभीर, जांच रिपोर्ट का इंतजार
वाराणसी। प्रदेश के राज्यपाल रामनाईक ने मुजफ्फरनगर में दो दिन पहले हुए रेल हादसे को गंभीर हादसा बताया है। बीएचयू केएन उडप्पा सभागार में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने आए राज्यपाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि हादसा किन कारणों से हुआ, कौन लोग जिम्मेदार हैं, इसकी जांच रेल सुरक्षा विभाग के आयुक्त कर रहे हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही तस्वीर साफ हो पाएगी।
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आए दिन रेल हादसे होते रहने के सवाल पर राज्यपाल ने कहा कि रेल की सुरक्षा के दृष्टि से यह एक गंभीर मामला है। ऐसा लगता है कि रेल मंत्रालय पूरी गहनता से मामले की जांच करेगा। कहा कि रेल मंत्रालय और यूपी सरकार की ओर से सहायता भी दी जा रही है। हादसे में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि ऐसे हादसे न हो, इसके लिए रेल मंत्रालय को पूरी कार्ययोजना बनाकर काम करना चाहिए। बिना जांच, बिना जानकारी के कुछ भी कहना ठीक नहीं है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज मामले में बच्चों की मौत मामले में रामनाइक ने कहा कि जांच चल रही है। इसमें कौन लोग दोषी है, क्या घटना की वजह से रिपोर्ट आने के बाद ही कहा जा सकता है। सरकार मामले को लेकर गंभीर है।