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जेएचवी मॉल शूटआउट के चार आरोपियों पर गैंगेस्टर
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वाराणसी। छावनी क्षेत्र के जेएचवी मॉल शूटआउट के चारों आरोपियों पर कैंट पुलिस ने शुक्रवार को गैंगेस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की है। फिलहाल प्रकरण के चारों आरोपी जिला जेल में निरुद्ध हैं। वहीं, इस मामले के अहम आरोपी आलोक उपाध्याय ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के परास्नातक कोर्स की परीक्षा का फार्म भरने और परीक्षा देने की अनुमति मांगी है।
31 अक्तूबर 2018 को दोपहर बाद जेएचवी मॉल में अंधाधुंध फायरिंग की गई थी। गोली लगने से मॉल में काम करने वाले गोपी कन्नौजिया और सुनील कुमार गौड़ की मौत हो गई थी। वहीं, विशाल सिंह और चंदन शर्मा घायल हुए थे। वारदात में काशी विद्यापीठ के समाज कार्य संकाय के एमए के छात्र चंदौली के आलोक उपाध्याय व उसकी दोस्त साक्षी सिंह, बिहार के आरा के कुंदन सेठ व ऋषभ और भभुआ के रोहित सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। साथ ही, सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही बरतने के आरोप में मॉल प्रबंधन और सिक्योरिटी कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके अलावा सिक्योरिटी कंपनी का लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति प्रदेश सरकार से की गई थी। इस संबंध में इंस्पेक्टर कैंट विजय बहादुर सिंह ने बताया कि आलोक, कुंदन, ऋषभ और रोहित सिंह के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
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31 अक्तूबर 2018 को दोपहर बाद जेएचवी मॉल में अंधाधुंध फायरिंग की गई थी। गोली लगने से मॉल में काम करने वाले गोपी कन्नौजिया और सुनील कुमार गौड़ की मौत हो गई थी। वहीं, विशाल सिंह और चंदन शर्मा घायल हुए थे। वारदात में काशी विद्यापीठ के समाज कार्य संकाय के एमए के छात्र चंदौली के आलोक उपाध्याय व उसकी दोस्त साक्षी सिंह, बिहार के आरा के कुंदन सेठ व ऋषभ और भभुआ के रोहित सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। साथ ही, सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही बरतने के आरोप में मॉल प्रबंधन और सिक्योरिटी कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके अलावा सिक्योरिटी कंपनी का लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति प्रदेश सरकार से की गई थी। इस संबंध में इंस्पेक्टर कैंट विजय बहादुर सिंह ने बताया कि आलोक, कुंदन, ऋषभ और रोहित सिंह के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
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