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गेहूं-चावल के भंडारण की समस्या सुलझी
Updated Sun, 25 Mar 2018 01:08 AM IST
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ज्ञानपुर। लंबे समय से खुले आसमान के नीचे खराब हो रहे चावल के भंडारण की समस्या का कुछ हद तक समाधान होने जा रहा है। लंबे प्रयास के बाद जिला प्रशासन ने बभनौटी में स्थित पांच हजार एमटी क्षमता वाले गोदाम को हासिल करने में सफलता प्राप्त कर ली है। इसके लिए अमर उजाला ने अभियान चलाया था। इस पर जिम्मेदारों की तंद्रा टूटी और चावल के भंडारण के लिए गोदाम मिल गया। शनिवार को केंद्रीय उत्पाद शुल्क आयुक्त मधुकर आनंद ने गोदाम का निरीक्षण कर चावल भंडारण की समस्या पर संजीदगी दिखाते हुए गोदाम को चावल भंडारण के लिए खाली करने की बात कही।
जिले में चावल भंडारण की समस्या का अब समाधान हो जाएगा। केंद्रीय भंडारण निगम का 5000 एमटी क्षमता वाला बभनौटी गोदाम अब चावल भंडारण के लिए खाद्य विपणन विभाग को शीघ्र मिल जाएगा। एफसीआई का 10 हजार एमटी क्षमता वाला हरियांव गोदाम भर जाने से चावल भंडारण की समस्या ने विकराल रूप धारण कर लिया था। जिला प्रशासन और खाद्य विपणन विभाग लंबे समय से बभनौटी गोदाम को हासिल करने का प्रयास कर रहा था। अब जाकर प्रयास सफल हुआ। बभनौटी गोदाम सीमा शुल्क उत्पाद शुल्क आयुक्त लखनऊ के अधीन है। इसमें 60-70 एमटी सामान काफी लंबे समय से कस्टम विभाग ने रखा है, जो अब खराब भी हो चुका है। शनिवार को सीमा शुल्क उत्पाद आयुक्त मधुकर आनंद, जिला खाद्य विपणन अधिकारी श्याम कुमार मिश्र, केंद्रीय भंडारण निगम के उदय श्रीवास्तव, विपणन निरीक्षक संजय पांडेय और रंजन सिंह ने बभनौटी गोदाम का निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद गोदाम को खाद्य विपणन विभाग के हवाले करने का निर्णय लिया गया। शीघ्र ही कस्टम विभाग गोदाम को खाली कर विपणन विभाग के हवाले कर देगा। इस वर्ष जिले में 26 हजार एमटी चावल की आवक हुई है। एफसीआई का गोदाम भर चुका है। पीडीएस के तहत हर महीने केवल 2600 एमटी चावल का ही उठान होता है। 10 हजार एमटी चावल राइस मिलों में डंप पड़ा है। जिलले राइस मिल संचालक परेशान हैं। बरसात होने पर चावल खराब हो सकता है।
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जिले में चावल भंडारण की समस्या का अब समाधान हो जाएगा। केंद्रीय भंडारण निगम का 5000 एमटी क्षमता वाला बभनौटी गोदाम अब चावल भंडारण के लिए खाद्य विपणन विभाग को शीघ्र मिल जाएगा। एफसीआई का 10 हजार एमटी क्षमता वाला हरियांव गोदाम भर जाने से चावल भंडारण की समस्या ने विकराल रूप धारण कर लिया था। जिला प्रशासन और खाद्य विपणन विभाग लंबे समय से बभनौटी गोदाम को हासिल करने का प्रयास कर रहा था। अब जाकर प्रयास सफल हुआ। बभनौटी गोदाम सीमा शुल्क उत्पाद शुल्क आयुक्त लखनऊ के अधीन है। इसमें 60-70 एमटी सामान काफी लंबे समय से कस्टम विभाग ने रखा है, जो अब खराब भी हो चुका है। शनिवार को सीमा शुल्क उत्पाद आयुक्त मधुकर आनंद, जिला खाद्य विपणन अधिकारी श्याम कुमार मिश्र, केंद्रीय भंडारण निगम के उदय श्रीवास्तव, विपणन निरीक्षक संजय पांडेय और रंजन सिंह ने बभनौटी गोदाम का निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद गोदाम को खाद्य विपणन विभाग के हवाले करने का निर्णय लिया गया। शीघ्र ही कस्टम विभाग गोदाम को खाली कर विपणन विभाग के हवाले कर देगा। इस वर्ष जिले में 26 हजार एमटी चावल की आवक हुई है। एफसीआई का गोदाम भर चुका है। पीडीएस के तहत हर महीने केवल 2600 एमटी चावल का ही उठान होता है। 10 हजार एमटी चावल राइस मिलों में डंप पड़ा है। जिलले राइस मिल संचालक परेशान हैं। बरसात होने पर चावल खराब हो सकता है।
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