{"_id":"6abeb8ad2095d7bd4c06347d","slug":"unnao-news-unnao-news-c-221-1-uno1023-158738-2026-10-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: फर्जी वसीयत से जमीन हड़पने की कोशिश, चार भाइयों पर प्राथमिकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: फर्जी वसीयत से जमीन हड़पने की कोशिश, चार भाइयों पर प्राथमिकी
विज्ञापन
पाटन। बिहार थाना क्षेत्र में जमीन हड़पने के लिए कथित तौर पर फर्जी वसीयत तैयार कर राजस्व अभिलेखों में दर्ज कराने की कोशिश का मामला सामने आया है। पुलिस ने चार लोगों पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
रायबरेली जिले के बेलीगंज निवासी संतोष कुमार गुप्ता ने पुलिस को तहरीर दी। बताया कि थाना व गांव बिहार स्थित 0.139 हेक्टेयर जमीन रामशंकर और रामसहाय पुत्र गंगादीन के नाम अभिलेखों में दर्ज थी। दोनों की मृत्यु के बाद उनके विधिक उत्तराधिकारियों के नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज किए गए हैं। संतोष का आरोप है कि रामप्रकाश गुप्ता निवासी जानकीगंज, बिहार ने पिता भगवानदास की फर्जी वसीयत बनाकर अपने भाइयों शिवप्रकाश, जयप्रकाश और चंद्रप्रकाश के साथ मिलकर जमीन पर दावा करने और दाखिल-खारिज कराने का प्रयास किया।
आरोप है कि वसीयतनामा में लेखक और गवाह भी फर्जी हैं। उस पर किए गए हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान भी जाली हैं। शिकायतकर्ता ने बताया वसीयतनामा की मूल प्रति तहसीलदार बीघापुर की अदालत में दाखिल है। संतोष का आरोप है कि 24 सितंबर को जानकारी होने पर रामप्रकाश से बात की तो उसके भाइयों ने गाली गलौज की।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष राहुल सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर रामप्रकाश गुप्ता, शिवप्रकाश, जयप्रकाश और चंद्रप्रकाश प्राथमिकी दर्ज की गई है। जांच कर तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
रायबरेली जिले के बेलीगंज निवासी संतोष कुमार गुप्ता ने पुलिस को तहरीर दी। बताया कि थाना व गांव बिहार स्थित 0.139 हेक्टेयर जमीन रामशंकर और रामसहाय पुत्र गंगादीन के नाम अभिलेखों में दर्ज थी। दोनों की मृत्यु के बाद उनके विधिक उत्तराधिकारियों के नाम राजस्व अभिलेखों में दर्ज किए गए हैं। संतोष का आरोप है कि रामप्रकाश गुप्ता निवासी जानकीगंज, बिहार ने पिता भगवानदास की फर्जी वसीयत बनाकर अपने भाइयों शिवप्रकाश, जयप्रकाश और चंद्रप्रकाश के साथ मिलकर जमीन पर दावा करने और दाखिल-खारिज कराने का प्रयास किया।
विज्ञापन
आरोप है कि वसीयतनामा में लेखक और गवाह भी फर्जी हैं। उस पर किए गए हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान भी जाली हैं। शिकायतकर्ता ने बताया वसीयतनामा की मूल प्रति तहसीलदार बीघापुर की अदालत में दाखिल है। संतोष का आरोप है कि 24 सितंबर को जानकारी होने पर रामप्रकाश से बात की तो उसके भाइयों ने गाली गलौज की।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष राहुल सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर रामप्रकाश गुप्ता, शिवप्रकाश, जयप्रकाश और चंद्रप्रकाश प्राथमिकी दर्ज की गई है। जांच कर तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।