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जांच की दहशत, बंद रहे तमाम निजी अस्पताल
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पुरवा के चमियानी मार्ग पर संचालित निजी अस्पताल में लटकता ताला। संवाद
- फोटो : UNNAO
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उन्नाव/पुरवा। आयुष्मान पखवाड़े में अफसरों की ड्यूटी लगने के कारण बुधवार से अवैध नर्सिंग होम की चेकिंग का अभियान गति तो नहीं पकड़ सका लेकिन दहशत के कारण कई अस्पतालों में ताला लटका रहा।
सीएमओ ने गली-गली अवैध तरीके से संचालित निजी अस्पतालों की जांच के लिए बुधवार से अभियान शुरू करने के निर्देश दिए थे। इसके लिए तहसीलवार एसीएमओ की तैनाती की गई थी। इसमें शामिल छह अपर मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला कुष्ठ रोग अधिकारी व जिला क्षय रोग अधिकारी पर आयुष्मान पखवाड़ा कैंपों की भी जिम्मेदारी है।
इसके कारण पहले दिन अधिकारी आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए लगे कैंपों का ही निरीक्षण कर सके। टीम ने गुरुवार से निजी अस्पतालों की जांच शुरू करने की बात कही है। उधर जांच होने की दहशत में ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित निजी अस्पतालों में ताले लगे रहे। वहीं कुछ पिछले दरवाजे से मरीजों को भर्ती कर इलाज करते रहे। सीएमओ डॉ. सत्यप्रकाश ने बताया कि जो भी अवैध रूप से अस्पताल संचालित करेगा, उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
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जांच में इनकी लगी ड्यूटी
एसीएमओ डॉ. आरके गौतम, डॉ. अर्जुन सिंह सारंग, डॉ. ललित कुमार, डॉ. नरेंद्र सिंह, डॉ. जेआर सिंह, डॉ, विवेक गुप्ता, जिला कुष्ठ रोग अधिकारी डॉ, हरिनाम सिंह, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. मनीष मिश्रा।
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सीएमओ ने गली-गली अवैध तरीके से संचालित निजी अस्पतालों की जांच के लिए बुधवार से अभियान शुरू करने के निर्देश दिए थे। इसके लिए तहसीलवार एसीएमओ की तैनाती की गई थी। इसमें शामिल छह अपर मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला कुष्ठ रोग अधिकारी व जिला क्षय रोग अधिकारी पर आयुष्मान पखवाड़ा कैंपों की भी जिम्मेदारी है।
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इसके कारण पहले दिन अधिकारी आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए लगे कैंपों का ही निरीक्षण कर सके। टीम ने गुरुवार से निजी अस्पतालों की जांच शुरू करने की बात कही है। उधर जांच होने की दहशत में ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित निजी अस्पतालों में ताले लगे रहे। वहीं कुछ पिछले दरवाजे से मरीजों को भर्ती कर इलाज करते रहे। सीएमओ डॉ. सत्यप्रकाश ने बताया कि जो भी अवैध रूप से अस्पताल संचालित करेगा, उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
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जांच में इनकी लगी ड्यूटी
एसीएमओ डॉ. आरके गौतम, डॉ. अर्जुन सिंह सारंग, डॉ. ललित कुमार, डॉ. नरेंद्र सिंह, डॉ. जेआर सिंह, डॉ, विवेक गुप्ता, जिला कुष्ठ रोग अधिकारी डॉ, हरिनाम सिंह, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. मनीष मिश्रा।