{"_id":"5e14d8bf8ebc3e880d69cc20","slug":"jnu-unnao-news-knp5370010129","type":"story","status":"publish","title_hn":"जेएनयू की घटना के पीछे वामदलों का हाथ-सांसद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जेएनयू की घटना के पीछे वामदलों का हाथ-सांसद
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उन्नाव। भारतीय जनता पार्टी हिंसा में विश्वास नहीं रखती है। जेएनयू की घटना के पीछे वामदलों का हाथ है। बहुत छोटी सी संख्या में एबीवीपी के कार्यकर्ता वहां पर हैं, जो चुटहिल हुए हैं। यह दावा सांसद हरि साक्षी महाराज ने किया।
मंगलवार को अपने कार्यालय में मीडिया से बात करते हुए सांसद ने दावा किया कि जेएनयू की गुंडागर्दी में वामपंथियों का हाथ है। कहा कि वह सरकार और गृहमंत्री से दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग करेंगे। सासंद ने कहा कि भारतीय संस्कृति विश्व शांति की बात करती है। हम युद्ध पर नहीं बल्कि शांति पर विश्वास रखते हैं।
जो लोग युद्ध में विश्वास रखते हैं उनको ठीक करने का काम किया जाएगा। कहा कि जो ननकाना साहिब में हो रहा है वह पहले भी होता रहा है। पाकिस्तान हो, बांग्लादेश हो या फिर अफ गानिस्तान, ननकाना जैसे कांड हजारों होते रहे हैं। पाकिस्तान में कभी साढ़े 22 प्रतिशत हिंदू था। जो आज घटकर डेढ़ प्रतिशत रह गया है। बांग्लादेश में 23 फीसदी हिंदू था। अब 7 प्रतिशत ही रह गया है। जो शरणार्थी हिंदुस्तान में आए हैं उनको नागरिकता देने के लिए ही तो यह नागरिकता संशोधन कानून है। ननकाना की आग यहां भड़क रही है। हम लोगों के तो सीने में आग जल रही है।
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पाकिस्तान तो कुत्ते की पूंछ की तरह है जो कभी सीधी हो नहीं सकती है। वहां जो लोग पीड़ित हैं, वो बहुत आक्रोशित हैं। उनकी बेटी का अपहरण किया गया। उसका निकाह करा दिया गया। जो कुछ वहां पर हो रहा है वह बहुत ही आपत्तिजनक है।
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मंगलवार को अपने कार्यालय में मीडिया से बात करते हुए सांसद ने दावा किया कि जेएनयू की गुंडागर्दी में वामपंथियों का हाथ है। कहा कि वह सरकार और गृहमंत्री से दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग करेंगे। सासंद ने कहा कि भारतीय संस्कृति विश्व शांति की बात करती है। हम युद्ध पर नहीं बल्कि शांति पर विश्वास रखते हैं।
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जो लोग युद्ध में विश्वास रखते हैं उनको ठीक करने का काम किया जाएगा। कहा कि जो ननकाना साहिब में हो रहा है वह पहले भी होता रहा है। पाकिस्तान हो, बांग्लादेश हो या फिर अफ गानिस्तान, ननकाना जैसे कांड हजारों होते रहे हैं। पाकिस्तान में कभी साढ़े 22 प्रतिशत हिंदू था। जो आज घटकर डेढ़ प्रतिशत रह गया है। बांग्लादेश में 23 फीसदी हिंदू था। अब 7 प्रतिशत ही रह गया है। जो शरणार्थी हिंदुस्तान में आए हैं उनको नागरिकता देने के लिए ही तो यह नागरिकता संशोधन कानून है। ननकाना की आग यहां भड़क रही है। हम लोगों के तो सीने में आग जल रही है।
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पाकिस्तान तो कुत्ते की पूंछ की तरह है जो कभी सीधी हो नहीं सकती है। वहां जो लोग पीड़ित हैं, वो बहुत आक्रोशित हैं। उनकी बेटी का अपहरण किया गया। उसका निकाह करा दिया गया। जो कुछ वहां पर हो रहा है वह बहुत ही आपत्तिजनक है।