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रिटायर्ड फौजी से बदमाशों ने एक लाख लूटे
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
Updated Wed, 11 May 2016 12:39 AM IST
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लूट का शिकार हुआ रिटायर्ड फौजी भीम शंकर।
- फोटो : अमर उजाला
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बाइक सवार बदमाशों ने रिटायर्ड फौजी से एक लाख रुपए लूट लिए। मकान निर्माण के लिए उसने कसबे की बैंक से रुपए निकाले थे। बैंक से 20 कदम दूरी पर बदमाशों ने घटना को अंजाम दिया। मौके पर खड़े पिकेट के सिपाही मुंह ताकते रह गए। बदमाशों को पकड़ना तो दूर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को भी इसकी जानकारी नहीं दी।
घटना की चर्चा वकीलों से सुनकर वह घटनास्थल पर पहुंचे और जांच की। उन्होंने सूचना न देने पर पुलिस कर्मियों को जमकर फटकार लगाई। पुलिस ने घटना को चोरी में दर्ज किया है। एक पखवारे में लूट की तीसरी घटना से क्षेत्र में दहशत का माहौल है।
कोतवाली क्षेत्र के ईशापुर चमियानी गांव निवासी रिटायर्ड फौजी भीमशंकर मंगलवार सुबह कसबे की भारतीय स्टेट बैंक पहुंचे। मकान निर्माण कराने के लिए उन्होंने बैंक से एक लाख रुपए निकाले और बाहर आकर बाइक की डिक्की में डाल लिए। डिक्की का लॉक खराब होने पर उन्होंने प्लास्टिक की रस्सी से उसे बांध दिया। बैंक से 20 कदम दूरी पर वह एक फल विक्रेता के यहां रूके। बाइक पर बैठे-बैठे ही उन्होंने फल का दाम पूछा। अभी वह फल विक्रेता से बातचीत कर रहे थे कि पीछे से आए बाइक सवार दो बदमाशों ने प्लास्टिक की रस्सी हटाकर डिक्की से नकदी निकाली और मौरावां की ओर भाग पड़े।
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दहशत में रिटायर्ड फौजी ने बाइक में पीछे बैठे बदमाश की तौलिया पकड़ ली। बदमाश ने तौलिया खींचकर उन्हें सड़क पर गिरा दिया और भाग निकले। घटना से कुछ दूरी पर पिकेट का सिपाही घटना को देख रहा था पर बदमाशों को पकड़ने की हिम्मत नहीं जुटा सका। घटना के बाद कसबे में हड़कंप मच गया। घटना से आहत पीड़ित कोतवाली पहुंचा। कोतवाली प्रभारी की गैरमौजूदगी में वह आपबीती सुनाने के लिए मौजूद पुलिस कर्मियों के इर्द-गिर्द घूमता रहा। किसी ने उसकी बात नहीं सुनी। इसी बीच कुछ वकीलों से लूट की चर्चा सुन सीओ अशोक सिंह भागकर घटनास्थल पर पहुंचे और कसबे के लोगों से घटना की जानकारी लेकर कोतवाली पहुंचे।
जहां पीड़ित वृद्ध ने उन्हें आपबीती सुनाई। घटना की सूचना न देने पर सीओ ने पुलिस कर्मियों को जमकर फटकार लगाई। और जांच करने बैंक पहुंचे। सीओ ने बैंक मैनेजर से बात कर सीसीटीवी फुटेज चेक किए।हालांकि फुटेज से पुलिस को कोई सुराग नहीं मिल सका। देर शाम कोतवाली पुलिस ने चोरी की धाराओं में मामला दर्ज किया है। कसबे में दिनदहाड़े हुई घटना से लोगों में हड़कंप मचा रहा। सीओ ने रिटायर्ड फौजी को जल्द खुलासे का भरोसा दिलाया है।
आठ दिन बाद लुटेरों ने फिर दी पुलिस को चुनौती
2 मई को पुरवा कसबा के मोहल्ला शीतलगंज निवासी कपड़ा व्यवसाई नवीन गुप्ता से पुरवा-अचलगंज मार्ग पर बरवट मोड़ के पास बाइक सवार बदमाशों ने तमंचा लगा डेढ़ लाख की लूट की थी। पुलिस ने इस घटना को भी जल्द खोलने का भरोसा दिलाया था। खुलासा तो दूर बदमाशों ने आठ दिन बाद दूसरी घटना को अंजाम देकर पुलिस को चुनौती दे डाली।
वर्दी की धमक का लुटेरों पर नहीं असर
खाकी की धमक लुटेरों पर बेअसर साबित हो रही है। आलम यह है कि पुलिस की मौजूदगी में ही लुटेरें अपने मंसूबो को अंजाम दे रहे है। पुरवा कोतवाली क्षेत्र में लुटेरों का आतंक है। 27 जनवरी को भी लुटेरों ने पुरवा-अचलगंज मार्ग पर शारदा पुल के पास चमियानी निवासी सोनू को तमंचा लगा बाइक और मोबाइल लूट लिया था। पुलिस ने सोनू को जांच की बात कह टहला दिया था। कसबे को लोगों का कहना है कि घटनाओं पर गंभीर होने की जगह पुलिस उन्हें टालने का प्रयास करती है। जिसका लुटेरे पूरा फायदा उठा रहे है। लोगों ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं।
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घटना की चर्चा वकीलों से सुनकर वह घटनास्थल पर पहुंचे और जांच की। उन्होंने सूचना न देने पर पुलिस कर्मियों को जमकर फटकार लगाई। पुलिस ने घटना को चोरी में दर्ज किया है। एक पखवारे में लूट की तीसरी घटना से क्षेत्र में दहशत का माहौल है।
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कोतवाली क्षेत्र के ईशापुर चमियानी गांव निवासी रिटायर्ड फौजी भीमशंकर मंगलवार सुबह कसबे की भारतीय स्टेट बैंक पहुंचे। मकान निर्माण कराने के लिए उन्होंने बैंक से एक लाख रुपए निकाले और बाहर आकर बाइक की डिक्की में डाल लिए। डिक्की का लॉक खराब होने पर उन्होंने प्लास्टिक की रस्सी से उसे बांध दिया। बैंक से 20 कदम दूरी पर वह एक फल विक्रेता के यहां रूके। बाइक पर बैठे-बैठे ही उन्होंने फल का दाम पूछा। अभी वह फल विक्रेता से बातचीत कर रहे थे कि पीछे से आए बाइक सवार दो बदमाशों ने प्लास्टिक की रस्सी हटाकर डिक्की से नकदी निकाली और मौरावां की ओर भाग पड़े।
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दहशत में रिटायर्ड फौजी ने बाइक में पीछे बैठे बदमाश की तौलिया पकड़ ली। बदमाश ने तौलिया खींचकर उन्हें सड़क पर गिरा दिया और भाग निकले। घटना से कुछ दूरी पर पिकेट का सिपाही घटना को देख रहा था पर बदमाशों को पकड़ने की हिम्मत नहीं जुटा सका। घटना के बाद कसबे में हड़कंप मच गया। घटना से आहत पीड़ित कोतवाली पहुंचा। कोतवाली प्रभारी की गैरमौजूदगी में वह आपबीती सुनाने के लिए मौजूद पुलिस कर्मियों के इर्द-गिर्द घूमता रहा। किसी ने उसकी बात नहीं सुनी। इसी बीच कुछ वकीलों से लूट की चर्चा सुन सीओ अशोक सिंह भागकर घटनास्थल पर पहुंचे और कसबे के लोगों से घटना की जानकारी लेकर कोतवाली पहुंचे।
जहां पीड़ित वृद्ध ने उन्हें आपबीती सुनाई। घटना की सूचना न देने पर सीओ ने पुलिस कर्मियों को जमकर फटकार लगाई। और जांच करने बैंक पहुंचे। सीओ ने बैंक मैनेजर से बात कर सीसीटीवी फुटेज चेक किए।हालांकि फुटेज से पुलिस को कोई सुराग नहीं मिल सका। देर शाम कोतवाली पुलिस ने चोरी की धाराओं में मामला दर्ज किया है। कसबे में दिनदहाड़े हुई घटना से लोगों में हड़कंप मचा रहा। सीओ ने रिटायर्ड फौजी को जल्द खुलासे का भरोसा दिलाया है।
आठ दिन बाद लुटेरों ने फिर दी पुलिस को चुनौती
2 मई को पुरवा कसबा के मोहल्ला शीतलगंज निवासी कपड़ा व्यवसाई नवीन गुप्ता से पुरवा-अचलगंज मार्ग पर बरवट मोड़ के पास बाइक सवार बदमाशों ने तमंचा लगा डेढ़ लाख की लूट की थी। पुलिस ने इस घटना को भी जल्द खोलने का भरोसा दिलाया था। खुलासा तो दूर बदमाशों ने आठ दिन बाद दूसरी घटना को अंजाम देकर पुलिस को चुनौती दे डाली।
वर्दी की धमक का लुटेरों पर नहीं असर
खाकी की धमक लुटेरों पर बेअसर साबित हो रही है। आलम यह है कि पुलिस की मौजूदगी में ही लुटेरें अपने मंसूबो को अंजाम दे रहे है। पुरवा कोतवाली क्षेत्र में लुटेरों का आतंक है। 27 जनवरी को भी लुटेरों ने पुरवा-अचलगंज मार्ग पर शारदा पुल के पास चमियानी निवासी सोनू को तमंचा लगा बाइक और मोबाइल लूट लिया था। पुलिस ने सोनू को जांच की बात कह टहला दिया था। कसबे को लोगों का कहना है कि घटनाओं पर गंभीर होने की जगह पुलिस उन्हें टालने का प्रयास करती है। जिसका लुटेरे पूरा फायदा उठा रहे है। लोगों ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं।