{"_id":"609c0f838ebc3e58613a66c9","slug":"civic-unnao-news-knp6280688145","type":"story","status":"publish","title_hn":"बक्सर घाट पर शव दफनाने पर रोक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बक्सर घाट पर शव दफनाने पर रोक
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव/बारासगवर। बीघापुर तहसील के बक्सर श्मशान घाट पर शव दफनाने पर रोक लगा दी गई है। अब वहां सिर्फ दाह संस्कार ही किया जाएगा। गंगा नदी किनारे और टीलों पर सैकड़ों की संख्या में शव दफनाने की खबर पर प्रशासन हरकत में आया। डीएम के आदेश पर एसडीएम और सीओ जांच करने पहुंचे।
कोरोना से हो रही मौतों से इन दिनों बक्सर घाट पर अंतिम संस्कार के लिए रेला लगा है। यहां उन्नाव के अलावा फतेहपुर और रायबरेली जिले से भी प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में शवों का अंतिम संस्कार किया जा रहा है। दाह संस्कार के बजाय अधिकांश शवों को रेत में दबाया जा रहा है। डीएम रवींद्र कुमार ने एसडीएम दयाशंकर पाठक और सीओ कृपाशंकर कनौजिया को मौके पर भेजकर जांच करने और रिपोर्ट देने को कहा है। बुधवार शाम सात बजे एसडीएम और सीओ बक्सर पहुंचे और गंगा पुल के आसपास से श्मशान घाट का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि पंडा और श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार कराने वालों से कहा गया है कि अब इस घाट पर कोई भी शव नहीं दफनाया जाएगा। सभी का अंतिम संस्कार किया जाएगा। गरीब व्यक्तियों को कम से कम छह फिट गहराई में शव दफनाने की अनुमति दी जाएगी। डीएम ने बताया कि एसडीएम की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
कोरोना से हो रही मौतों से इन दिनों बक्सर घाट पर अंतिम संस्कार के लिए रेला लगा है। यहां उन्नाव के अलावा फतेहपुर और रायबरेली जिले से भी प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में शवों का अंतिम संस्कार किया जा रहा है। दाह संस्कार के बजाय अधिकांश शवों को रेत में दबाया जा रहा है। डीएम रवींद्र कुमार ने एसडीएम दयाशंकर पाठक और सीओ कृपाशंकर कनौजिया को मौके पर भेजकर जांच करने और रिपोर्ट देने को कहा है। बुधवार शाम सात बजे एसडीएम और सीओ बक्सर पहुंचे और गंगा पुल के आसपास से श्मशान घाट का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि पंडा और श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार कराने वालों से कहा गया है कि अब इस घाट पर कोई भी शव नहीं दफनाया जाएगा। सभी का अंतिम संस्कार किया जाएगा। गरीब व्यक्तियों को कम से कम छह फिट गहराई में शव दफनाने की अनुमति दी जाएगी। डीएम ने बताया कि एसडीएम की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन