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अनियमितताओं की जांच करने पहुंची टीएसी
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पाटन। सुमेरपुर ब्लाक की ग्राम पंचायत पोरई में विकास कार्यों में हुई अनियमितताओं की शिकायत ग्राम विकास मंत्री से करने के बाद रविवार को टीएसी (टेक्निकल ऑडिट कमेटी) जांच अधिकारी ने गांव में बनवाए गए आवास, शौचालय व मनरेगा से हुए कामों का निरीक्षण किया। जांच अधिकारी ने बताया कि रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
टीएसी जांच अधिकारी महेंद्र सिंह ने सुमेरपुर ब्लाक की ग्राम पंचायत पोरई के दुर्गागंज में बने आवास, शौचालयों व मनरेगा के कार्यों की जांच की। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि दिए गए प्रधानमंत्री आवासों, शौचालय व मनरेगा कामों में ग्राम प्रधान ने धांधली की। आवास के नाम पर 20-20 हजार रुपये लेने का भी आरोप लगाया। जांच अधिकारी ने ग्रामीणों के लिखित बयान लिए। जांच अधिकारी महेंद्र सिंह ने बताया कि ग्रामीणाें की शिकायत पर स्थलीय निरीक्षण कर लिया गया है। जांच रिपोर्ट शासन को उपलब्ध कराई जाएगी।
ग्रामीणों ने जांच अधिकारी की भूमिका बताई संदिग्ध
पोरई गांव निवासी सत्येंद्र सिंह, हरिश्चंद्र, मोहन, नितिन, पंकज, मोनू सिंह जादौन का आरोप है कि जांच में कहीं न कहीं संदिग्धता है। जिन बिंदुओं पर आरोप लगाया था उसकी जांच ही नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना था कि अगर सही जांच न हुई तो भ्रष्टाचार की लड़ाई आगे तक लड़ी जाएगी।
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टीएसी जांच अधिकारी महेंद्र सिंह ने सुमेरपुर ब्लाक की ग्राम पंचायत पोरई के दुर्गागंज में बने आवास, शौचालयों व मनरेगा के कार्यों की जांच की। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि दिए गए प्रधानमंत्री आवासों, शौचालय व मनरेगा कामों में ग्राम प्रधान ने धांधली की। आवास के नाम पर 20-20 हजार रुपये लेने का भी आरोप लगाया। जांच अधिकारी ने ग्रामीणों के लिखित बयान लिए। जांच अधिकारी महेंद्र सिंह ने बताया कि ग्रामीणाें की शिकायत पर स्थलीय निरीक्षण कर लिया गया है। जांच रिपोर्ट शासन को उपलब्ध कराई जाएगी।
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ग्रामीणों ने जांच अधिकारी की भूमिका बताई संदिग्ध
पोरई गांव निवासी सत्येंद्र सिंह, हरिश्चंद्र, मोहन, नितिन, पंकज, मोनू सिंह जादौन का आरोप है कि जांच में कहीं न कहीं संदिग्धता है। जिन बिंदुओं पर आरोप लगाया था उसकी जांच ही नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना था कि अगर सही जांच न हुई तो भ्रष्टाचार की लड़ाई आगे तक लड़ी जाएगी।
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