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भइया को टीका कर प्यार से लीं बलैंया
Unnao
Updated Fri, 16 Nov 2012 12:00 PM IST
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उन्नाव। जिले में भाई-दूज का पर्व परंपरागत उल्लास और भावनात्मक माहौल में मनाया गया। इसी के साथ धनतेरस से चल रहा पांच दिवसीय दीपोत्सव पर्व का समापन हो गया। भाई-दूज पर बहनों ने भाइयों को टीका कर उनकी लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना की। बदले में भाइयों ने अपनी बहनों के चरण छूकर उनसे आशीष लिया। भाइयों से रुपए और उपहार पाकर बहनों के चेहरे खुशी से खिल उठे ।
गुरुवार को भाईदूज के पर्व पर सबसे पहले घरों में विधिविधान से पूजन- अर्चन किया गया। ग्रामीण इलाकों में बेर की टहनियां लाकर उनकी घरों में पूजा की गईं। इसके बाद बहनों ने भाइयों के माथे पर हल्दी, चूना व कुमकुम का टीका किया। फिर मिठाई खिलाई। इसके बाद भाइयों ने बहनों के पैर छूकर उन्हें उपहार दिया। किसी ने बहनों को नगद दक्षिणा दी तो किसी ने खास गिफ्ट। ज्यादातर विवाहित महिलाओं ने अपने मायके जाकर भाइयोें को रोचना किया। भाइयों ने बहनों को अपनी सामर्थ्य के अनुसार कुछ न कुछ दिया। दीपावली की तरह भाई-दूज पर शाम से फिर शुरू हुआ आतिशबाजी का सिलसिला रात तक चलता रहा।
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गुरुवार को भाईदूज के पर्व पर सबसे पहले घरों में विधिविधान से पूजन- अर्चन किया गया। ग्रामीण इलाकों में बेर की टहनियां लाकर उनकी घरों में पूजा की गईं। इसके बाद बहनों ने भाइयों के माथे पर हल्दी, चूना व कुमकुम का टीका किया। फिर मिठाई खिलाई। इसके बाद भाइयों ने बहनों के पैर छूकर उन्हें उपहार दिया। किसी ने बहनों को नगद दक्षिणा दी तो किसी ने खास गिफ्ट। ज्यादातर विवाहित महिलाओं ने अपने मायके जाकर भाइयोें को रोचना किया। भाइयों ने बहनों को अपनी सामर्थ्य के अनुसार कुछ न कुछ दिया। दीपावली की तरह भाई-दूज पर शाम से फिर शुरू हुआ आतिशबाजी का सिलसिला रात तक चलता रहा।
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