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विजय नारायण हत्याकांड : मुख्य आरोपी मुठभेड़ में गोली लगने से घायल
Wed, 10 Apr 2024 12:04 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Wed, 10 Apr 2024 12:04 AM IST
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दूबेपुर (सुल्तानपुर)। शहर के दरियापुर स्थित एक होटल में रविवार की रात चिकित्सक हत्याकांड के सह आरोपी विजय नारायण की गोली मारकर हत्या करने के मुख्य आरोपी शूटर की कोतवाली पुलिस से मंगलवार की भोर दूबेपुर के पास मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में पुलिस की गोली आरोपी के पैर में लगी, जिससे वह घायल हो गया। उसके पास से एक पिस्टल व बिना नंबर की बाइक मिली है। घायल आरोपी को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।
शहर के दरियापुर स्थित एक होटल में रविवार की रात चिकित्सक डॉ. घनश्याम तिवारी हत्याकांड का सह आरोपी विजय नारायण सिंह अपने दोस्तों के साथ पार्टी कर होटल के बाहर खड़ा था। इसी दौरान उसे अजय सिंह निवासी लोढ़वा हरिनाथपुर थाना महरुआ जिला अंबेडकरनगर ने पिस्टल से गोली मार दी थी। इससे विजय नारायण की मौत हो गई थी। जबकि उसका साथी अनुज शर्मा गोली लगने से घायल हो गया था। उसका लखनऊ में इलाज चल रहा है। सोमवार को विजय नारायण के बड़े भाई सतीश नारायण की तहरीर पर मुख्य आरोपी अजय सिंह, दीपक मिश्र, जयंत मिश्र, चिकित्सक की पत्नी निशा तिवारी, डॉ. घनश्याम तिवारी के दो भाई व विनय तिवारी के खिलाफ केस दर्ज किया गया।
पुलिस अधीक्षक ने हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित की थीं। मंगलवार की भोेर करीब ढाई बजे कोतवाली पुलिस को पता चला कि मुख्य आरोपी अजय सिंह लखनऊ भागने की फिराक में दूबेपुर के पास खड़ा है। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने बंधुआकला पुलिस की टीम के साथ मिलकर दुबेपुर के पास घेराबंदी की। इसके कुछ ही देर बाद आरोपी बताए गए स्थान पर पुलिस को बाइक से आता दिखा।
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पुलिस को देखते ही उसने पिस्टल से फायरिंग कर दी। जवाब में पुलिस टीम ने भी फायरिंग की। इसमें अजय सिंह के दाहिने पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। उसके पास से बिना नंबर की बाइक व एक पिस्टल बरामद हुई है। अपर पुलिस अधीक्षक अरुण चंद्र ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। बताया गया कि दूबेपुर के तिराहे के पास जिस स्थान पर मुठभेड़ हुई, वहां पिस्टल से पांच गोलियां चलाई गई थीं। वहीं पुलिस की ओर से तीन राउंड फायरिंग की गई थी। इसमें एक गोेली बदमाश के पैर में लगी।
महज 25 सेंकेंड कर दी गई विजय नारायण की हत्या
चिकित्सक हत्याकांड के सह आरोपी की हत्या करने वाला आरोपी काफी प्रोफेशनल था। रविवार की रात दरियापुर में हुई विजय नारायण की हत्या का सीसीटीवी फुटेज मंगलवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुुआ। इस वीडियो में 25 सेकेंड के भीतर आरोपी ने हत्या की वारदात को अंजाम दिया। वीडियो में दिख रहा है कि आरोपी शास्त्रीनगर की गली से आराम से आकर अपनी बाइक कार के सामने खड़ी करता है। पिस्टल लोड कर बेखौफ बदमाश आराम से जाकर विजय नारायण सिंह को गोली मार देता है। गोली लगने के बाद गिरे विजय नारायण से उसकी हल्की हाथापाई भी होते दिख रही है। इसके बाद गोली मारकर वह बाइक पर सवार होकर निकल जाता है।
वादी ने विवेचना ट्रांसफर करने की उठाई मांग
मृतक विजय नारायण के बड़े भाई वादी सतीश नारायण ने मंगलवार को एसपी को शिकायती पत्र देकर विवेचना ट्रांसफर करने की मांग की है। उनका आरोप है कि विवेचक प्रभारी निरीक्षक कोतवाली नगर श्रीराम पांडेय अभियुक्त के अनुचित प्रभाव में हैं। एक अन्य आरोपी जयंत मिश्र निवासी पांचोपीरन पेशे से अधिवक्ता हैं। वह रोजाना कोतवाली नगर में प्रभारी निरीक्षक के साथ उठते-बैठते हैं। इसलिए निष्पक्ष विवेचना की उम्मीद नहीं है। उन्होंने विवेचना नगर कोतवाल से स्थानांतरित करके किसी अन्य थाने के सक्षम अधिकारी से कराने की मांग की है।
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शहर के दरियापुर स्थित एक होटल में रविवार की रात चिकित्सक डॉ. घनश्याम तिवारी हत्याकांड का सह आरोपी विजय नारायण सिंह अपने दोस्तों के साथ पार्टी कर होटल के बाहर खड़ा था। इसी दौरान उसे अजय सिंह निवासी लोढ़वा हरिनाथपुर थाना महरुआ जिला अंबेडकरनगर ने पिस्टल से गोली मार दी थी। इससे विजय नारायण की मौत हो गई थी। जबकि उसका साथी अनुज शर्मा गोली लगने से घायल हो गया था। उसका लखनऊ में इलाज चल रहा है। सोमवार को विजय नारायण के बड़े भाई सतीश नारायण की तहरीर पर मुख्य आरोपी अजय सिंह, दीपक मिश्र, जयंत मिश्र, चिकित्सक की पत्नी निशा तिवारी, डॉ. घनश्याम तिवारी के दो भाई व विनय तिवारी के खिलाफ केस दर्ज किया गया।
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पुलिस अधीक्षक ने हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित की थीं। मंगलवार की भोेर करीब ढाई बजे कोतवाली पुलिस को पता चला कि मुख्य आरोपी अजय सिंह लखनऊ भागने की फिराक में दूबेपुर के पास खड़ा है। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने बंधुआकला पुलिस की टीम के साथ मिलकर दुबेपुर के पास घेराबंदी की। इसके कुछ ही देर बाद आरोपी बताए गए स्थान पर पुलिस को बाइक से आता दिखा।
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पुलिस को देखते ही उसने पिस्टल से फायरिंग कर दी। जवाब में पुलिस टीम ने भी फायरिंग की। इसमें अजय सिंह के दाहिने पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। उसके पास से बिना नंबर की बाइक व एक पिस्टल बरामद हुई है। अपर पुलिस अधीक्षक अरुण चंद्र ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। बताया गया कि दूबेपुर के तिराहे के पास जिस स्थान पर मुठभेड़ हुई, वहां पिस्टल से पांच गोलियां चलाई गई थीं। वहीं पुलिस की ओर से तीन राउंड फायरिंग की गई थी। इसमें एक गोेली बदमाश के पैर में लगी।
महज 25 सेंकेंड कर दी गई विजय नारायण की हत्या
चिकित्सक हत्याकांड के सह आरोपी की हत्या करने वाला आरोपी काफी प्रोफेशनल था। रविवार की रात दरियापुर में हुई विजय नारायण की हत्या का सीसीटीवी फुटेज मंगलवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुुआ। इस वीडियो में 25 सेकेंड के भीतर आरोपी ने हत्या की वारदात को अंजाम दिया। वीडियो में दिख रहा है कि आरोपी शास्त्रीनगर की गली से आराम से आकर अपनी बाइक कार के सामने खड़ी करता है। पिस्टल लोड कर बेखौफ बदमाश आराम से जाकर विजय नारायण सिंह को गोली मार देता है। गोली लगने के बाद गिरे विजय नारायण से उसकी हल्की हाथापाई भी होते दिख रही है। इसके बाद गोली मारकर वह बाइक पर सवार होकर निकल जाता है।
वादी ने विवेचना ट्रांसफर करने की उठाई मांग
मृतक विजय नारायण के बड़े भाई वादी सतीश नारायण ने मंगलवार को एसपी को शिकायती पत्र देकर विवेचना ट्रांसफर करने की मांग की है। उनका आरोप है कि विवेचक प्रभारी निरीक्षक कोतवाली नगर श्रीराम पांडेय अभियुक्त के अनुचित प्रभाव में हैं। एक अन्य आरोपी जयंत मिश्र निवासी पांचोपीरन पेशे से अधिवक्ता हैं। वह रोजाना कोतवाली नगर में प्रभारी निरीक्षक के साथ उठते-बैठते हैं। इसलिए निष्पक्ष विवेचना की उम्मीद नहीं है। उन्होंने विवेचना नगर कोतवाल से स्थानांतरित करके किसी अन्य थाने के सक्षम अधिकारी से कराने की मांग की है।