{"_id":"60ba58c68ebc3eb4e76c9293","slug":"opd-services-started-in-hospitals-sultanpur-news-lko5809771160","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओपीडी में इलाज से मरीजों को मिली राहत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ओपीडी में इलाज से मरीजों को मिली राहत
विज्ञापन
सुल्तानपुर। कोरोना कर्फ्यू के दौरान मुख्यालय से लेकर ग्रामीण अंचल तक के सरकारी अस्पतालों की ओपीडी बंद होने से परेशान मरीजों को शुक्रवार को कुछ राहत मिली।
जिला अस्पताल और 14 सीएचसी पर 50 फीसदी स्टाफ के साथ शुक्रवार को चिकित्सकों ने मरीजों को देखा। उपचार मिलने से मरीजों ने राहत की सांस ली। चिकित्सकों ने भी ओपीडी में पहुंचने वाले मरीजों को प्रोटोकाल के तहत देखा।
हालांकि ओपीडी के पहले दिन स्वास्थ्य केंद्रों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम मरीज ही पहुंचे। जिला अस्पताल में शुक्रवार को आठ सौ मरीजों का रजिस्ट्रेशन किया गया।
विज्ञापन
ओपीडी में डॉ. एएन गुप्ता, डॉ. पंकज पांडेय व अन्य चिकित्सकों ने मरीजों को देखा। सीएमएस डॉ. एससी कौशल ने ओपीडी में लोगों से मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील की।
उपचार मिलने से मरीजों को राहत
सुल्तानपुर। भाईं सराय से शुक्रवार को जिला अस्पताल में चिकित्सक को दिखाने पहुंची रघुराजी ने कहा कि उसके पेट में दर्द है। ओपीडी में चिकित्सक ने उन्हें देखा और दवाएं लिखीं। दवा अस्पताल से मिली है।
भदैंया बसंतपुर निवासी राजदेव सिंह भी जिला अस्पताल पहुंचे थे। उन्हें पेशाब में तकलीफ थी। ओपीडी शुरू होने से अब वे ठीक से अपना इलाज करा सकते हैं।
सीएचसी में भी चिकित्सकों ने देखे 70 मरीज
जिले के सीएचसी में ओपीडी शुरू होने से मरीजों और उनके तीमारदारों ने राहत की सांस ली। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रतापपुर कमैचा में शुक्रवार को मरीजों की तादाद कम रही। दिव्यांग फूल कुमार दुबे ने ओपीडी चालू होने पर अस्पताल पहुंच कर अपना इलाज कराया।
आरती, प्रेमलता, स्नेह, राम बाली ओपीडी खुलने से खुश दिखे। डॉ. आरएन सिंह ने बताया कि यहां औसतन चार सौ से ज्यादा मरीज देखे जाते रहे हैं। पहले दिन कम मरीज आए। कादीपुर सीएचसी में ओपीडी खुलने पर 64 मरीज उपचार के लिए पहुंचे।
दोस्तपुर सीएचसी में चिकित्सकों ने कोविड-19 की जांच कराकर 40 मरीजों को देखा। क्षेत्र के बखरा जलालपुर निवासी शिवपूजन अपनी पत्नी अमृता को दिखाने पहुंचे थे। ओपीडी के पहले दिन मरीजों की संख्या कम रही।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोतिगरपुर में पहले दिन चिकित्सक डॉ. जेपी वर्मा समेत कई चिकित्सकों ने ओपीडी में बैठकर 27 मरीजों को देखा। इस दौरान मरीजों को मास्क पहनने पर ही ओपीडी में एंट्री दी गई।
लंभुआ सीएचसी पर ओपीडी में चिकित्सक डॉ. अविनाश गुप्ता, डॉ. प्रभात सिंह, डॉ. रामकरन वर्मा ने ओपीडी में 103 मरीजों को देखा और उन्हें दवाएं दी। ओपीडी में दिखाने पहुंचे ज्यादातर मरीज बुखार और सर्दी से परेशान थे।
विज्ञापन
जिला अस्पताल और 14 सीएचसी पर 50 फीसदी स्टाफ के साथ शुक्रवार को चिकित्सकों ने मरीजों को देखा। उपचार मिलने से मरीजों ने राहत की सांस ली। चिकित्सकों ने भी ओपीडी में पहुंचने वाले मरीजों को प्रोटोकाल के तहत देखा।
विज्ञापन
हालांकि ओपीडी के पहले दिन स्वास्थ्य केंद्रों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम मरीज ही पहुंचे। जिला अस्पताल में शुक्रवार को आठ सौ मरीजों का रजिस्ट्रेशन किया गया।
विज्ञापन
ओपीडी में डॉ. एएन गुप्ता, डॉ. पंकज पांडेय व अन्य चिकित्सकों ने मरीजों को देखा। सीएमएस डॉ. एससी कौशल ने ओपीडी में लोगों से मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील की।
उपचार मिलने से मरीजों को राहत
सुल्तानपुर। भाईं सराय से शुक्रवार को जिला अस्पताल में चिकित्सक को दिखाने पहुंची रघुराजी ने कहा कि उसके पेट में दर्द है। ओपीडी में चिकित्सक ने उन्हें देखा और दवाएं लिखीं। दवा अस्पताल से मिली है।
भदैंया बसंतपुर निवासी राजदेव सिंह भी जिला अस्पताल पहुंचे थे। उन्हें पेशाब में तकलीफ थी। ओपीडी शुरू होने से अब वे ठीक से अपना इलाज करा सकते हैं।
सीएचसी में भी चिकित्सकों ने देखे 70 मरीज
जिले के सीएचसी में ओपीडी शुरू होने से मरीजों और उनके तीमारदारों ने राहत की सांस ली। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रतापपुर कमैचा में शुक्रवार को मरीजों की तादाद कम रही। दिव्यांग फूल कुमार दुबे ने ओपीडी चालू होने पर अस्पताल पहुंच कर अपना इलाज कराया।
आरती, प्रेमलता, स्नेह, राम बाली ओपीडी खुलने से खुश दिखे। डॉ. आरएन सिंह ने बताया कि यहां औसतन चार सौ से ज्यादा मरीज देखे जाते रहे हैं। पहले दिन कम मरीज आए। कादीपुर सीएचसी में ओपीडी खुलने पर 64 मरीज उपचार के लिए पहुंचे।
दोस्तपुर सीएचसी में चिकित्सकों ने कोविड-19 की जांच कराकर 40 मरीजों को देखा। क्षेत्र के बखरा जलालपुर निवासी शिवपूजन अपनी पत्नी अमृता को दिखाने पहुंचे थे। ओपीडी के पहले दिन मरीजों की संख्या कम रही।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोतिगरपुर में पहले दिन चिकित्सक डॉ. जेपी वर्मा समेत कई चिकित्सकों ने ओपीडी में बैठकर 27 मरीजों को देखा। इस दौरान मरीजों को मास्क पहनने पर ही ओपीडी में एंट्री दी गई।
लंभुआ सीएचसी पर ओपीडी में चिकित्सक डॉ. अविनाश गुप्ता, डॉ. प्रभात सिंह, डॉ. रामकरन वर्मा ने ओपीडी में 103 मरीजों को देखा और उन्हें दवाएं दी। ओपीडी में दिखाने पहुंचे ज्यादातर मरीज बुखार और सर्दी से परेशान थे।