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चार निकाय क्षेत्रों में बनेंगे कूड़ा डंपिंग ग्राउंड
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गौरीगंज। शहरी क्षेत्र की सूरत बिगाड़ने वाला कूड़ा अब सड़क किनारे नहीं बल्कि डंपिंग ग्राउंड में एकत्र होगा। शासन के निर्देश पर जिला प्रशासन ने जिले के चार नगरीय क्षेत्र में से तीन में एक-एक एकड़ भूमि चिह्नित कर उसका पुनर्ग्रहण भी कर लिया है।
भूमि का पुनर्ग्रहण होने के बाद डीएम ने सभी ईओ को चिह्नित भूमि पर कूड़ा डंप करने का आदेश दिया है।
जिले के चार नगरीय निकाय क्षेत्र (नगर पालिका परिषद गौरीगंज व जायस तथा नगर पंचायत अमेठी व मुसाफिरखाना) में मकान, दुकान और सरकारी कार्यालयों से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में निकलने वाला कूड़ा सड़क पर फेंक दिया जाता है।
नगर पालिका गौरीगंज में सफाई कर्मी इस कूड़े को एकत्र कर शहर की प्रमुख सड़कों विशेषकर टांडा-बांदा हाईवे पर लोदी बाबा धाम के निकट दोनों किनारों पर डाल देते हैं। सड़कों के किनारे बड़ी मात्रा में फेंका जाने वाला यह कूड़ा न सिर्फ शहर की सूरत बिगाड़ता रहता है बल्कि केंद्र व प्रदेश सरकार के स्वच्छता अभियान की धज्जियां भी उड़ा रहा है।
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इसके चलते शहरी संक्रामक बीमारी का शिकार भी होते रहते हैं। लोगों की मांग पर नगर विकास विभाग ने जिला प्रशासन को पत्र भेजकर जिला मुख्यालय की नगर पालिका परिषद के साथ नगर पालिका परिषद जायस और नगर पंचायत मुसाफिरखाना व अमेठी में डंपिंग ग्राउंड के लिए निशुल्क भूमि चिह्नित करने का निर्देश दिया था।
नगर विकास विभाग के पत्र पर जिला प्रशासन ने तीन नगरीय निकाय क्षेत्र (मुसाफिरखना को छोड़कर) में एक-एक एकड़ सरकारी भूमि चिह्नित करते हुए उसका पुनर्ग्रहण कर कूड़ा डंपिंग ग्राउंड बनाने की सहमति दी है। भूमि चिह्नित होने के बाद डीएम डॉ. राम मनोहर मिश्र ने सभी अधिशाषी अधिकारी को चिह्नित भूमि पर कूड़ा डंप कराने का आदेश दिया है।
जिला प्रशासन की ओर से भूमि चिह्नित होने के बाद निकाय क्षेत्रों ने अनुमानित आगणन के आधार पर नगर विकास विभाग से धना आवंटन की मांग की है। धनावंटन के बाद चिह्नित भूमि पर बाउंड्री वॉल समेत अन्य सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
जिला प्रशासन ने नगर पालिका परिषद गौरीगंज के लिए पचेहरी, नगर पालिका जायस के लिए बहादुरपुर दाखिली, अमेठी नगर पंचायत के लिए पीठीपुर में जमीन चिह्नित कर उसका पुनर्ग्रहण कर लिया है। मुसाफिरखाना नगर पंचायत में डंपिंग ग्राउंड के लिए भूमि चिह्नित करने की कवायद अभी पूरी नहीं हो सकी है।
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भूमि का पुनर्ग्रहण होने के बाद डीएम ने सभी ईओ को चिह्नित भूमि पर कूड़ा डंप करने का आदेश दिया है।
जिले के चार नगरीय निकाय क्षेत्र (नगर पालिका परिषद गौरीगंज व जायस तथा नगर पंचायत अमेठी व मुसाफिरखाना) में मकान, दुकान और सरकारी कार्यालयों से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में निकलने वाला कूड़ा सड़क पर फेंक दिया जाता है।
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नगर पालिका गौरीगंज में सफाई कर्मी इस कूड़े को एकत्र कर शहर की प्रमुख सड़कों विशेषकर टांडा-बांदा हाईवे पर लोदी बाबा धाम के निकट दोनों किनारों पर डाल देते हैं। सड़कों के किनारे बड़ी मात्रा में फेंका जाने वाला यह कूड़ा न सिर्फ शहर की सूरत बिगाड़ता रहता है बल्कि केंद्र व प्रदेश सरकार के स्वच्छता अभियान की धज्जियां भी उड़ा रहा है।
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इसके चलते शहरी संक्रामक बीमारी का शिकार भी होते रहते हैं। लोगों की मांग पर नगर विकास विभाग ने जिला प्रशासन को पत्र भेजकर जिला मुख्यालय की नगर पालिका परिषद के साथ नगर पालिका परिषद जायस और नगर पंचायत मुसाफिरखाना व अमेठी में डंपिंग ग्राउंड के लिए निशुल्क भूमि चिह्नित करने का निर्देश दिया था।
नगर विकास विभाग के पत्र पर जिला प्रशासन ने तीन नगरीय निकाय क्षेत्र (मुसाफिरखना को छोड़कर) में एक-एक एकड़ सरकारी भूमि चिह्नित करते हुए उसका पुनर्ग्रहण कर कूड़ा डंपिंग ग्राउंड बनाने की सहमति दी है। भूमि चिह्नित होने के बाद डीएम डॉ. राम मनोहर मिश्र ने सभी अधिशाषी अधिकारी को चिह्नित भूमि पर कूड़ा डंप कराने का आदेश दिया है।
जिला प्रशासन की ओर से भूमि चिह्नित होने के बाद निकाय क्षेत्रों ने अनुमानित आगणन के आधार पर नगर विकास विभाग से धना आवंटन की मांग की है। धनावंटन के बाद चिह्नित भूमि पर बाउंड्री वॉल समेत अन्य सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
जिला प्रशासन ने नगर पालिका परिषद गौरीगंज के लिए पचेहरी, नगर पालिका जायस के लिए बहादुरपुर दाखिली, अमेठी नगर पंचायत के लिए पीठीपुर में जमीन चिह्नित कर उसका पुनर्ग्रहण कर लिया है। मुसाफिरखाना नगर पंचायत में डंपिंग ग्राउंड के लिए भूमि चिह्नित करने की कवायद अभी पूरी नहीं हो सकी है।