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Sultanpur News: कोर्ट के आदेश पर चार के खिलाफ मुकदमा दर्ज
Fri, 01 Sep 2023 11:56 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Fri, 01 Sep 2023 11:56 PM IST
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सुल्तानपुर। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के आदेश पर कोतवाली नगर पुलिस ने मृतक को जीवित दिखाकर संपत्ति का इकरारनामा कराने के मामले में चार लोगों को खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है।
बंधुआकलां थाना क्षेत्र के मझना मठड़या निवासी गुलशन ने सीजेएम की अदालत में याचिका दायर की थी। आरोप लगाया था कि उसके दादा राम नरायन की मृत्यु 11 जनवरी 2017 को स्वाभाविक रूप से घर पर हुई थी। दादा की मृत्यु के बाद मृत्यु प्रमाणपत्र के लिए उसने आवेदन किया था। तीन जनवरी 2019 को सक्षम अधिकारी ने मृत्यु प्रमाणपत्र भी जारी कर दिया।
दादा की मृत्यु के बाद 17 अक्तूबर 2017 को प्रार्थी उसकी सगी बुआ आशा देवी निवासिनी टिकरिया पूरे हयात उल्ला थाना बंधुआकला, सुनीता निवासी पूरे पुरई, मजरे मझना थाना बंधुआकला, हितलाल निवासी ग्राम शीतल पांडेय का पुरवा मजरे मझना, थाना बंधुआकला व दस्तावेज लेखक से सांठ-गांठ करके राम नरायन के स्थान पर किसी अन्य व्यक्ति को खड़ा करके उसका निशानी अंगूठा बनवाकर सुनीता के पक्ष में इकरारनामा करवा लिया जो सब रजिस्ट्रार कार्यालय सदर में दर्ज हो गया है।
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इसकी शिकायत कोतवाली में की गई लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सपना त्रिपाठी के आदेश पर कोतवाली नगर पुलिस ने सुनीता, आशा देवी समेत चार लोगों को खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
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बंधुआकलां थाना क्षेत्र के मझना मठड़या निवासी गुलशन ने सीजेएम की अदालत में याचिका दायर की थी। आरोप लगाया था कि उसके दादा राम नरायन की मृत्यु 11 जनवरी 2017 को स्वाभाविक रूप से घर पर हुई थी। दादा की मृत्यु के बाद मृत्यु प्रमाणपत्र के लिए उसने आवेदन किया था। तीन जनवरी 2019 को सक्षम अधिकारी ने मृत्यु प्रमाणपत्र भी जारी कर दिया।
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दादा की मृत्यु के बाद 17 अक्तूबर 2017 को प्रार्थी उसकी सगी बुआ आशा देवी निवासिनी टिकरिया पूरे हयात उल्ला थाना बंधुआकला, सुनीता निवासी पूरे पुरई, मजरे मझना थाना बंधुआकला, हितलाल निवासी ग्राम शीतल पांडेय का पुरवा मजरे मझना, थाना बंधुआकला व दस्तावेज लेखक से सांठ-गांठ करके राम नरायन के स्थान पर किसी अन्य व्यक्ति को खड़ा करके उसका निशानी अंगूठा बनवाकर सुनीता के पक्ष में इकरारनामा करवा लिया जो सब रजिस्ट्रार कार्यालय सदर में दर्ज हो गया है।
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इसकी शिकायत कोतवाली में की गई लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सपना त्रिपाठी के आदेश पर कोतवाली नगर पुलिस ने सुनीता, आशा देवी समेत चार लोगों को खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।