{"_id":"5cd99c66bdec220729255dbe","slug":"61557765222-sultanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक एकड़ में 20 तरह के आम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक एकड़ में 20 तरह के आम
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक एकड़ में आम की 20 प्रजातियों के फल
सुल्तानपुर। आम को सभी फलों का राजा कहा जाता है। क्षेत्र के गोपालपुर गांव निवासी विजय तिवारी ने आम के इस शौक को पूरा कर दिखाया है। उन्होंने एक एकड़ में 20 प्रजाति के आम की बागवानी की है।
पिछले 10 साल से वे अपने बगीचे के आम का स्वाद ले रहे हैं। उनके बगीचे में एक मल्लिका नामक आम की प्रजाति है। इस प्रजाति के आम की सबसे खास बात यह है कि इसमें नवंबर और दिसंबर में फल आता है।
साथ ही दूसरी तरफ भी बौर लगने शुरू हो जाते हैं। बागवान विजय अपने बगीचे के आम का व्यवसाय नहीं करते हैं। वे अपने बाग के आम को नात-रिश्तेदार, गांव वाले व मित्रों को बांट देते हैं।
विज्ञापन
स्थानीय विकास खंड क्षेत्र के गोपालपुर गांव में एक एकड़ भूमि में आम की बागवानी विजय तिवारी ने कराई है। गर्मी के मौसम का फल आम है। इसमें लगभग 20 प्रजाति के आम के पेड़ हैं।
सभी आम के पेड़ों में फल भी आते हैं। दशहरी, कलमी, चौसा, लंगड़ा, सफेदा समेत कुल 20 प्रजाति के आम की बागवानी है। इसमें एक प्रजाति मल्लिका आम की है। इस आम के प्रजाति की अलग ही खासियत है।
विजय तिवारी बताते हैं कि इस प्रजाति में नवंबर से दिसंबर माह तक फल आता रहता है। फल की तुड़ाई होने के बाद दूसरी तरफ नए बौर भी आने शुरू हो जाते हैं। अन्य आम के फलों की अपेक्षा इस मल्लिका आम का स्वाद ही निराला है।
करीब 10 साल से इस एकड़ भूमि में आम के फल का स्वाद विजय के घरवाले ले रहे हैं। बताया कि एकाएक उन्हें बागवानी का शौक लग गया और इसे पूरा करने में काफी मेहनत भी करनी पड़ी।
वे आम के फलों की बिक्री नहीं करते हैं। सीजन में फल आने के बाद रिश्तेदार व गांव के लोगों में बांट देते हैं। घर पर आने वाले लोगों को अपनी बागवानी जरूर दिखाते हैं।
विज्ञापन
सुल्तानपुर। आम को सभी फलों का राजा कहा जाता है। क्षेत्र के गोपालपुर गांव निवासी विजय तिवारी ने आम के इस शौक को पूरा कर दिखाया है। उन्होंने एक एकड़ में 20 प्रजाति के आम की बागवानी की है।
पिछले 10 साल से वे अपने बगीचे के आम का स्वाद ले रहे हैं। उनके बगीचे में एक मल्लिका नामक आम की प्रजाति है। इस प्रजाति के आम की सबसे खास बात यह है कि इसमें नवंबर और दिसंबर में फल आता है।
विज्ञापन
साथ ही दूसरी तरफ भी बौर लगने शुरू हो जाते हैं। बागवान विजय अपने बगीचे के आम का व्यवसाय नहीं करते हैं। वे अपने बाग के आम को नात-रिश्तेदार, गांव वाले व मित्रों को बांट देते हैं।
विज्ञापन
स्थानीय विकास खंड क्षेत्र के गोपालपुर गांव में एक एकड़ भूमि में आम की बागवानी विजय तिवारी ने कराई है। गर्मी के मौसम का फल आम है। इसमें लगभग 20 प्रजाति के आम के पेड़ हैं।
सभी आम के पेड़ों में फल भी आते हैं। दशहरी, कलमी, चौसा, लंगड़ा, सफेदा समेत कुल 20 प्रजाति के आम की बागवानी है। इसमें एक प्रजाति मल्लिका आम की है। इस आम के प्रजाति की अलग ही खासियत है।
विजय तिवारी बताते हैं कि इस प्रजाति में नवंबर से दिसंबर माह तक फल आता रहता है। फल की तुड़ाई होने के बाद दूसरी तरफ नए बौर भी आने शुरू हो जाते हैं। अन्य आम के फलों की अपेक्षा इस मल्लिका आम का स्वाद ही निराला है।
करीब 10 साल से इस एकड़ भूमि में आम के फल का स्वाद विजय के घरवाले ले रहे हैं। बताया कि एकाएक उन्हें बागवानी का शौक लग गया और इसे पूरा करने में काफी मेहनत भी करनी पड़ी।
वे आम के फलों की बिक्री नहीं करते हैं। सीजन में फल आने के बाद रिश्तेदार व गांव के लोगों में बांट देते हैं। घर पर आने वाले लोगों को अपनी बागवानी जरूर दिखाते हैं।