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डीएम ने किया बल्दीराय सीएचसी का निरीक्षण
Updated Wed, 07 Mar 2018 12:04 AM IST
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मरीजों को बाहर से खिली दवा, स्टाफ नर्स गैरहाजिर
सुल्तानपुर। जिले के सरकारी अस्पतालों में उपचार व्यवस्था की हकीकत जानने के लिए डीएम मंगलवार सुबह बल्दीराय सीएचसी जा पहुंचीं। निरीक्षण के दौरान स्टाफ नर्स गैरहाजिर मिली। मरीज को बाहर से दवा लाने के लिए लिखी गई पर्ची मिली। कई प्रसूताओं के परिवारीजनों ने डीएम को अपने बीच पाकर जननी सुरक्षा के भुगतान की सच्चाई बताई।
डीएम ने प्रभारी चिकित्साधिकारी को स्टाफ नर्स का स्पष्टीकरण मांगते हुए एक दिन का वेतन काटने का आदेश दिया। दवा बाहर से लिखने वाले चिकित्सक से भी जवाब तलब किया। डीएम ने सीएचसी पर मौजूद मरीजों और उनके तीमारदारों से चिकित्सालय से मिल रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। सीएचसी पहुंची अजीतुल निशा और आशा ने डीएम को पर्चा दिखाते हुए कहा कि उन्हें बाहर से दवा लिखी गई है।
डीएम ने जांच की तो पता चला कि डॉ. राजेश कुमार ने बाहर से दवा लेने का पर्चा लिखा था। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ डॉ. चंद्रभूषण नाथ त्रिपाठी को आदेश दिया कि वे प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश कुमार का स्पष्टीकरण प्राप्त करें कि उन्होंने किन परिस्थितियों में मरीजों को बाहर की दवाएं लिखी। निरीक्षण के दौरान डीएम ने गर्भवती गया देवी और सीमा विश्वकर्मा से सुविधाओं के बारे में जानकारी ली।
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इस दौरान एक तीमारदार ने डीएम को बताया कि पूजा कनौजिया की 22 सितंबर को डिलीवरी हुई थी, लेकिन अभी तक जननी सुरक्षा योजना का पैसा नहीं मिला है। यह सुनते ही डीएम ने सीएमओ से पूछताछ की। सीएमओ ने डीएम को बताया कि पूजा की फीडिंग हो चुकी है। जल्द ही उनके खाते में पैसा भेज दिया जाएगा।
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सुल्तानपुर। जिले के सरकारी अस्पतालों में उपचार व्यवस्था की हकीकत जानने के लिए डीएम मंगलवार सुबह बल्दीराय सीएचसी जा पहुंचीं। निरीक्षण के दौरान स्टाफ नर्स गैरहाजिर मिली। मरीज को बाहर से दवा लाने के लिए लिखी गई पर्ची मिली। कई प्रसूताओं के परिवारीजनों ने डीएम को अपने बीच पाकर जननी सुरक्षा के भुगतान की सच्चाई बताई।
डीएम ने प्रभारी चिकित्साधिकारी को स्टाफ नर्स का स्पष्टीकरण मांगते हुए एक दिन का वेतन काटने का आदेश दिया। दवा बाहर से लिखने वाले चिकित्सक से भी जवाब तलब किया। डीएम ने सीएचसी पर मौजूद मरीजों और उनके तीमारदारों से चिकित्सालय से मिल रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। सीएचसी पहुंची अजीतुल निशा और आशा ने डीएम को पर्चा दिखाते हुए कहा कि उन्हें बाहर से दवा लिखी गई है।
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डीएम ने जांच की तो पता चला कि डॉ. राजेश कुमार ने बाहर से दवा लेने का पर्चा लिखा था। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ डॉ. चंद्रभूषण नाथ त्रिपाठी को आदेश दिया कि वे प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश कुमार का स्पष्टीकरण प्राप्त करें कि उन्होंने किन परिस्थितियों में मरीजों को बाहर की दवाएं लिखी। निरीक्षण के दौरान डीएम ने गर्भवती गया देवी और सीमा विश्वकर्मा से सुविधाओं के बारे में जानकारी ली।
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इस दौरान एक तीमारदार ने डीएम को बताया कि पूजा कनौजिया की 22 सितंबर को डिलीवरी हुई थी, लेकिन अभी तक जननी सुरक्षा योजना का पैसा नहीं मिला है। यह सुनते ही डीएम ने सीएमओ से पूछताछ की। सीएमओ ने डीएम को बताया कि पूजा की फीडिंग हो चुकी है। जल्द ही उनके खाते में पैसा भेज दिया जाएगा।