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Sultanpur News: 1.02 करोड़ खर्च, नौ साल में नल से नहीं टपका एक बूंद भी पानी
Fri, 15 Mar 2024 01:51 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Fri, 15 Mar 2024 01:51 AM IST
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भदैंया (सुलतानपुर)। ग्राम समूह पेयजल योजना के तहत नौ साल पहले बने पानी की ओवरहेड टैंक से चार पुरवे और एक पंचायत के लोगों को शुद्ध पेयजल की दरकार है। लेकिन 1.02 करोड़ की इस टंकी से आज तक पानी की एक बूंद भी नहीं टपकी है। जिले के आला अफसर इस घालमेल से आंखें चुराए बैठे हैं।
ग्राम समूह पेयजल योजना के तहत साल 2015 में जल निगम ने गोपालपुर ग्राम पंचायत के गोसाईं बाबा मंदिर के निकट पानी की टंकी बनी थी। इससे सांसापुर, गोपालपुर, अभियाखुर्द, दलित बस्ती और उत्तर टोला समेत पांच पुरवे में पाइपलाइन बिछानी थी। लेकिन जल निगम के इंजीनियरों ने अभियाखुर्द में आधे गांव में ही पाइपलाइन बिछाकर टंकी को चालू दिखा दिया। आधी अधूरी पाइपलाइन से छह महीने में ही सांसापुर और गोपालपुर की पाइपलाइन भी ध्वस्त हो गई। जल निगम ने पुरवों के बीच रेलवे लाइन का अवरोध बताकर हाथ खड़े कर लिए। ग्रामीणों ने सालभर पहले इसकी शिकायत तत्कालीन सीडीओ अतुल वत्स व जिलाधिकारी से की थी। लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा और चार हजार की आबादी साफ पानी को तरस रही है।
योजना बनते समय कहां गई थी रेलवे लाइन
पाइप लाइन न बिछने के पीछे जल निगम के इंजीनियर रेलवे लाइन का जो तर्क दे रहे हैं, वह बेहद हास्यास्पद है। क्योंकि जब उन्होंने यह योजना तैयार की थी, उस वक्त भी रेलवे लाइन यहीं पर थी। तब उन्होंने एक करोड़ से ज्यादा रकम आखिर क्यों फूंक दी। अभियाखुर्द गांव, प्राथमिक विद्यालय व कालीमाता मंदिर तक पाइप ही नहीं बिछाई जा सकी है।
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अभियाखुर्द की थी योजना, गोपालपुर में हुआ काम
गोपालपुर पंचायत के राजस्व गांव अभियाखुर्द में योजना के तहत पानी की टंकी लगनी थी, लेकिन प्रधान राजीव वर्मा ने इसे अपने गांव गोपालपुर में लगवा लिया। अब अभियाखुर्द और गोपालपुर के बीच दोहरी रेलवे लाइन होने से इसका लाभ अभियाखुर्द को नहीं मिला। प्रधान सुरेश मौर्य ने कहा कि ब्लॉक की खुली बैठक में यह बात उठाई गई थी, लेकिन टंकी का संचालन फिर भी नहीं शुरू हो सका।
ग्रामीणों ने बयां किया दर्द
नौ साल से पानी की टंकी शोपीस बनी हुई है। अधिकारी इसको चालू नहीं करवा सके हैं। -विजय शंकर पांडेय
आधे गांव में ही पाइपलाइन बिछी। इससे रास्ता भी खराब हो गया और पानी भी नहीं मिल रहा है। - अजय पांडेय
हैंडपंप का पानी आर्सेनिक लेड से दूषित है। पानी की टंकी अफसरों की लापरवाही की भेंट चढ़ गई। - मुकेश तिवारी
अधिकारियों की शिकायत के बाद भी टंकी नहीं चालू हुई। हम लोगों को पानी नहीं मिलना गंभीर विषय है। -सत्यराम पांडेय
जल्द होगा टंकी का संचालन
जल्द ही अभियाखुर्द की टंकी का संचालन का कार्य शुरू कराया जाएगा। रेलवे से एनओसी नहीं मिलने से गोपालपुर व सांसापुर की आधी सप्लाई को चालू किया जाएगा।
- सतीश श्रीवास्तव, एडीओ पंचायत भदैंया
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ग्राम समूह पेयजल योजना के तहत साल 2015 में जल निगम ने गोपालपुर ग्राम पंचायत के गोसाईं बाबा मंदिर के निकट पानी की टंकी बनी थी। इससे सांसापुर, गोपालपुर, अभियाखुर्द, दलित बस्ती और उत्तर टोला समेत पांच पुरवे में पाइपलाइन बिछानी थी। लेकिन जल निगम के इंजीनियरों ने अभियाखुर्द में आधे गांव में ही पाइपलाइन बिछाकर टंकी को चालू दिखा दिया। आधी अधूरी पाइपलाइन से छह महीने में ही सांसापुर और गोपालपुर की पाइपलाइन भी ध्वस्त हो गई। जल निगम ने पुरवों के बीच रेलवे लाइन का अवरोध बताकर हाथ खड़े कर लिए। ग्रामीणों ने सालभर पहले इसकी शिकायत तत्कालीन सीडीओ अतुल वत्स व जिलाधिकारी से की थी। लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा और चार हजार की आबादी साफ पानी को तरस रही है।
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योजना बनते समय कहां गई थी रेलवे लाइन
पाइप लाइन न बिछने के पीछे जल निगम के इंजीनियर रेलवे लाइन का जो तर्क दे रहे हैं, वह बेहद हास्यास्पद है। क्योंकि जब उन्होंने यह योजना तैयार की थी, उस वक्त भी रेलवे लाइन यहीं पर थी। तब उन्होंने एक करोड़ से ज्यादा रकम आखिर क्यों फूंक दी। अभियाखुर्द गांव, प्राथमिक विद्यालय व कालीमाता मंदिर तक पाइप ही नहीं बिछाई जा सकी है।
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अभियाखुर्द की थी योजना, गोपालपुर में हुआ काम
गोपालपुर पंचायत के राजस्व गांव अभियाखुर्द में योजना के तहत पानी की टंकी लगनी थी, लेकिन प्रधान राजीव वर्मा ने इसे अपने गांव गोपालपुर में लगवा लिया। अब अभियाखुर्द और गोपालपुर के बीच दोहरी रेलवे लाइन होने से इसका लाभ अभियाखुर्द को नहीं मिला। प्रधान सुरेश मौर्य ने कहा कि ब्लॉक की खुली बैठक में यह बात उठाई गई थी, लेकिन टंकी का संचालन फिर भी नहीं शुरू हो सका।
ग्रामीणों ने बयां किया दर्द
नौ साल से पानी की टंकी शोपीस बनी हुई है। अधिकारी इसको चालू नहीं करवा सके हैं। -विजय शंकर पांडेय
आधे गांव में ही पाइपलाइन बिछी। इससे रास्ता भी खराब हो गया और पानी भी नहीं मिल रहा है। - अजय पांडेय
हैंडपंप का पानी आर्सेनिक लेड से दूषित है। पानी की टंकी अफसरों की लापरवाही की भेंट चढ़ गई। - मुकेश तिवारी
अधिकारियों की शिकायत के बाद भी टंकी नहीं चालू हुई। हम लोगों को पानी नहीं मिलना गंभीर विषय है। -सत्यराम पांडेय
जल्द होगा टंकी का संचालन
जल्द ही अभियाखुर्द की टंकी का संचालन का कार्य शुरू कराया जाएगा। रेलवे से एनओसी नहीं मिलने से गोपालपुर व सांसापुर की आधी सप्लाई को चालू किया जाएगा।
- सतीश श्रीवास्तव, एडीओ पंचायत भदैंया