Mock Drill: रिहंद और ओबरा डैम की बढ़ाई गई सुरक्षा, बिजली घरों की भी निगरानी बढ़ी
रिहंद और ओबरा डैम की सुरक्षा बढ़ाई गई है। दोनों डैम देश में बिजली उत्पादन का सबसे बड़ा स्रोत हैं। वहीं बिजली घरों की भी निगरानी बढ़ाई गई है।
विस्तार
राज्य उत्पादन निगम की ओबरा, अनपरा और एनटीपीसी की रिहंद, सिंगरौली और विंध्याचल परियोजनाओं में सुरक्षा इंतजाम कड़े किए गए हैं।
एशिया के प्रमुख बांधों में शामिल रिहंद पर यूपी और एमपी में स्थापित 20 हजार मेगावाट क्षमता वाली तापीय परियोजनाएं संचालित हैं। यह देश में बिजली उत्पादन का सबसे बड़ा स्रोत है। ओबरा बांध भी इसी से संबंधित है।
दोनों बांधों से जल विद्युत का भी उत्पादन होता है। आपात स्थिति में बांधों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ाई गई है। बांध की सुरक्षा में तैनात केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के जवानों की अतिरिक्त ड्यूटी लगाई गई है।
इसे भी पढ़ें; Sonbhadra Fire News: ओबरा तापीय परियोजना में लगी भीषण आग, दो ट्रांसफार्मर धू-धू कर जले; दो इकाईयां बंद
किसी भी अनधिकृत व्यक्ति को बांध के आसपास प्रतिबंधित क्षेत्र में न फटकने देने की सख्त हिदायत दी गई है। इसके अलावा बांध से जुड़े स्टाफ के भी आवागमन का पूरा ब्योरा रखने को कहा गया है। बुधवार की सुबह पिपरी सीओ अमित कुमार, एसओ नागेश सिंह ने रिहंद डैम पहुंचकर सीआईएसएफ के डिप्टी कमांडेंट के साथ वार्ता की। संयुक्त रूप से बांध पर मॉक ड्रिल कर शासन से मिले निर्देशों का सख्ती से पालन करने को कहा।
ब्लैक आउट पर कम हो जाएगा बिजली उत्पादन
अनपरा तापीय परियोजना के मुख्य महाप्रबंधक इं. जेपी कटियार ने बताया कि ब्लैक आउट की स्थिति में प्लांट की लाइटिंग बंद कर दी जाएगी। इस दौरान बिजली की मांग कम होने की दशा में यूपीएसएलडीसी के निर्देश पर इकाइयों से कम बिजली उत्पादन कराया जाएगा या उन्हें बंद कर दिया जाएगा। उधर, ओबरा तापीय परियोजना के मुख्य महाप्रबंधक इं.आरके अग्रवाल ने बताया कि ब्लैक आउट में सिर्फ लाइटें बंद होनी हैं। बाकी बिजली के उपकरण चलते रहेंगे। इससे इकाइयों को बंद करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। आवश्यकतानुसार इकाइयों का लोड कम ज्यादा किया जाएगा।
क्या बोले अधिकारी
सभी औद्योगिक इकाइयों, महत्वपूर्ण संस्थाओं के सुरक्षा प्रमुखों व सीआईएसएफ जवानों के साथ मॉक ड्रिल की गई है। रिहंद डैम व ओबरा डैम पर भी निगरानी बढ़ाई गई है। वहां पहले से कड़े सुरक्षा प्रबंध है। हर आने-जाने वालों पर निगाह रखी जाती है। फिर भी ऐहतियात के तौर पर सुरक्षा इकाई को अतिरिक्त सतर्कता बरतने को कहा गया है। -अशोक कुमार मीणा, एसपी