दुद्धी तहसील को जिला बनाने की मांग को लेकर शनिवार को जिला बनाओ संघर्ष मोर्चा ने आवाज बुलंद की। मोर्चा के सदस्यों के साथ अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य से विरत रहकर कोर्ट परिसर के मेन गेट पर जिला बनाओ विकास कराओ के नारे के साथ प्रदर्शन किया।
वक्ताओं ने कहा कि जनपद को मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ व झारखंड की सीमाएं स्पर्श करती हैं। तहसील के अंतर्गत 14 थाना और पांच विकास खंड कार्यालय हैं। आबादी 14 लाख व क्षेत्रफल 3380 किलोमीटर है। दुरूह क्षेत्र होने के साथ-साथ यहां प्राकृतिक संसाधनों की प्रचुरता है। शासकीय तथा गैर शासकीय राष्ट्रीय स्तर की कई फैक्ट्रियां हैं। देश की विद्युत आवश्यकताओं का 10% उत्पादन इसी क्षेत्र से होता है। ओबरा को तहसील, कोन को ब्लाक समेत कई नए थाने बनाये जाने के बाद भी दुद्धी को जिला घोषित न कर सरकार वादाखिलाफी कर रही हैै। कहा कि जब तक दुद्धी को जिला नहीं बना दिया जाता तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। रामलोचन तिवारी, रामपाल जौहरी, सत्यनारायण यादव, रामजी पांडेय, अमरावती देवी आदि मौजूद रहे।