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राख पाइपलाइन से लीकेज ग्रामीणों में आक्रोश
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राख पाइपलाइन से लीकेज ग्रामीणों में आक्रोश
संवाद न्यूज एजेंसी
ओबरा। रेणुकापार के चकाड़ी स्थित राख बांध में राख ले जाने वाली पाइपों के फटने को लेकर ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त किया है। आये दिन पाइपों के फटने से भारी पैमाने पर राख ग्रामीणों के खेतों तक पहुंच रही है।
बृहस्पतिवार की रात को पुन: एक पाइप से लीकेज के कारण चकाड़ी गांव के खेतों में राख घुस गई। दो दिन पूर्व ही ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया था। गांव के राम वृक्ष, सादिक अली, शौकत अली, अर्जुन प्रजापति, नंदलाल प्रजापति आदि ने खेतों में राख पहुंचने पर आक्रोश व्यक्त किया है। शुक्रवार सुबह पाइपलाइनों की सुरक्षा में लगे भूतपूर्व सैनिकों को ग्रामीणों ने जब बताया तब पूर्व सैनिकों ने परियोजना प्रशासन को सूचना देकर पाइपलाइनों में हो रही राख की आपूर्ति को बंद कराया। ग्रामीण रमेश यादव, हीरालाल, हीरामणि , गोवर्धन, मणि यादव, राम प्रताप, लालजी, जगन्नाथ, राम निहोर आदि ने परियोजना प्रशासन से मुआवजे की मांग की है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
ओबरा। रेणुकापार के चकाड़ी स्थित राख बांध में राख ले जाने वाली पाइपों के फटने को लेकर ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त किया है। आये दिन पाइपों के फटने से भारी पैमाने पर राख ग्रामीणों के खेतों तक पहुंच रही है।
बृहस्पतिवार की रात को पुन: एक पाइप से लीकेज के कारण चकाड़ी गांव के खेतों में राख घुस गई। दो दिन पूर्व ही ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया था। गांव के राम वृक्ष, सादिक अली, शौकत अली, अर्जुन प्रजापति, नंदलाल प्रजापति आदि ने खेतों में राख पहुंचने पर आक्रोश व्यक्त किया है। शुक्रवार सुबह पाइपलाइनों की सुरक्षा में लगे भूतपूर्व सैनिकों को ग्रामीणों ने जब बताया तब पूर्व सैनिकों ने परियोजना प्रशासन को सूचना देकर पाइपलाइनों में हो रही राख की आपूर्ति को बंद कराया। ग्रामीण रमेश यादव, हीरालाल, हीरामणि , गोवर्धन, मणि यादव, राम प्रताप, लालजी, जगन्नाथ, राम निहोर आदि ने परियोजना प्रशासन से मुआवजे की मांग की है।
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