डीएम चंद्र विजय सिंह ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में मुख्यमंत्री के प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों की समीक्षा की। विकास कार्यों, लाभार्थीपरक व जन कल्याणकारी योजनाओं के बारे संबंधित अधिकारियों से जानकारी ली। समीक्षा में पंचायती राज विभाग के विकास कार्यों की प्रगति काफी धीमी मिली। इस पर डीएम ने संबंधित अफसरों का वेतन रोकने का निर्देश दिया।
बैठक में डीएम ने कहा कि किसी भी विभाग का कार्य अगर दूसरे विभाग के कारण बाधित हो रहा हो तो आपसी समन्वय स्थापित करते हुए कार्य को पूरा करें। डीसी मनरेगा, जिला खादी ग्रामोद्योग अधिकारी, निर्माण खंड पीडब्लूडी मिर्जापुर के कार्य में प्रगति धीमी पड़ने पर कारण बताओ नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्यों में शिथिलता और लापरवाही न बरतें। समय सीमा के अंदर काम पूरा कराएं। निर्माण कार्य में किसी प्रकार की समस्या होती है तो संबंधित विभाग से समन्वय स्थापित करते हुए कार्य पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए जिन अधिकारियों को जांच के लिए लगाया गया है वह समय से निष्पक्ष ढंग से आख्या रिपोर्ट प्रस्तुत करें। बैठक में आयुष्मान भारत, कृषि बीज उर्वरक, रसायन, गौवंश, पशु टीकाकरण, स्वच्छ भारत मिशन-शहरी व ग्रामीण, मनरेगा, पेेंशन योजना, आवास योजना, पेयजल आदि के तहत पात्रों को लाभान्वित करने का निर्देश दिया। बैठक में सीडीओ डॉ. अमित पाल शर्मा, डीडीओ रामबाबू त्रिपाठी, सीएमओ डॉ. आरएस ठाकुर, पीडी आरएस मौर्य, एनआरएलएम के उपायुक्त एके जौहरी, डीएसटीओ ओपी यादव आदि मौजूद रहे।