{"_id":"571f9c8a4f1c1b6907a9153f","slug":"do-not-leave-voice-on-transfers-fir","type":"story","status":"publish","title_hn":"तबादले पर आवास नहीं छोड़ा तो एफआईआर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तबादले पर आवास नहीं छोड़ा तो एफआईआर
ब्यूरो/ अमर उजाला /सोनभद्र
Updated Tue, 26 Apr 2016 10:27 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मिर्जापुर रेंज के डीआईजी रतन कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि गैर जनपद तबादले और सेवानिवृत्त के बाद भी आवास नहीं छोड़ने वाले पुलिस कर्मियों तथा उप निरीक्षकों पर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इस मामले में उन्होंने मातहतों से रिपोर्ट भी तलब किया।
मंगलवार को शक्तिनगर थाने का निरीक्षण करने पहुंचे डीआईजी को थाना परिसर में एसओ जगदीश यादव एवं अन्य पुलिस कर्मियों ने गार्ड आफ आनर दिया। इसके बाद श्रीवास्तव ने बैरक, मेस आदि का निरीक्षण किया। डीआईजी ने थाने पर तैनात पुलिसकर्मियों के आवास आदि की जानकारी ली तो पता चला कि गैर जनपदों के लिए स्थानांतरित, सेवानिवृत्त हो चुके कर्मियों का पुलिस को आवंटित आवासों पर कब्जा है। इस पर उनका रुख सख्त हो गया। कहा कि तत्काल ऐसे लोगों की रिपोर्ट दी जाए और पखवारे भर की नोटिस के बाद भी आवास नहीं खाली हुए तो संबंधितों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाए।
कहा कि कि इस मामले का वह खुद निगरानी करेंगे। जरूरत पड़ी तो प्रचलित दर पर संबंधित लोगों के पेंशन से आवास किराया भी वसूल कराया जाएगा। सड़क हादसे में घायल लोगों को भर्ती करने में परियोजना चिकित्सालयों द्वारा आनाकानी पर कहा कि सभी को सर्वोच्च अदालत के दिशा निर्देश की जानकारी के साथ पत्र दिया जाएगा। इसके बाद भी आनाकानी की तो कार्रवाई होगी। सीओ पिपरी सितांशु यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगलवार को शक्तिनगर थाने का निरीक्षण करने पहुंचे डीआईजी को थाना परिसर में एसओ जगदीश यादव एवं अन्य पुलिस कर्मियों ने गार्ड आफ आनर दिया। इसके बाद श्रीवास्तव ने बैरक, मेस आदि का निरीक्षण किया। डीआईजी ने थाने पर तैनात पुलिसकर्मियों के आवास आदि की जानकारी ली तो पता चला कि गैर जनपदों के लिए स्थानांतरित, सेवानिवृत्त हो चुके कर्मियों का पुलिस को आवंटित आवासों पर कब्जा है। इस पर उनका रुख सख्त हो गया। कहा कि तत्काल ऐसे लोगों की रिपोर्ट दी जाए और पखवारे भर की नोटिस के बाद भी आवास नहीं खाली हुए तो संबंधितों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाए।
विज्ञापन
कहा कि कि इस मामले का वह खुद निगरानी करेंगे। जरूरत पड़ी तो प्रचलित दर पर संबंधित लोगों के पेंशन से आवास किराया भी वसूल कराया जाएगा। सड़क हादसे में घायल लोगों को भर्ती करने में परियोजना चिकित्सालयों द्वारा आनाकानी पर कहा कि सभी को सर्वोच्च अदालत के दिशा निर्देश की जानकारी के साथ पत्र दिया जाएगा। इसके बाद भी आनाकानी की तो कार्रवाई होगी। सीओ पिपरी सितांशु यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन