खनिज विभाग के कर्मियों पर अवैध वसूली और ओवरलोड वाहनों के संचालन पर रोक लगाने की मांग को लेकर मंगलवार की रात ग्रामीणों ने सिंदुरिया-चोपन मार्ग जाम कर दिया। करीब तीन घंटे तक जाम से वाहनों की लंबी कतार लग गई। वह उच्चाधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे। एसडीएम जैनेंद्र सिंह और सीओ ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत कराया।
आंदोलन का नेतृत्व कर रहे जुगैल से जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि व भाजपा नेता संजीव तिवारी का कहना था कि जुगैल थाना क्षेत्र के महलपुर, खेंवधा, बिजौरा, अगोरी आदि स्थानों पर बालू निकालने के लिए खनन पट्टे जारी किए गए हैं। कई स्थानों पर अवैध खनन कराया जा रहा है। बालू साइड तक पहुंचाने के लिए सड़क निर्माण के नाम पर आसपास के जंगली पेड़ों को काट दिया गया है। सिंदुरिया-चोपन मार्ग पर ओवरलोड गाड़ियों के संचालन से पूरे दिन जाम लगा रहता है जबकि इसी मार्ग पर सीएचसी, बैंक, स्कूल हैं। जाम के चलते व्यापारियों का कारोबार प्रभावित हो रहा है। खनन विभाग की ओर से हास्पिटल के आगे ओवरलोड गाड़ियों के जांच के लिए एक बैरियर लगाया गया है जो अवैध वसूली का अड्डा बन गया है। उन्होंने डीएम से नियमों को ताख पर रख कर किए जा रहे अवैध खनन और ओवरलोड परिवहन की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की। चक्काजाम की खबर पाकर एसडीएम ओबरा जैनेंद्र सिंह और सीओ सिटी राजकुमार त्रिपाठी मौके पर पहुंचे। आश्वासन दिया कि तीन दिन के भीतर जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी तब जाकर लोगों का गुस्सा शांत हुआ और आवागमन बहाल हुआ। सत्यप्रकाश तिवारी, राजेश अग्रहरी, महेंद्र केशरी, विपुल शुक्ल, संदीप सिंह, तीर्थराज शुक्ला, मनमोहन निषाद, विवेक पांडेय, विकास चौबे, पम्मी केशरी आदि मौजूद रहे।