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शासन के आदेश की प्रतियां फूंकी
अमर उजाला ब्यूरो, सोनभद्र
Updated Thu, 07 Sep 2017 12:15 AM IST
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आदेश्ा की प्रतियां जलाते शिक्षामित्र
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राबर्ट्सगंज के बढ़ौली चौक पर बुधवार को शिक्षक/शिक्षामित्र संयुक्त संघर्ष मोर्चा ने प्रदेश सरकार के शिक्षामित्रों को दस हजार मानदेय दिए जाने के आदेश की प्रतियां फूंक कर विरोध प्रदर्शन किया। इसके पूर्व रामलीला मैदान में शिक्षामित्रों ने बैठक कर आंदोलन की रणनीति तैयार की।
दोपहर करीब दो बजे मांगों के समर्थन मेें नारेबाजी करते हुए रामलीला मैदान से न्यू मार्केट होते हुए जुलूस की शक्ल में शिक्षामित्र हाथों में मानदेय दिए जाने से संबंधित आदेश की प्रतियां लेकर बढ़ौली चौक पहुंचे। जिला संयोजक वकील अहमद खां और शशिभूषण तिवारी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से समायोजन रद्द होने के बाद लगातार शिक्षामित्रों ने सत्याग्रह आंदोलन से प्रदेश सरकार से वार्ता क्रम जारी रखा। सरकार की ओर से हमेशा आश्वासन मिलता रहा कि सरकार आपके सम्मान का पूरा ख्याल रखेगी। लेकिन पांच सितंबर को शिक्षक दिवस पर सरकार ने शिक्षामित्रों को प्रतिमाह दस हजार रुपये मानदेय दिए जाने की घोषणा का अपमानित करने का कार्य किया। अजीत सिंह और विनोद मौर्य ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षामित्रों के साथ अन्याय कर रही है। राजबली मिश्रा, अनिल सिंह, नीलम, बीना मिश्रा ने कहा कि सरकार का दस हजार रुपये मानदेय का प्रस्ताव मंजूर नहीं है। संचालन अरविंद सिंह ने किया। महिमा मिश्रा, नरेंद्र दूबे, बालकिशुन, अशोक पांडेय, मनोज कुमार, मीरा सिंह, राधेश्याम, राम विलास आदि मौजूद रहे।
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दोपहर करीब दो बजे मांगों के समर्थन मेें नारेबाजी करते हुए रामलीला मैदान से न्यू मार्केट होते हुए जुलूस की शक्ल में शिक्षामित्र हाथों में मानदेय दिए जाने से संबंधित आदेश की प्रतियां लेकर बढ़ौली चौक पहुंचे। जिला संयोजक वकील अहमद खां और शशिभूषण तिवारी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से समायोजन रद्द होने के बाद लगातार शिक्षामित्रों ने सत्याग्रह आंदोलन से प्रदेश सरकार से वार्ता क्रम जारी रखा। सरकार की ओर से हमेशा आश्वासन मिलता रहा कि सरकार आपके सम्मान का पूरा ख्याल रखेगी। लेकिन पांच सितंबर को शिक्षक दिवस पर सरकार ने शिक्षामित्रों को प्रतिमाह दस हजार रुपये मानदेय दिए जाने की घोषणा का अपमानित करने का कार्य किया। अजीत सिंह और विनोद मौर्य ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षामित्रों के साथ अन्याय कर रही है। राजबली मिश्रा, अनिल सिंह, नीलम, बीना मिश्रा ने कहा कि सरकार का दस हजार रुपये मानदेय का प्रस्ताव मंजूर नहीं है। संचालन अरविंद सिंह ने किया। महिमा मिश्रा, नरेंद्र दूबे, बालकिशुन, अशोक पांडेय, मनोज कुमार, मीरा सिंह, राधेश्याम, राम विलास आदि मौजूद रहे।
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