{"_id":"62474127d8875a012f2e3802","slug":"arrived-at-school-with-a-smile-shared-experiences-with-colleagues-sonbhadra-news-vns646121079","type":"story","status":"publish","title_hn":"हंसते-खिलखिलाते पहुंचे स्कूल, साथियों संग बांटे अनुभव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हंसते-खिलखिलाते पहुंचे स्कूल, साथियों संग बांटे अनुभव
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोनभद्र। शैक्षणिक वर्ष 2022-23 शुक्रवार से शुरू हो गया है। सत्र के पहले दिन स्कूल जाने को लेकर बच्चों में खासा उत्साह रहा। नई कक्षा में पहुंचकर बच्चे प्रफुल्लित दिखे। नए सहपाठियों से मेल-मिलाप में वह मशगूल नजर आए। हालांकि परिषदीय विद्यालयों के साथ ही प्राइवेट विद्यालयों में अपेक्षाकृत बच्चों की उपस्थिति कम रही।
बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जिले में संचालित 2061 परिषदीय स्कूूलों में पहले दिन पढ़ाई हुई। एक कक्षा से पास होकर दूसरी कक्षा में पहुंचे बच्चों में अलग ही उत्साह दिखा। पिछली कक्षा में कितने अंक मिले, इसको लेकर चर्चा होती रही। शिक्षकों ने भी बच्चों को बधाई दी। जो बच्चे बृहस्पतिवार को अपना रिपोर्ट कार्ड नहीं देख सके थे, उन्हें शुक्रवार को रिजल्ट बताया गया। उधर, नए सत्र में बच्चों के नामांकन को लेकर भी शिक्षकों ने अभियान तेज कर दिया है। जो बच्चे छह वर्ष के हो गए हैं, उनके अभिभावकों से मिलकर शिक्षकों ने उनका दाखिला कराने के लिए प्रेरित किया। जिला मुख्यालय राबर्ट्सगंज सहित ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित प्राइवेट विद्यालयों में भी नए सत्र को लेकर तैयारियां दिखीं। पहले दिन विद्यालय पहुंचने पर बच्चों का स्वागत किया गया। प्राइवेट विद्यालयों में बच्चों का एडमिशन कराने के लिए अभिभावक पहुंचने लगे हैं।
विज्ञापन
बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जिले में संचालित 2061 परिषदीय स्कूूलों में पहले दिन पढ़ाई हुई। एक कक्षा से पास होकर दूसरी कक्षा में पहुंचे बच्चों में अलग ही उत्साह दिखा। पिछली कक्षा में कितने अंक मिले, इसको लेकर चर्चा होती रही। शिक्षकों ने भी बच्चों को बधाई दी। जो बच्चे बृहस्पतिवार को अपना रिपोर्ट कार्ड नहीं देख सके थे, उन्हें शुक्रवार को रिजल्ट बताया गया। उधर, नए सत्र में बच्चों के नामांकन को लेकर भी शिक्षकों ने अभियान तेज कर दिया है। जो बच्चे छह वर्ष के हो गए हैं, उनके अभिभावकों से मिलकर शिक्षकों ने उनका दाखिला कराने के लिए प्रेरित किया। जिला मुख्यालय राबर्ट्सगंज सहित ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित प्राइवेट विद्यालयों में भी नए सत्र को लेकर तैयारियां दिखीं। पहले दिन विद्यालय पहुंचने पर बच्चों का स्वागत किया गया। प्राइवेट विद्यालयों में बच्चों का एडमिशन कराने के लिए अभिभावक पहुंचने लगे हैं।
विज्ञापन