{"_id":"654fd56bd86501478b09721b","slug":"additional-buses-did-not-run-had-to-travel-amid-sonbhadra-news-c-194-1-svns1040-5774-2023-11-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonebhadra News: नहीं चली अतिरिक्त बसें, धक्का-मुक्की के बीच करना पड़ा सफर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonebhadra News: नहीं चली अतिरिक्त बसें, धक्का-मुक्की के बीच करना पड़ा सफर
विज्ञापन
सोनभद्र। दीपावली पर घर आने-जाने वालों की भीड़ से परिवहन व्यवस्था ध्वस्त हो गई। अतिरिक्त बसों का संचालन न होने से यात्रियों को दुश्वारियां का सामना करना पड़ा। कोई बस में चढ़ने के लिए धक्का-मुक्की करता रहा तो कोई सीट के लिए जूझता दिखा। सीमित बसों के कारण यात्रियों को स्टैंड पर काफी देर तक इंतजार भी करना पड़ा।
इससे त्योहार पर घर जल्दी पहुंचने की उम्मीद पर पानी फिर गया। रोडवेज बस स्टैंड में शनिवार को सुबह से दोपहर तक यात्री वाहन का इंतजार करते देखे गए। ग्रामीण रूटों पर जाने वाले यात्रियों को अधिक परेशानी हुई। उन्हें जीप, टेंपो व अन्य प्राइवेट वाहनाें में लटककर सफर करना पड़ा। शनिवार को शिक्षण संस्थानों एवं सरकारी कार्यालयों में अवकाश होने की वजह से भी रोडवेज बसों में ज्यादा भीड़ रही।
समय : दोपहर 1.26 बजे
स्थान: राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टेशन
रोडवेज बस स्टेशन परिसर में जहां तहां यात्री खड़े और बैठकर बसों के आने का इंतजार करते रहे। गेट नंबर एक के पास यात्रियों की ज्यादा भीड़ रही। इसी समय कैंट डिपो की बस आई, जो यात्रियों से पूरी तरह भरी रही। भीड़ देखते हुए उसमें यात्री सवार नहीं हुए। दूसरे बस आने पर सुनील, संदीप और उनके साथ करीब दस की संख्या में यात्री वाराणसी के लिए रवाना हुए। इसी तरह से रेणुकूट-शक्तिनगर जाने वाले रोडवेज बसों में यात्रियों की भीड़ रही। वाराणसी जाने के लिए स्टैंड पर खड़े अजय सिंह ने बताया कि आधे घंटे इंतजार के बाद बस आई है। भीड़ को देखेंगे तो यहीं खड़े रह जाएंगे।
विज्ञापन
विंढमगंज जाने के लिए तीन घंटे इंतजार
जिले के आखिरी छोर विंढमगंज जाने के लिए यात्रियों को तीन घंटे से अधिक समय तक इंतजार करना पड़ा। बिहार के पूर्णिया में एक निजी कंपनी में कार्य करने वाले गढ़वा झारखंड निवासी आनंद प्रकाश मिश्र राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टेशन में तीन घंटे से अधिक समय से पत्नी एवं बच्चों के साथ बस का इंतजार करते दिखे। उन्होंने बताया कि वे वाराणसी से सीधे यहां आए हैं। 12 बजे से रोडवेज बस के आने का इंतजार कर रहे हैं। तीन बजे के बाद रोडवेज बस आने पर वे विंढमगंज रवाना होंगे। इसी तरह से विंढमगंज की रहने वाली सीमा, सरोज, अनिल समेत 13 यात्री हलकान रहे। इस रूट पर एक बस का संचालन होने से यात्रियों को हमेशा दिक्कत होती है।
धक्का-मुक्की करते हुए सफर
रोडवेज बसों में वाराणसी तरफ जाने वालों से ज्यादा आने वालों की भीड़ दिखी। राबर्ट्सगंज से रेणुकूट जा रहे अमरनाथ ने बताया कि उन्हें रेणुकूट जाना है, मगर दो बसों में जगह नहीं होने की वह उसमें नहीं बैठ सके। विंध्यनगर डिपो बस आने पर वे गंतव्य के लिए रवाना हुए। इसी तरह से चोपन जा रहे सूरज वैश्य को रोडवेज बस में जगह नहीं मिलने पर वह प्राइवेट वाहन से गंतव्य को रवाना हुए।
रोडवेज परिसर में नहीं उठा कूड़ा
साेनांचल में दीपोत्सव की धूम है। त्योहार पर लोग अपने घरों को लौट रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टैंड परिसर में दीपावली के अवसर पर भी साफ-सफाई नहीं हो सकी। परिसर में कूड़ा तो फैला रहा। परिसर में बने सार्वजनिक शौचालय के पास में कूड़े का ढेर लगा रहा। वहां मौजूद कर्मचारी ने बताया कि कूडे का उठान 20 दिनों से नहीं हो रहा है। नगर पालिका परिषद के कर्मचारी कूड़ा उठान करने आते हैं।
समय: दोपहर ढाई बजे
स्थान: सोनभद्र रेलवे स्टेशन
बंद रहा प्रतीक्षालय, रिजर्वेशन काउंटर पर दिखे सिर्फ दो यात्री
जिला मुख्यालय स्थित सोनभद्र रेलवे स्टेशन पर टीम दोपहर में दो बजे पहुंची। यहां दो की संख्या में यात्री रिजर्वेशन काउंटर पर देखे गए, जो रिजर्वेशन करा रहे थे। वहीं प्लेटफार्म नंबर एक एवं दो पर सन्नाटा पसरा रहा। प्लेटफार्म के विस्तारीकरण में जुटे कर्मचारी व मजदूर ही दिखे। प्रतीक्षालय कक्ष में ताला लटका मिला तो वहीं एक हैंडपंप भी खराब है। स्टेशन मास्टर अजय कुमार ने बताया कि ट्रेनों के आगमन पर यात्रियों की भीड़ होती है। त्योहारी सीजन में प्रतिदिन 250 से 300 यात्री सफर कर रहे हैं।
दीपावली पर सभी रोडवेज बसों का संचालन कराया गया। कोशिश रही कि नियमित अंतराल पर बस निकाली जाय। भीड़ बढ़ने से थोड़ी दिक्कत आई होगी। विंढमगंज रूट पर एक बस चलती है। कूड़ा उठाने के लिए नगर पालिका के कर्मचारियों से बात की गई थी। - विश्राम कुमार, एआरएम-सोनभद्र डिपो।
विज्ञापन
इससे त्योहार पर घर जल्दी पहुंचने की उम्मीद पर पानी फिर गया। रोडवेज बस स्टैंड में शनिवार को सुबह से दोपहर तक यात्री वाहन का इंतजार करते देखे गए। ग्रामीण रूटों पर जाने वाले यात्रियों को अधिक परेशानी हुई। उन्हें जीप, टेंपो व अन्य प्राइवेट वाहनाें में लटककर सफर करना पड़ा। शनिवार को शिक्षण संस्थानों एवं सरकारी कार्यालयों में अवकाश होने की वजह से भी रोडवेज बसों में ज्यादा भीड़ रही।
विज्ञापन
समय : दोपहर 1.26 बजे
स्थान: राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टेशन
रोडवेज बस स्टेशन परिसर में जहां तहां यात्री खड़े और बैठकर बसों के आने का इंतजार करते रहे। गेट नंबर एक के पास यात्रियों की ज्यादा भीड़ रही। इसी समय कैंट डिपो की बस आई, जो यात्रियों से पूरी तरह भरी रही। भीड़ देखते हुए उसमें यात्री सवार नहीं हुए। दूसरे बस आने पर सुनील, संदीप और उनके साथ करीब दस की संख्या में यात्री वाराणसी के लिए रवाना हुए। इसी तरह से रेणुकूट-शक्तिनगर जाने वाले रोडवेज बसों में यात्रियों की भीड़ रही। वाराणसी जाने के लिए स्टैंड पर खड़े अजय सिंह ने बताया कि आधे घंटे इंतजार के बाद बस आई है। भीड़ को देखेंगे तो यहीं खड़े रह जाएंगे।
विज्ञापन
विंढमगंज जाने के लिए तीन घंटे इंतजार
जिले के आखिरी छोर विंढमगंज जाने के लिए यात्रियों को तीन घंटे से अधिक समय तक इंतजार करना पड़ा। बिहार के पूर्णिया में एक निजी कंपनी में कार्य करने वाले गढ़वा झारखंड निवासी आनंद प्रकाश मिश्र राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टेशन में तीन घंटे से अधिक समय से पत्नी एवं बच्चों के साथ बस का इंतजार करते दिखे। उन्होंने बताया कि वे वाराणसी से सीधे यहां आए हैं। 12 बजे से रोडवेज बस के आने का इंतजार कर रहे हैं। तीन बजे के बाद रोडवेज बस आने पर वे विंढमगंज रवाना होंगे। इसी तरह से विंढमगंज की रहने वाली सीमा, सरोज, अनिल समेत 13 यात्री हलकान रहे। इस रूट पर एक बस का संचालन होने से यात्रियों को हमेशा दिक्कत होती है।
धक्का-मुक्की करते हुए सफर
रोडवेज बसों में वाराणसी तरफ जाने वालों से ज्यादा आने वालों की भीड़ दिखी। राबर्ट्सगंज से रेणुकूट जा रहे अमरनाथ ने बताया कि उन्हें रेणुकूट जाना है, मगर दो बसों में जगह नहीं होने की वह उसमें नहीं बैठ सके। विंध्यनगर डिपो बस आने पर वे गंतव्य के लिए रवाना हुए। इसी तरह से चोपन जा रहे सूरज वैश्य को रोडवेज बस में जगह नहीं मिलने पर वह प्राइवेट वाहन से गंतव्य को रवाना हुए।
रोडवेज परिसर में नहीं उठा कूड़ा
साेनांचल में दीपोत्सव की धूम है। त्योहार पर लोग अपने घरों को लौट रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ राबर्ट्सगंज रोडवेज बस स्टैंड परिसर में दीपावली के अवसर पर भी साफ-सफाई नहीं हो सकी। परिसर में कूड़ा तो फैला रहा। परिसर में बने सार्वजनिक शौचालय के पास में कूड़े का ढेर लगा रहा। वहां मौजूद कर्मचारी ने बताया कि कूडे का उठान 20 दिनों से नहीं हो रहा है। नगर पालिका परिषद के कर्मचारी कूड़ा उठान करने आते हैं।
समय: दोपहर ढाई बजे
स्थान: सोनभद्र रेलवे स्टेशन
बंद रहा प्रतीक्षालय, रिजर्वेशन काउंटर पर दिखे सिर्फ दो यात्री
जिला मुख्यालय स्थित सोनभद्र रेलवे स्टेशन पर टीम दोपहर में दो बजे पहुंची। यहां दो की संख्या में यात्री रिजर्वेशन काउंटर पर देखे गए, जो रिजर्वेशन करा रहे थे। वहीं प्लेटफार्म नंबर एक एवं दो पर सन्नाटा पसरा रहा। प्लेटफार्म के विस्तारीकरण में जुटे कर्मचारी व मजदूर ही दिखे। प्रतीक्षालय कक्ष में ताला लटका मिला तो वहीं एक हैंडपंप भी खराब है। स्टेशन मास्टर अजय कुमार ने बताया कि ट्रेनों के आगमन पर यात्रियों की भीड़ होती है। त्योहारी सीजन में प्रतिदिन 250 से 300 यात्री सफर कर रहे हैं।
दीपावली पर सभी रोडवेज बसों का संचालन कराया गया। कोशिश रही कि नियमित अंतराल पर बस निकाली जाय। भीड़ बढ़ने से थोड़ी दिक्कत आई होगी। विंढमगंज रूट पर एक बस चलती है। कूड़ा उठाने के लिए नगर पालिका के कर्मचारियों से बात की गई थी। - विश्राम कुमार, एआरएम-सोनभद्र डिपो।