{"_id":"5a9450664f1c1bfe7e8b7d9a","slug":"31519669350-sonebhadra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैमिकल युक्त रंग से न खेले होली, होगा नुकसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैमिकल युक्त रंग से न खेले होली, होगा नुकसान
Updated Mon, 26 Feb 2018 11:52 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोनभद्र। होली रंगों का त्योहार है। बड़े पैमाने पर बाजारों में रंग, गुलाल बिकने लगे है। तरह-तरह के रंग बाजार में आ गए हैं। बाजार में अधिकतर रंग केमिकल, कांच व अन्य बहुत सस्ती और हानिकारक चीजों से बनाकर बिक रहे हैं। यह रंग आंखों, स्कीन व अन्य अंगों के लिए बहुत हानिकारक होते हैं। ऐसे में केमिकल्स युक्त रंगों से होली खेलना शरीर के लिए हानिकारक हो सकता है। दो मार्च को होली मनाई जाएगी। इसके मद्देनजर अभी से राबर्ट्सगंज, शाहगंज, घोरावल, ओबरा, चोपन, रामगढ़, रेणुकूट, दुद्धी, अनपरा, शक्तिनगर, बभनी, बीजपुर, म्योरपुर समेत अन्य बाजारों में पिचकारी, रंग और अबीर की दूकानें सज गई हैं। इस बार विभिन्न कंपनियों के केमिकल से बने रंग, अबीर बेचे जा रहे है, जो शरीर के लिए नुकसानदायक है। चाइनिज पिचकारी दुकानों की शोभा बढ़ा रही हैं। पर्व नजदीक आते ही लोगों ने रंग, अबीर, पिचकारी समेत अन्य सामानों की खरीदारी शुरू कर दी है। सोमवार को दुकानों पर लोगों की भीड़ लगी रही। जिला अस्पताल में तैनात स्कीन स्पेशलिस्ट डॉ. एसके मंजूल कहते है कि अत्यधिक केमिलकलयुक्त रंगों का प्रयोग करने से शरीर में खुजली, लाल, सफेद दाग और एनर्जी होने की संभावनाएं होती है। सबसे अधिक बच्चों को खतरा रहता है, इसलिए केमिकल युक्त रंगों का प्रयोग कदापि न करें। कहा कि केमिकल्स फ्री या फूलों से बने रंगों का प्रयोग करें, ताकि शरीर को नुकसान न पहुंचे।
विज्ञापन