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Sitapur News: सीतापुर में लगातार चहलकदमी कर रहा बाघ, 25 गांवों में दहशत
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महोली (सीतापुर)। कठिना नदी की तराई क्षेत्र में बाघ का ठिकाना है। पिछले तीन माह से बाघ 10 किमी के दायरे में चहलकदमी कर रहा है। छुट्टा और पालतू मवेशियों का लगातार शिकार भी कर रहा है। रविवार को पसिगवा के करीब उसने एक मवेशी पर हमला किया। मंगलवार को वन विभाग की टीम खेतों की खाक छानती रही, लेकिन बाघ का कोई सुराग नहीं मिला। वहीं, बाघ की मौजूदगी से क्षेत्र के 25 से अधिक गांवों में दहशत बनी हुई है।
ग्रामीण पवन, बबलू, अंकुर व राजाराम का दावा है कि इलाके में एक नहीं दो से तीन बाघ मौजूद हैं। तकरीबन 20 दिन पूर्व चवाबेगमपुर के राजन कश्यप ने बाघ के साथ शावक को देखे जाने का दावा किया था। वन विभाग ने पगचिह्न से बाघ की पुष्टि की थी। इसके बाद गांव के बाहर नहर के किनारे पिंजड़ा लगाया गया था। बाघ ने पिंजड़े में बंधी बकरी पर बाहर से हमला किया, जिसमें बकरी घायल हुई थी, लेकिन बाघ पिंजड़े में कैद नहीं हो सका था। इसके बाद बाघ ने दिन दहाड़े पसिगवां के मंगू यादव के बैल का शिकार कर इलाके में दहशत पैदा कर दी थी।
गत रविवार दोपहर पसिगवां के राजकुमार के मवेशी पर हमला कर घायल कर दिया। इलाके में 10 किलोमीटर दायरे में आने वाले चंद्रा, कोल्हौरा, रुस्तम नगर, विशेश्वर दयालपुर, रघुवर दयाल पुर, श्याम जीरा, नरनी, कटिघरा, पसिगवां, ब्रह्मावली, मढिया, चवा बेगमपुर, पीतमपुर आदि के इर्द गिर्द बाघ की सक्रियता लगातार बनी हुई है। इससे ग्रामीण दहशत में है। वन विभाग की कार्रवाई कॉम्बिंग तक सीमित है। वन दरोगा का अक्षय कुमार पांडेय ने बताया कि टीम लगातार बाघ प्रभावित क्षेत्र में कॉम्बिंग कर रही है। पिंजरा व ट्रेस कैमरे लगाए गए हैं। लोकेशन ट्रेस होते ही ट्रैकुलाइज कर बाघ को पकड़ा जाएगा। वन विभाग की ओर से लगातार ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए जागरूक भी किया जा रहा है।
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ग्रामीण पवन, बबलू, अंकुर व राजाराम का दावा है कि इलाके में एक नहीं दो से तीन बाघ मौजूद हैं। तकरीबन 20 दिन पूर्व चवाबेगमपुर के राजन कश्यप ने बाघ के साथ शावक को देखे जाने का दावा किया था। वन विभाग ने पगचिह्न से बाघ की पुष्टि की थी। इसके बाद गांव के बाहर नहर के किनारे पिंजड़ा लगाया गया था। बाघ ने पिंजड़े में बंधी बकरी पर बाहर से हमला किया, जिसमें बकरी घायल हुई थी, लेकिन बाघ पिंजड़े में कैद नहीं हो सका था। इसके बाद बाघ ने दिन दहाड़े पसिगवां के मंगू यादव के बैल का शिकार कर इलाके में दहशत पैदा कर दी थी।
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गत रविवार दोपहर पसिगवां के राजकुमार के मवेशी पर हमला कर घायल कर दिया। इलाके में 10 किलोमीटर दायरे में आने वाले चंद्रा, कोल्हौरा, रुस्तम नगर, विशेश्वर दयालपुर, रघुवर दयाल पुर, श्याम जीरा, नरनी, कटिघरा, पसिगवां, ब्रह्मावली, मढिया, चवा बेगमपुर, पीतमपुर आदि के इर्द गिर्द बाघ की सक्रियता लगातार बनी हुई है। इससे ग्रामीण दहशत में है। वन विभाग की कार्रवाई कॉम्बिंग तक सीमित है। वन दरोगा का अक्षय कुमार पांडेय ने बताया कि टीम लगातार बाघ प्रभावित क्षेत्र में कॉम्बिंग कर रही है। पिंजरा व ट्रेस कैमरे लगाए गए हैं। लोकेशन ट्रेस होते ही ट्रैकुलाइज कर बाघ को पकड़ा जाएगा। वन विभाग की ओर से लगातार ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए जागरूक भी किया जा रहा है।
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