{"_id":"6a397c92e5112a01a2031e58","slug":"the-family-started-crying-after-seeing-the-dead-body-there-was-mourning-in-the-village-sitapur-news-c-102-1-slko1055-158557-2026-06-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sitapur News: शव देखते ही रो पड़े परिजन, गांव में छाया मातम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sitapur News: शव देखते ही रो पड़े परिजन, गांव में छाया मातम
Mon, 22 Jun 2026 11:48 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Mon, 22 Jun 2026 11:48 PM IST
विज्ञापन
लहरपुर। इलाके के दो मजदूरों की पानीपत में मौत के बाद सोमवार को शव गांव पहुंचे तो कोहराम मच गया। परिजन शवों को देखकर रो पड़े। गांव में ही दोनों का अंतिम संस्कार किया गया।
खानपुर मोहद्दीनपुर गांव निवासी इमरान (34) व रियाजुद्दीन (35) काम की तलाश में पानीपत के मच्छरौली समालखा गए थे। रविवार भोर वहां नेशनल हाईवे पर ट्रक से कुचलकर दोनों की मौत हो गई। घटना की जानकारी पाते ही परिजन पानीपत रवाना हो गए। साेमवार को दोनों शव गांव पहुंचे जहां ग्रामीणों की भीड़ अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी। दोनों के शवों को गांव के ही कब्रिस्तान लाया गया। जहां हाफिज जियाउद्दीन ने नमाजे जनाजा अदा कराई। इसके बाद दोनों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।
ठीक नहीं है माली हालत
मृतक रियाजुद्दीन कुल छह भाई थे। परिवार के सभी लोग मजदूरी करते है। उनके चार पुत्र व एक पुत्री है। उनके पिता के नाम सिर्फ डेढ़ बीघा जमीन है। इसके चलते परिवार की माली हालत खराब है। मृतक इमरान के दो पुत्रियां हैं। इमरान चार भाई थे। उनके पिता के नाम पर लगभग सात से आठ बीघा जमीन है। इनकी भी माली हालत ठीक नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
खानपुर मोहद्दीनपुर गांव निवासी इमरान (34) व रियाजुद्दीन (35) काम की तलाश में पानीपत के मच्छरौली समालखा गए थे। रविवार भोर वहां नेशनल हाईवे पर ट्रक से कुचलकर दोनों की मौत हो गई। घटना की जानकारी पाते ही परिजन पानीपत रवाना हो गए। साेमवार को दोनों शव गांव पहुंचे जहां ग्रामीणों की भीड़ अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी। दोनों के शवों को गांव के ही कब्रिस्तान लाया गया। जहां हाफिज जियाउद्दीन ने नमाजे जनाजा अदा कराई। इसके बाद दोनों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।
विज्ञापन
ठीक नहीं है माली हालत
मृतक रियाजुद्दीन कुल छह भाई थे। परिवार के सभी लोग मजदूरी करते है। उनके चार पुत्र व एक पुत्री है। उनके पिता के नाम सिर्फ डेढ़ बीघा जमीन है। इसके चलते परिवार की माली हालत खराब है। मृतक इमरान के दो पुत्रियां हैं। इमरान चार भाई थे। उनके पिता के नाम पर लगभग सात से आठ बीघा जमीन है। इनकी भी माली हालत ठीक नहीं है।
विज्ञापन