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Sitapur News: परिवार ने होनहार बिटिया तो देश ने भविष्य की वैज्ञानिक को खोया
Fri, 29 Nov 2024 10:16 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Fri, 29 Nov 2024 10:16 PM IST
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सुरभि को मिठाई खिलाते हुए उसके माता-पिता। फाइल फोटो
सीतापुर। शहर के खूबपुर मोहल्ले शुक्रवार को मातम पसरा रहा। सुरभि के शिक्षक पिता रामखेलावन व मां माहेश्वरी वर्मा घर के एक कोने में बिटिया को याद कर बिलख रहे थे। माता पिता ने अपने होनहार बेटी की घर से ऐसे विदाई होगी, कभी सोचा ही नहीं था। जिस बेटी को उन्होंने वैज्ञानिक बनने का सपना देखा था, उसे एक झटके में खोने के सदमे ने उन्हें बदहवास कर दिया था।
खूबपुर निवासी सुरभि वर्मा (25) की गुजरात के लोथल में हड़प्पा स्थल के पास मिट्टी धंसने से मौत हो गई। वह आईआईटी दिल्ली की छात्रा थीं। सुरभि अपनी टीम के साथ गुजरात में रिसर्च करने के लिए पहुंचीं थीं। यह घटना 27 नवंबर को सुबह करीब 11 बजे हुई। हादसे में आईआईटी-दिल्ली की सहायक प्रोफेसर भी जख्मी हुईं हैं। वहीं, छात्रा सुरभि वर्मा अपना शोध कर रहीं थीं। छात्रा के भाई अर्जित वर्मा का आरोप है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर सुरंग में प्रवेश कराया गया। मिट्टी धंसने से बहन की मौत हुई है। पोस्टमार्टम के बाद शव बृहस्पतिवार देर रात खूबपुर स्थित घर पहुंचा। शुक्रवार को गोपालघाट पर परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। सुरभि के पिता रामखेलावन वर्मा ने बिटिया को मुखाग्नि दी।
परिवार का आरोप, बिना हेलमेट व रस्सी के 15 फीट गहरे गड्डे में उतारा गया
सुरभि वर्मा शहर के सेक्रेड हार्ट स्कूल से पढ़ी थी। परिजनों के मुताबिक बिना हेलमेट व रस्सी के 15 फीट गहरे गड्ढे में सुरभि को उतारा गया। जिस प्रोफेसर यामी के साथ वह गईं, उन्हें वहां की मिट्टी का अंदाजा नहीं था। इसके अलावा वहां रेस्क्यू टीम भी नहीं थी। बताया जा रहा है कि संबंधित अधिकारियों से साइट पर जाने की अनुमति नहीं ली गई थी। फिलहाल परिजनों के मन में टीस है कि अभी तक आईआईटी दिल्ली से किसी ने उनसे संपर्क नहीं किया है। अगर कोई संपर्क नहीं करेगा तो वह कोर्ट का सहारा लेंगे।
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दूसरे नंबर की बिटिया थी सुरभि
सुरभि वर्मा तीन बहनों व एक भाई में दूसरे नंबर की बिटिया थीं। उनसे बड़ी सुप्रभा शहर के एक निजी स्कूल में शिक्षिका हैं। तीसरे नंबर की बहन दिव्यांशी पढ़ाई संग बैंकिंग की तैयारी कर रही हैं। भाई अंकुश इंटरमीडिएट पास कर चुका है। सुरभि सभी भाई बहनों में सबसे होशियार थीं। हाईस्कूल व इंटर में भी मेधावियों में शुमार रही थीं। सुरभि ने इंटर के बाद आईआईटी दिल्ली में दाखिला लिया था। इसके बाद से वह अध्ययनरत थीं। हाल ही में उन्होंने सेमेस्टर परीक्षा में भी टॉप किया था।
11 दिसंबर को धूमधाम से जन्मदिन मनाने की थी तैयारी
माता-पिता व भाई बहनों ने इस बार सुरभि का जन्मदिन धूमधाम से मनाने की तैयारी की थी। 11 दिसंबर को सुरभि का जन्मदिन होता है। सुरभि दीपावली पर घर आईं थीं। किसे पता था कि यह उनकी आखिरी मुलाकात होगी।
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खूबपुर निवासी सुरभि वर्मा (25) की गुजरात के लोथल में हड़प्पा स्थल के पास मिट्टी धंसने से मौत हो गई। वह आईआईटी दिल्ली की छात्रा थीं। सुरभि अपनी टीम के साथ गुजरात में रिसर्च करने के लिए पहुंचीं थीं। यह घटना 27 नवंबर को सुबह करीब 11 बजे हुई। हादसे में आईआईटी-दिल्ली की सहायक प्रोफेसर भी जख्मी हुईं हैं। वहीं, छात्रा सुरभि वर्मा अपना शोध कर रहीं थीं। छात्रा के भाई अर्जित वर्मा का आरोप है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर सुरंग में प्रवेश कराया गया। मिट्टी धंसने से बहन की मौत हुई है। पोस्टमार्टम के बाद शव बृहस्पतिवार देर रात खूबपुर स्थित घर पहुंचा। शुक्रवार को गोपालघाट पर परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। सुरभि के पिता रामखेलावन वर्मा ने बिटिया को मुखाग्नि दी।
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परिवार का आरोप, बिना हेलमेट व रस्सी के 15 फीट गहरे गड्डे में उतारा गया
सुरभि वर्मा शहर के सेक्रेड हार्ट स्कूल से पढ़ी थी। परिजनों के मुताबिक बिना हेलमेट व रस्सी के 15 फीट गहरे गड्ढे में सुरभि को उतारा गया। जिस प्रोफेसर यामी के साथ वह गईं, उन्हें वहां की मिट्टी का अंदाजा नहीं था। इसके अलावा वहां रेस्क्यू टीम भी नहीं थी। बताया जा रहा है कि संबंधित अधिकारियों से साइट पर जाने की अनुमति नहीं ली गई थी। फिलहाल परिजनों के मन में टीस है कि अभी तक आईआईटी दिल्ली से किसी ने उनसे संपर्क नहीं किया है। अगर कोई संपर्क नहीं करेगा तो वह कोर्ट का सहारा लेंगे।
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दूसरे नंबर की बिटिया थी सुरभि
सुरभि वर्मा तीन बहनों व एक भाई में दूसरे नंबर की बिटिया थीं। उनसे बड़ी सुप्रभा शहर के एक निजी स्कूल में शिक्षिका हैं। तीसरे नंबर की बहन दिव्यांशी पढ़ाई संग बैंकिंग की तैयारी कर रही हैं। भाई अंकुश इंटरमीडिएट पास कर चुका है। सुरभि सभी भाई बहनों में सबसे होशियार थीं। हाईस्कूल व इंटर में भी मेधावियों में शुमार रही थीं। सुरभि ने इंटर के बाद आईआईटी दिल्ली में दाखिला लिया था। इसके बाद से वह अध्ययनरत थीं। हाल ही में उन्होंने सेमेस्टर परीक्षा में भी टॉप किया था।
11 दिसंबर को धूमधाम से जन्मदिन मनाने की थी तैयारी
माता-पिता व भाई बहनों ने इस बार सुरभि का जन्मदिन धूमधाम से मनाने की तैयारी की थी। 11 दिसंबर को सुरभि का जन्मदिन होता है। सुरभि दीपावली पर घर आईं थीं। किसे पता था कि यह उनकी आखिरी मुलाकात होगी।