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साइबेरियन पक्षियों का नया ठिकाना रायपुर तालाब
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 28 Feb 2017 10:18 PM IST
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साइबेरियाई पक्षी
- फोटो : SELF
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कभी जिले के तराई इलाकाें में कलरव करने वाले विदेशी मेहमान इन दिनों रायपुर तालाब में पंख बिखेरे मिल जाएंगे। यह पहली बार है जब आबादी के करीब तालाब में साइबेरियन पक्षी दिखे हो।
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अभी तक ये पक्षी जिले के तराई के इलाके में अज्जेपुर आदि झीलों में नजर आते थे। इस बार इन पक्षियों को रायपुर के निकट तालाब में देखा जा रहा है। हालांकि गर्मी आने वाली है, इस वजह से इन पक्षियों के वापस जाने का समय भी हो गया है।
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पक्षी विशेषज्ञ बताते हैं ये विदेशी पक्षी नवंबर माह में ठंड शुरू होते ही भारत में आते हैं। यहां प्रवास के दौरान बच्चों को जन्म देते हैं। गर्मी शुरू ही ये मेहमान फिर वापस चले जाते हैं। जानकारों का कहना है कि अगले वर्ष भी जाड़े के सीजन ये पक्षी इस तालाब में आ सकते जिससे लोग इन पक्षियों को देखने का लुत्फ उठा सकेंगे।
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रामकोट के ग्राम रायपुर के निकट सीतापुर-हरदोई मार्ग के किनारे स्थित तालाब में इन दिनों विदेशी पक्षियों ने डेरा डाला हुआ है। तालाब में साइबेरियन क्रेन, ग्रेटर फ्लेमिंगो, रफ, ब्लैक विंग्ट स्टिल्ट, कॉमन टील, कॉमन ग्रीनशैंक, नॉर्दर्न पिनटेल, रोजी पेलिकन, वूड सैंडपाइपर समेत कई प्रजातियों के पक्षी नजर आ रहे हैं।
ये पक्षी सूर्य की पहली किरण के साथ ही तालाब में कलरव शुरू कर देते हैं। तालाब के ऊपर उड़ते, पानी पर तैरते और पानी के अंदर डुबकियां लगाते पक्षी लोगों को खूब भा रहे हैं। पक्षियों के बारे में जानकारी रखने वालों का कहना है कि वैसे तो ये पक्षी तराई की झीलों में ही नजर आते थे।
यह पहला मौका है, जब किसी आबादी के करीब मौजूद मेें इतनी संख्या में साइबेरियन पक्षी आए हों। लोगों का यह भी कहना है कि ये पक्षी एक बार जिस झील या तालाब में आते हैं, दोबारा भी उसी झील व तालाब में डेरा डालते हैं।
इस वजह से अगले जाड़े की सीजन में इन पक्षियों के दोबारा इस क्षेत्र में आने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि अब गर्मी का मौसम आ रहा है। इस वजह से इन पक्षियों के जाने का समय हो गया है।
क्षेत्र के नागरिकों की माने तो, अगर जिम्मेदार इन पक्षियों पर ध्यान दे, तब यह तालाब पयर्टक स्थल का रूप ले सकता है। जिस तरह से यहां पर दूर देश से पक्षी मेहमान आ रहे हैं। उसी तरह से दूर दूर से सैलानी भी आने लगेंगे।