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Sitapur News: लापता मजदूर की हत्या कर तालाब में फेंका शव
Tue, 03 Nov 2026 12:04 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Tue, 03 Nov 2026 12:04 AM IST
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सदरपुर। तीन दिन से लापता फत्तेपुरवा गांव निवासी पिंटू भार्गव (20) का शव सोमवार सुबह गांव के बाहर तालाब में उतराता हुआ मिला। परिजनों ने रंजिश के चलते हत्या कर शव तालाब में फेंके जाने का आरोप लगाया है। घटना के बाद मौके पर एकत्रित परिजनों व ग्रामीणों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर आक्रोश भी जताया। मौके पर पहुंचे पुलिस अफसरों ने परिजनों को समझाकर किसी तरह स्थिति को संभाला। इस मामले में पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ हत्या की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज किया गया है।
पुलिस उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। सीओ महमूदाबाद कपूर कुमार ने बताया कि 31 अक्तूबर को गुमशुदगी दर्ज की गई थी। परिजनों की तहरीर पर तीनों आरोपियों के खिलाफ हत्या की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। शरीर पर चोटों आदि के निशान स्पष्ट नहीं हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिजनों के अनुसार पिंटू भार्गव मजदूरी करते थे। 30 अक्तूबर की रात करीब साढ़े दस बजे शौच जाने की बात कहकर घर से निकले थे। इसके बाद वह लापता हो गए। काफी तलाश करने के बाद पिता इंदल ने पुलिस को तहरीर देकर गुमशुदगी दर्ज कराई थी। सोमवार सुबह गांव की उत्तर दिशा में फत्तेपुरवा चौराहे के निकट स्थित तालाब में पिंटू का शव उतराता मिला। पुलिस ने शव को तालाब से बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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परिजनों ने आरोप लगाया कि 24 अक्तूबर को फत्तेपुरवा चौराहे स्थित देशी शराब के ठेके पर मामूली कहासुनी हुई थी। इसके बाद ठेके के सेल्समैन मोतीलालपुरवा गांव निवासी अंकित, कन्हईपुरवा गांव निवासी पम्मू और लवकुश ने पिंटू की पिटाई की थी। साथ ही उसे जान से मारने की धमकी भी दी थी। आरोप है कि इन्हीं तीनों ने पिंटू की हत्या कर शव तालाब में फेंक दिया। पिंटू के दो भाई व एक बहन हैं। अभी किसी का विवाह नहीं हुआ है। पिता के पास सिर्फ चार बीघा जमीन है। इसलिए पिंटू मजदूरी करके अपना घर चलाते थे।
कब क्या हुआ
24 अक्तूबर: विवाद के बाद आरोपियों ने पिंटू की पिटाई की।
30 अक्तूबर: रात करीब साढ़े दस बजे पिंटू घर से निकले।
31 अक्तूबर: परिजनों ने पुलिस में गुमशुदगी दर्ज कराई।
2 नवंबर: सुबह करीब नौ बजे तालाब में पिंटू का शव मिला।
2 नवंबर: शव मिलने के बाद करीब दो घंटे तक मौके पर परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जमा रही।
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पुलिस उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। सीओ महमूदाबाद कपूर कुमार ने बताया कि 31 अक्तूबर को गुमशुदगी दर्ज की गई थी। परिजनों की तहरीर पर तीनों आरोपियों के खिलाफ हत्या की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। शरीर पर चोटों आदि के निशान स्पष्ट नहीं हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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परिजनों के अनुसार पिंटू भार्गव मजदूरी करते थे। 30 अक्तूबर की रात करीब साढ़े दस बजे शौच जाने की बात कहकर घर से निकले थे। इसके बाद वह लापता हो गए। काफी तलाश करने के बाद पिता इंदल ने पुलिस को तहरीर देकर गुमशुदगी दर्ज कराई थी। सोमवार सुबह गांव की उत्तर दिशा में फत्तेपुरवा चौराहे के निकट स्थित तालाब में पिंटू का शव उतराता मिला। पुलिस ने शव को तालाब से बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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परिजनों ने आरोप लगाया कि 24 अक्तूबर को फत्तेपुरवा चौराहे स्थित देशी शराब के ठेके पर मामूली कहासुनी हुई थी। इसके बाद ठेके के सेल्समैन मोतीलालपुरवा गांव निवासी अंकित, कन्हईपुरवा गांव निवासी पम्मू और लवकुश ने पिंटू की पिटाई की थी। साथ ही उसे जान से मारने की धमकी भी दी थी। आरोप है कि इन्हीं तीनों ने पिंटू की हत्या कर शव तालाब में फेंक दिया। पिंटू के दो भाई व एक बहन हैं। अभी किसी का विवाह नहीं हुआ है। पिता के पास सिर्फ चार बीघा जमीन है। इसलिए पिंटू मजदूरी करके अपना घर चलाते थे।
कब क्या हुआ
24 अक्तूबर: विवाद के बाद आरोपियों ने पिंटू की पिटाई की।
30 अक्तूबर: रात करीब साढ़े दस बजे पिंटू घर से निकले।
31 अक्तूबर: परिजनों ने पुलिस में गुमशुदगी दर्ज कराई।
2 नवंबर: सुबह करीब नौ बजे तालाब में पिंटू का शव मिला।
2 नवंबर: शव मिलने के बाद करीब दो घंटे तक मौके पर परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जमा रही।