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हिंदूवादी नेता के बेटे व भाई पर हमला
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महमूदाबाद सीएचसी पर भर्ती हिंदूवादी नेता स्व. कमलेश तिवारी के बेटे व भाई। - संवाद
- फोटो : SITAPUR
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महमूदाबाद (सीतापुर)। कोतवाली इलाके में रहने वाले हिंदूवादी नेता के बेटे पर कुछ लोगों ने जानलेवा हमला कर दिया। हमले में उनका बेटा और भाई बुरी तरह जख्मी हो गए। मामले में पुलिस ने छह लोगों के विरुद्ध केस दर्ज किया है। पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। एक महिला आरोपी फरार बताई जा रही है।
कोतवाली इलाके के मोहल्ला बेलदारी में हिंदूवादी नेता स्व. कमलेश तिवारी का बेटा सत्यम तिवारी रहता है। वह एलएलबी की पढ़ाई कर रहा है। शनिवार देर रात सत्यम अपने चाचा सोनू तिवारी के साथ नगर पालिका के मोहल्ला बन्नी में एक दुकान पर कुछ सामान खरीदने गया था। सत्यम ने बताया कि जब वह वहां पहुंचा तो दुुकानदार रितिक गुप्ता का मोहल्ले के कुछ दबंग लोगों से विवाद चल रहा था। इस पर सत्यम और उसके चाचा ने बीच बचाव का प्रयास किया।
आरोप है कि इस बीच दबंगों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से उन पर हमला कर दिया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। परिवारीजनों ने घायल सोनू और उसके चाचा को सीएचसी महमूदाबाद में भर्ती कराया। सीओ रविशंकर ने बताया कि मामले में तहरीर के आधार पर बन्नी वार्ड निवासी रिशू वर्मा, जयकरन, विजय वर्मा, संजय वर्मा और पप्पू वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। एक महिला आरोपी रानी फरार है। 10 से 12 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी केस दर्ज कर लिया गया है।
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बढ़ाई जा सकती है सुरक्षा
हिंदूवादी नेता रहे कमलेश तिवारी की हत्या वर्ष 2019 में राजधानी में की गई थी। इसके बाद से उनके परिवार के लोगों को सुरक्षा दी गई थी। कमलेश तिवारी अपने कामों से चर्चा में बने रहते थे। हत्या के बाद अब उनके बेटे पर हमला होने से पुलिस सतर्क हो गई है। सीओ ने बताया कि पहले से ही कमलेश तिवारी के परिवार को सुरक्षा प्रदान की जा चुकी है। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर सुरक्षा कड़ी कर दी जाएगी।
परिवार के सदस्यों को मिली है सुरक्षा
सत्यम और उनके चाचा जब घटनास्थल पर गए थे तब उनके साथ सुरक्षाकर्मी नहीं थी। उनके परिवार की सुरक्षा के लिए पूर्व से ही एक सेक्शन पीएसी बल और गार्ड लगाया गया है। पर वे कहीं भी सुरक्षाकर्मियों को लेकर नहीं जाते है। सत्यम से कहा गया है कि जब भी वह बाहर जाएं अपने साथ सुरक्षाकर्मियों को लेकर जाएं।
-एनपी सिंह, एएसपी साउथ
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कोतवाली इलाके के मोहल्ला बेलदारी में हिंदूवादी नेता स्व. कमलेश तिवारी का बेटा सत्यम तिवारी रहता है। वह एलएलबी की पढ़ाई कर रहा है। शनिवार देर रात सत्यम अपने चाचा सोनू तिवारी के साथ नगर पालिका के मोहल्ला बन्नी में एक दुकान पर कुछ सामान खरीदने गया था। सत्यम ने बताया कि जब वह वहां पहुंचा तो दुुकानदार रितिक गुप्ता का मोहल्ले के कुछ दबंग लोगों से विवाद चल रहा था। इस पर सत्यम और उसके चाचा ने बीच बचाव का प्रयास किया।
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आरोप है कि इस बीच दबंगों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से उन पर हमला कर दिया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। परिवारीजनों ने घायल सोनू और उसके चाचा को सीएचसी महमूदाबाद में भर्ती कराया। सीओ रविशंकर ने बताया कि मामले में तहरीर के आधार पर बन्नी वार्ड निवासी रिशू वर्मा, जयकरन, विजय वर्मा, संजय वर्मा और पप्पू वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। एक महिला आरोपी रानी फरार है। 10 से 12 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी केस दर्ज कर लिया गया है।
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बढ़ाई जा सकती है सुरक्षा
हिंदूवादी नेता रहे कमलेश तिवारी की हत्या वर्ष 2019 में राजधानी में की गई थी। इसके बाद से उनके परिवार के लोगों को सुरक्षा दी गई थी। कमलेश तिवारी अपने कामों से चर्चा में बने रहते थे। हत्या के बाद अब उनके बेटे पर हमला होने से पुलिस सतर्क हो गई है। सीओ ने बताया कि पहले से ही कमलेश तिवारी के परिवार को सुरक्षा प्रदान की जा चुकी है। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर सुरक्षा कड़ी कर दी जाएगी।
परिवार के सदस्यों को मिली है सुरक्षा
सत्यम और उनके चाचा जब घटनास्थल पर गए थे तब उनके साथ सुरक्षाकर्मी नहीं थी। उनके परिवार की सुरक्षा के लिए पूर्व से ही एक सेक्शन पीएसी बल और गार्ड लगाया गया है। पर वे कहीं भी सुरक्षाकर्मियों को लेकर नहीं जाते है। सत्यम से कहा गया है कि जब भी वह बाहर जाएं अपने साथ सुरक्षाकर्मियों को लेकर जाएं।
-एनपी सिंह, एएसपी साउथ