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हर्ष फायरिंग के आरोपी को सात वर्ष का कठोर कारावास
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सीतापुर। अपर सत्र न्यायाधीश राकेश वर्मा ने हर्ष फायरिंग से हुई मौत के मामले में एक आरोपी को सात वर्ष के कठोर कारावास व दस हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। इसी मामले में आरोपी को आयुध अधिनियम के तहत भी तीन वर्ष के कारावास से दंडित किया गया है। अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता वसी अहमद खां द्वारा की गई।
हरगांव थाना क्षेत्र के ग्राम दनियालपुर निवासी इंद्रपाल यादव के खिलाफ एक वरीक्षा समारोह में हर्ष फायरिंग करते हुए एक व्यक्ति को घायल करने व उसकी मौत हो जाने का मामला पंजीकृत किया गया था। अभियोजन पक्ष के मुुताबिक नौ फरवरी 2015 को दनियालपुर निवासी अमर सिंह के बेटे शेखर सिंह के वरीक्षा कार्यक्रम में आरोपी इंद्रपाल द्वारा की गई हर्ष फायरिंग में विशंभर नाम के एक व्यक्ति के हाथ में लगते हुए एक गोली मनोज यादव की पीठ पर जा लगी थी।
इलाज के दौरान गोली लगने से मनोज की मौत हो जाने के चलते यह मुकदमा गैर इरादतन हत्या के मामले में तरमीम करते हुए पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र प्रेषित किया था। न्यायालय ने अभियोजन पक्ष की ओर से आए साक्ष्य के बाद इस घटना को हर्ष फायरिंग का मामला पाते हुए आरोपी को दोषी करार देते हुए सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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हरगांव थाना क्षेत्र के ग्राम दनियालपुर निवासी इंद्रपाल यादव के खिलाफ एक वरीक्षा समारोह में हर्ष फायरिंग करते हुए एक व्यक्ति को घायल करने व उसकी मौत हो जाने का मामला पंजीकृत किया गया था। अभियोजन पक्ष के मुुताबिक नौ फरवरी 2015 को दनियालपुर निवासी अमर सिंह के बेटे शेखर सिंह के वरीक्षा कार्यक्रम में आरोपी इंद्रपाल द्वारा की गई हर्ष फायरिंग में विशंभर नाम के एक व्यक्ति के हाथ में लगते हुए एक गोली मनोज यादव की पीठ पर जा लगी थी।
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इलाज के दौरान गोली लगने से मनोज की मौत हो जाने के चलते यह मुकदमा गैर इरादतन हत्या के मामले में तरमीम करते हुए पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र प्रेषित किया था। न्यायालय ने अभियोजन पक्ष की ओर से आए साक्ष्य के बाद इस घटना को हर्ष फायरिंग का मामला पाते हुए आरोपी को दोषी करार देते हुए सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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