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एस्मा के बाद भी लेखपालों ने किया कार्य बहिष्कार
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सीतापुर। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की शासन से वार्ता विफल होने व लेखपालों की हड़ताल पर छह महीने की पाबंदी से संवर्ग में आक्रोश व्याप्त है। सोमवार को लेखपालों ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन में जिलेभर से लेखपाल जुटे। शासन के अड़ियल रुख से नाराज संघ ने धरने में ऐलान किया कि जब तक आठ सूत्रीय मांगों को पूरा नहीं किया जाएगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर क्रमिक आंदोलन में जिले के लेखपालों ने सदर तहसील प्रांगण में उपस्थित रहकर कार्य बहिष्कार एवं प्रदर्शन किया।
संघ के जिला मंत्री राधेश्याम यादव ने कहा कि राजस्व परिषद एवं सरकार हमारे आठ सूत्रीय मांग पत्र को जायज मान रही है लेकिन शासनादेश जारी न करके लेखपालों का उत्पीड़न कर रही है।
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जिलाध्यक्ष मोहम्मद इरसाद अहमद ने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से धरना प्रदर्शन कर रहे लेखपालों पर ऐस्मा की कार्यवाही एवं निलंबन व बर्खास्तगी का भय दिखाकर आंदोलन को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। इससे लेखपाल संवर्ग में असंतोष व्याप्त है।
लेखपाल संवर्ग ने निर्णय लिया है कि जब तक सरकार आठ सूत्रीय मांग पत्र के संबंध में शासनादेश जारी नहीं करती, आंदोलन अनवरत जारी रहेगा।
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प्रदर्शन में जिलेभर से लेखपाल जुटे। शासन के अड़ियल रुख से नाराज संघ ने धरने में ऐलान किया कि जब तक आठ सूत्रीय मांगों को पूरा नहीं किया जाएगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
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प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर क्रमिक आंदोलन में जिले के लेखपालों ने सदर तहसील प्रांगण में उपस्थित रहकर कार्य बहिष्कार एवं प्रदर्शन किया।
संघ के जिला मंत्री राधेश्याम यादव ने कहा कि राजस्व परिषद एवं सरकार हमारे आठ सूत्रीय मांग पत्र को जायज मान रही है लेकिन शासनादेश जारी न करके लेखपालों का उत्पीड़न कर रही है।
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जिलाध्यक्ष मोहम्मद इरसाद अहमद ने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से धरना प्रदर्शन कर रहे लेखपालों पर ऐस्मा की कार्यवाही एवं निलंबन व बर्खास्तगी का भय दिखाकर आंदोलन को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। इससे लेखपाल संवर्ग में असंतोष व्याप्त है।
लेखपाल संवर्ग ने निर्णय लिया है कि जब तक सरकार आठ सूत्रीय मांग पत्र के संबंध में शासनादेश जारी नहीं करती, आंदोलन अनवरत जारी रहेगा।