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बढ़ रहा कोरोना, तैयारियां हवा हवाई
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जिला अस्पताल के पीकू वार्ड में लगी वेलटीनेंटर मशीन। - संवाद
- फोटो : SITAPUR
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सीतापुर। जिले में कोरोना मरीजों की संख्या फिर बढ़ने लगी है। स्वास्थ्य महकमा मरीजों के इलाज का दावा तो कर रहा है, लेकिन तैयारियां आधी अधूरी है। जिला अस्पताल में छह बेड वाला प्राइवेट वार्ड रिजर्व कर दिया गया है लेकिन यहां पर न तो दवा है और न ही जरूरी संसाधन। कोविड के लिए किसी भी चिकित्सक की नियुक्ति नहीं हो सकी है। ऐसे में अगर किसी कोविड मरीज को भर्ती करने की जरूरत पड़ जाए तो अस्पताल प्रशासन की तरफ से सुविधाएं मिलना मुश्किल हो जाएंगी।
जिले में इस समय कोरोना संक्रमण बढ़ता जा रहा है। चार दिन पहले जिले में आठ मरीज मिले थे। इस समय जिले में सक्रिय केसों की संख्या 15 पहुंच गई है। कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे है। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से तैयारियां पूरी होने का दावा किया जा रहा है लेकिन यह दावा हकीकत से कोसो दूर है। जिला अस्पताल में कोविड मरीजों के लिए एल-टू बनाया गया है।
इस बार एल-टू को हड्डी वार्ड में नहीं बनाया गया है। इसकी जगह पर जिला अस्पताल के पीछे प्राइवेट वार्ड को कोरोना मरीजों के लिए रिजर्व किया गया है। इस वार्ड में संसाधनों का अभाव बना हुआ है।
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यहां पर अभी तक किसी भी चिकित्सक की नियुक्ति नहीं हो सकी है। दवाओं का भी संकट बना हुआ है। ऐसे में अगर किसी मरीज को भर्ती करके इलाज कराने की जरूरत पड़ जाए तो मरीज को अस्पताल में सुविधाएं मिलना मुश्किल हो जाएगी। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि तीसरी लहर के बाद अभी तक किसी भी मरीज को अस्पताल में भर्ती नहीं कराया गया है।
ऑक्सीजन प्लांट का हो रहा संचालन
जिला अस्पताल में इस समय राहत की बात यह है कि मरीजों को ऑक्सीजन देने के लिए यहां पर लगाया गया प्लांट चालू हालत में है। इस प्लांट के जरिये मरीजों को ऑक्सीजन दी जा रही है। इसी तरह महिला अस्पताल में लगा ऑक्सीजन प्लांट भी चालू है। अगर सीएचसी की बात की जाए तो महमूदाबाद व मिश्रिख में भी प्लांट चल रहा है। इससे मरीजों को ऑक्सीजन की कोई समस्या नहीं उठानी पड़ रही है।
सीएमओ स्तर से होती है तैयारी
जिला अस्पताल में कोविड वार्ड बना दिया गया है। इस वार्ड में सुविधाओं की जिम्मेदारी सीएमओ की होती है। दवाओं से लेकर संसाधन तक जुटाने का काम सीएमओ करेंगी। अभी तक इन वार्डों में ऐसी कोई सुविधा नहीं हो सकी है। केवल बेड ही आरक्षित किए गए है।
दूसरी लहर में भर्ती थे 60 से अधिक मरीज
कोरोना की दूसरी लहर में जिला अस्पताल का कोविड वार्ड फुल नजर आया था। उस समय हड्डी वार्ड को कोरोना मरीजों के लिए आरक्षित कर दिया गया था। वार्ड में 60 मरीज भर्ती थे। बढ़ती कोरोना मरीजों की तादाद को देखते हुए जगह की कमी पड़ रही थी। इस पर अन्य वार्डों को खाली कराया गया था।
जिला अस्पताल में कोविड मरीजों के लिए प्राइवेट वार्ड में रिजर्व कर दिया गया है। जब तक चिकित्सकों की नियुक्ति नहीं होती है तब तक जिला अस्पताल के ही चिकित्सक मरीजों को देखेंगे।
- डॉ. मधु गैरोला, सीएमओ
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जिले में इस समय कोरोना संक्रमण बढ़ता जा रहा है। चार दिन पहले जिले में आठ मरीज मिले थे। इस समय जिले में सक्रिय केसों की संख्या 15 पहुंच गई है। कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे है। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से तैयारियां पूरी होने का दावा किया जा रहा है लेकिन यह दावा हकीकत से कोसो दूर है। जिला अस्पताल में कोविड मरीजों के लिए एल-टू बनाया गया है।
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इस बार एल-टू को हड्डी वार्ड में नहीं बनाया गया है। इसकी जगह पर जिला अस्पताल के पीछे प्राइवेट वार्ड को कोरोना मरीजों के लिए रिजर्व किया गया है। इस वार्ड में संसाधनों का अभाव बना हुआ है।
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यहां पर अभी तक किसी भी चिकित्सक की नियुक्ति नहीं हो सकी है। दवाओं का भी संकट बना हुआ है। ऐसे में अगर किसी मरीज को भर्ती करके इलाज कराने की जरूरत पड़ जाए तो मरीज को अस्पताल में सुविधाएं मिलना मुश्किल हो जाएगी। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि तीसरी लहर के बाद अभी तक किसी भी मरीज को अस्पताल में भर्ती नहीं कराया गया है।
ऑक्सीजन प्लांट का हो रहा संचालन
जिला अस्पताल में इस समय राहत की बात यह है कि मरीजों को ऑक्सीजन देने के लिए यहां पर लगाया गया प्लांट चालू हालत में है। इस प्लांट के जरिये मरीजों को ऑक्सीजन दी जा रही है। इसी तरह महिला अस्पताल में लगा ऑक्सीजन प्लांट भी चालू है। अगर सीएचसी की बात की जाए तो महमूदाबाद व मिश्रिख में भी प्लांट चल रहा है। इससे मरीजों को ऑक्सीजन की कोई समस्या नहीं उठानी पड़ रही है।
सीएमओ स्तर से होती है तैयारी
जिला अस्पताल में कोविड वार्ड बना दिया गया है। इस वार्ड में सुविधाओं की जिम्मेदारी सीएमओ की होती है। दवाओं से लेकर संसाधन तक जुटाने का काम सीएमओ करेंगी। अभी तक इन वार्डों में ऐसी कोई सुविधा नहीं हो सकी है। केवल बेड ही आरक्षित किए गए है।
दूसरी लहर में भर्ती थे 60 से अधिक मरीज
कोरोना की दूसरी लहर में जिला अस्पताल का कोविड वार्ड फुल नजर आया था। उस समय हड्डी वार्ड को कोरोना मरीजों के लिए आरक्षित कर दिया गया था। वार्ड में 60 मरीज भर्ती थे। बढ़ती कोरोना मरीजों की तादाद को देखते हुए जगह की कमी पड़ रही थी। इस पर अन्य वार्डों को खाली कराया गया था।
जिला अस्पताल में कोविड मरीजों के लिए प्राइवेट वार्ड में रिजर्व कर दिया गया है। जब तक चिकित्सकों की नियुक्ति नहीं होती है तब तक जिला अस्पताल के ही चिकित्सक मरीजों को देखेंगे।
- डॉ. मधु गैरोला, सीएमओ