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निरीक्षण में बंद मिले 70 आंगनबाड़ी केंद्र
Amarujala Bureau
Updated Thu, 01 Sep 2016 11:04 PM IST
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बंद मिला आंगनबाड़ी केंद्र।
- फोटो : अमर उजाला
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जिले में हौसला पोषण योजना की हालत पतली है। योजना के बेहतर क्रियान्वयन के लिए बीते दिनों हुए मुआयने में 73 आंगनबाड़ी केंद्र बंद मिले। इस पर सीडीओ ने नाराजगी जताते हुए लापरवाह सीडीपीओ व मुख्य सेविका को चेतावनी दी है। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों से स्पष्टीकरण मांगा है।
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सीतापुर जनपद में 10 अगस्त से हौसला पोषण योजना शुरू हुई थी। योजना में प्रतिदिन अलग-अलग मेन्यू के तहत गर्भवती व अतिकुपोषित बच्चों को गर्म व ताजा भोजन उपलब्ध कराया जाता है। योजना के बेहतर संचालन के लिए जिला प्रशासन ने अफसरों की टीम गठित कर उनसे आंगनबाड़ी केंद्रों की जांच कराई गई थी।
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27 अगस्त की जांच में 70 केंद्र बंद मिले। जबकि डीपीओ रंजना सिन्हा ने 31 अगस्त को कसमंडा व सिधौली के पांच केंद्रों का निरीक्षण किया, इनमें तीन बंद मिले थे। इस पर सीडीओ ने संबधित सीडीपीओ व मुख्य सेविका को चेतावनी देते हुए आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों से स्पष्टीकरण तलब किया है।
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सभी खुले मिले केंद्र
जिला कार्यक्रम अधिकारी रंजना सिन्हा ने एक सितंबर को खैराबाद क्षेत्र के पांच केंद्रों का निरीक्षण किया। मुआयने में केंद्र तो सभी खुले पाए गए। भोजन बनता भी बनता मिला। लेकिन गर्भवती व अतिकुपोषित बच्चों की संख्या कम मिली।
सात सदस्यीय कमेटी गठित
बंद पाए इन केंद्रों को लेकर सीडीओ ने सात सदस्यीय जिला स्तरीय अफसरों की एक कमेटी गठित की है। इस कमेटी को ब्लॉकवार जिम्मेदारी सौंपी गई है। एक सप्ताह में यह कमेटी केंद्रों सत्यापन कर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।
7386 कार्मिकों का डाटा ऑनलाइन
अब आंगनबाड़ी केंद्रों की कार्यकर्त्री व सहायिका को वेतन के लिए दो चार नहीं होना पडे़गा। जिले की 7386 कार्मिकों का डाटा अब पीएफएमएस पर फीड कर दिया गया है। जिसके चलते अब इन लोगों के मानदेय सीधे खातों में प्रतिमाह पहुंचेंगे।