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आग से दो घर राख
Updated Wed, 10 Jan 2018 12:33 AM IST
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सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बैरागीपुर की घटना
महमूदाबाद (सीतापुर)। सदरपुर थाना क्षेत्र में पत्नी के संग रिश्तेदारी में गए एक गृहस्वामी के घर में आग लग गई। आग लगते देख ग्रामीणों ने आननफानन घर पर मौजूद तीन बच्चों को सकुशल बचा लिया, लेकिन उसका व उसके पड़ोसी का घर जलकर राख हो गया। पीड़ित गृहस्वामी बच्चों की जान बचाने को लेकर गांव के लोगों का आभार जता रहा है।
सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बैरागीपुर मजरे बजेहरा निवासी राम कुमार सोमवार को अपनी पत्नी के साथ रिश्तेदारी में गया था। घर पर उसके तीन बच्चे खुशबू (14), दीपक (12) तथा शालिनी (8) ही मौजूद थे। सोमवार रात बच्चे खाना खाकर सो गए। रात करीब साढ़े दस बजे राम कुमार के घर किन्हीं कारणों से आग लग गई।
देखते ही घर लपटों से घिर गया। इसी बीच पड़ोस में रहने वाले परिवारों की नींद टूट गई। लोगों को पता था कि गृहस्वामी बाहर गया है, बच्चे घर पर मौजूद हैं। पड़ोसियों ने आननफानन घर में घुसकर तीनों बच्चों को बाहर निकाला। तब तक आग विकराल रूप ले चुकी थी। जिससे पड़ोस के विपिन कुमार का भी घर आग की चपेट में आ गया।
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ग्रामीणों ने दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक रामकुमार व विपिन के घर व उनमें रखा सामान जलकर राख हो चुका था। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे रामकुमार ने गांव के लोगों का आभार जताते हुए कहा, कि उसे अपना आशियाना खाक में मिल जाने का गम तो है, लेकिन एक खुशी है, कि उसके तीनों बच्चों को गांव के लोगों ने सकुशल बचा लिया। आग किन कारणों से लगी, इस बात का पता नहीं चल सका है।
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महमूदाबाद (सीतापुर)। सदरपुर थाना क्षेत्र में पत्नी के संग रिश्तेदारी में गए एक गृहस्वामी के घर में आग लग गई। आग लगते देख ग्रामीणों ने आननफानन घर पर मौजूद तीन बच्चों को सकुशल बचा लिया, लेकिन उसका व उसके पड़ोसी का घर जलकर राख हो गया। पीड़ित गृहस्वामी बच्चों की जान बचाने को लेकर गांव के लोगों का आभार जता रहा है।
सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बैरागीपुर मजरे बजेहरा निवासी राम कुमार सोमवार को अपनी पत्नी के साथ रिश्तेदारी में गया था। घर पर उसके तीन बच्चे खुशबू (14), दीपक (12) तथा शालिनी (8) ही मौजूद थे। सोमवार रात बच्चे खाना खाकर सो गए। रात करीब साढ़े दस बजे राम कुमार के घर किन्हीं कारणों से आग लग गई।
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देखते ही घर लपटों से घिर गया। इसी बीच पड़ोस में रहने वाले परिवारों की नींद टूट गई। लोगों को पता था कि गृहस्वामी बाहर गया है, बच्चे घर पर मौजूद हैं। पड़ोसियों ने आननफानन घर में घुसकर तीनों बच्चों को बाहर निकाला। तब तक आग विकराल रूप ले चुकी थी। जिससे पड़ोस के विपिन कुमार का भी घर आग की चपेट में आ गया।
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ग्रामीणों ने दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक रामकुमार व विपिन के घर व उनमें रखा सामान जलकर राख हो चुका था। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे रामकुमार ने गांव के लोगों का आभार जताते हुए कहा, कि उसे अपना आशियाना खाक में मिल जाने का गम तो है, लेकिन एक खुशी है, कि उसके तीनों बच्चों को गांव के लोगों ने सकुशल बचा लिया। आग किन कारणों से लगी, इस बात का पता नहीं चल सका है।