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Siddharthnagar News: बालश्रम मुक्त गांव बनाने पर जोर, शिक्षा से जोड़े जाएंगे बच्चे
Thu, 10 Sep 2026 11:06 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Thu, 10 Sep 2026 11:06 PM IST
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सिद्धार्थनगर। खेसरहा ब्लॉक को बाल श्रममुक्त बनाने को लेकर बृहस्पतिवार को बीडीओ की अध्यक्षता में समस्त ग्राम पंचायत सचिवों की बैठक हुई। इसमें ग्राम पंचायत स्तर पर बाल श्रमिक बच्चों को चिह्नित कर उन्हें शिक्षा और सरकार की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने पर जोर दिया गया।
मानव संसाधन व महिला विकास संस्थान के जिला समन्वयक प्रसून शुक्ला ने कहा कि ग्राम पंचायत सचिव अपने-अपने गांवों में 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को चिह्नित कर उनके परिवार की सामाजिक व आर्थिक स्थिति की जानकारी जुटाएं। पात्र बच्चों का विद्यालय में नामांकन या पुनः प्रवेश कराने के साथ उन्हें मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, अटल आवासीय विद्यालय, संत रविदास शिक्षा प्रोत्साहन योजना सहित अन्य योजनाओं का लाभ दिलाया जाए। बालश्रम या संकट में फंसे बच्चे की सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और पुलिस हेल्पलाइन 112 पर देने के लिए लोगों को जागरूक करने की अपील की गई। मुख्यमंत्री शोधार्थी दुर्गेश कुमार गुप्ता ने बालश्रम के दुष्प्रभाव और इसके उन्मूलन में ग्राम पंचायतों की भूमिका पर प्रकाश डाला। एवीए के जिला समन्वयक अभिनव द्विवेदी ने कहा कि सामुदायिक सहभागिता से ही बच्चों को बाल श्रम से मुक्त कर शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षा से जोड़ा जा सकता है। सहायक विकास अधिकारी (ग्राम विकास) अमिताभ राय ने उपस्थित अधिकारियों और ग्राम पंचायत सचिवों को बालश्रम मुक्त विकासखंड बनाने की शपथ दिलाई। इस दौरान शिव शंकर, ब्लॉक कोऑर्डिनेटर सोनम मोदनवाल आदि मौजूद रहे।
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मानव संसाधन व महिला विकास संस्थान के जिला समन्वयक प्रसून शुक्ला ने कहा कि ग्राम पंचायत सचिव अपने-अपने गांवों में 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को चिह्नित कर उनके परिवार की सामाजिक व आर्थिक स्थिति की जानकारी जुटाएं। पात्र बच्चों का विद्यालय में नामांकन या पुनः प्रवेश कराने के साथ उन्हें मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, अटल आवासीय विद्यालय, संत रविदास शिक्षा प्रोत्साहन योजना सहित अन्य योजनाओं का लाभ दिलाया जाए। बालश्रम या संकट में फंसे बच्चे की सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और पुलिस हेल्पलाइन 112 पर देने के लिए लोगों को जागरूक करने की अपील की गई। मुख्यमंत्री शोधार्थी दुर्गेश कुमार गुप्ता ने बालश्रम के दुष्प्रभाव और इसके उन्मूलन में ग्राम पंचायतों की भूमिका पर प्रकाश डाला। एवीए के जिला समन्वयक अभिनव द्विवेदी ने कहा कि सामुदायिक सहभागिता से ही बच्चों को बाल श्रम से मुक्त कर शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षा से जोड़ा जा सकता है। सहायक विकास अधिकारी (ग्राम विकास) अमिताभ राय ने उपस्थित अधिकारियों और ग्राम पंचायत सचिवों को बालश्रम मुक्त विकासखंड बनाने की शपथ दिलाई। इस दौरान शिव शंकर, ब्लॉक कोऑर्डिनेटर सोनम मोदनवाल आदि मौजूद रहे।
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