{"_id":"589df3f24f1c1b2b62378340","slug":"rape-with-tenager","type":"story","status":"publish","title_hn":"घर में घुसकर दिव्यांग किशोर से कुकर्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
घर में घुसकर दिव्यांग किशोर से कुकर्म
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
Updated Fri, 10 Feb 2017 10:40 PM IST
विज्ञापन
घटनास्थल की जांच-पड़ताल करते एएसपी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिद्धार्थनगर। थाना क्षेत्र के एक गांव में चंदा मांगने के बहाने अधिवक्ता के घर में घुसकर बदमाशों ने दिव्यांग किशोर के साथ कुकर्म किया। लूट की नीयत से घुसे बदमाशों ने पहले उसके साथ मारपीट की और फिर हाथ-पैर, मुंह बांधकर लकड़ी के बक्शे में बंद कर दिया। उसके बाद किशोर के गुप्तांग में डियोड्रेंट की बोतल डाल दी। घटना के वक्त किशोर घर में अकेला था। परिवारवालों को इसकी जानकारी गुरुवार की देर शाम घर लौटने पर हुई। गंभीर हालत में किशोर को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उसे गोरखपुर रेफर कर दिया गया है। शुक्रवार की सुबह मौके पर पहुंचकर पुलिस ने छानबीन की। पीड़ित की तहरीर पर चार अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूटपाट की कोशिश व पास्को एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। घटना से गुस्साए अधिवक्ताओं ने कार्य बहिष्कार किया। साथ ही एसपी से मिलकर बदमाशों के शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की।
डुमरियागंज निवासी एक अधिवक्ता सिद्धार्थनगर क्षेत्र के एक गांव में मकान बनाकर रहते हैं। उनकी पत्नी पास के ही प्राथमिक विद्यालय में शिक्षिका हैं। गुरुवार की सुबह दोनों काम पर चले गए। घर में पैर से दिव्यांग उनका 15 वर्षीय पुत्र अकेला था। बताते हैं कि दोपहर करीब 12 बजे चार की संख्या में अज्ञात लोग दरवाजे पर पहुंचे और चंदा मांगने लगे। किशोर ने घर में किसी के न होने का हवाला दिया तो बदमाशों ने चावल आदि लाने को कहा। जैसे ही किशोर अंदर की ओर मुड़ा, बदमाश घर में प्रवेश कर गए और दरवाजा बंद कर दिया। आलमारी और बक्शे की चाबी देने से इनकार करने पर किशोर के साथ मारपीट की और फिर बंधक बना लिया।
उसके गुप्तांग में डियोड्रेंट की बोतल डालकर लकड़ी के बक्शे में बंद कर फरार हो गए। देर शाम पत्नी समेत अधिवक्ता घर लौटे तो बेटे को गायब देख खोजबीन करने लगे। काफी देर बाद लकड़ी के बक्शे में किशोर बेसुध हाल में पड़ा मिला। उसे तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां से हालत गंभीर देख डॉक्टरों ने गोरखपुर रेफर कर दिया है। शुक्रवार की सुबह एएसपी अशोक कुमार ने मौके पर छानबीन की। सदर एसओ शादाब खान के मुताबिक पीड़ित अधिवक्ता की तहरीर पर चार अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूटपाट की कोशिश और पास्को एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
विज्ञापन
एसपी से मिले अधिवक्ता, कामकाज ठप रखा
घटना की जानकारी मिलते ही अधिवक्ता संघ आक्रोशित हो गया। शुक्रवार की सुबह अधिवक्ताओं का प्रतिनिधिमंडल एसपी राकेश शंकर से मिलकर और बदमाशों के शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। एसपी ने आश्वस्त किया कि आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, शुक्रवार को अधिवक्ताओं ने न्यायालय में भी काम-काज ठप रखा। कार्य बहिष्कार कर चेतावनी दी कि अगर पुलिस कड़े कदम नहीं उठाती तो संघ आंदोलन को बाध्य होगा।
विज्ञापन
डुमरियागंज निवासी एक अधिवक्ता सिद्धार्थनगर क्षेत्र के एक गांव में मकान बनाकर रहते हैं। उनकी पत्नी पास के ही प्राथमिक विद्यालय में शिक्षिका हैं। गुरुवार की सुबह दोनों काम पर चले गए। घर में पैर से दिव्यांग उनका 15 वर्षीय पुत्र अकेला था। बताते हैं कि दोपहर करीब 12 बजे चार की संख्या में अज्ञात लोग दरवाजे पर पहुंचे और चंदा मांगने लगे। किशोर ने घर में किसी के न होने का हवाला दिया तो बदमाशों ने चावल आदि लाने को कहा। जैसे ही किशोर अंदर की ओर मुड़ा, बदमाश घर में प्रवेश कर गए और दरवाजा बंद कर दिया। आलमारी और बक्शे की चाबी देने से इनकार करने पर किशोर के साथ मारपीट की और फिर बंधक बना लिया।
विज्ञापन
उसके गुप्तांग में डियोड्रेंट की बोतल डालकर लकड़ी के बक्शे में बंद कर फरार हो गए। देर शाम पत्नी समेत अधिवक्ता घर लौटे तो बेटे को गायब देख खोजबीन करने लगे। काफी देर बाद लकड़ी के बक्शे में किशोर बेसुध हाल में पड़ा मिला। उसे तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां से हालत गंभीर देख डॉक्टरों ने गोरखपुर रेफर कर दिया है। शुक्रवार की सुबह एएसपी अशोक कुमार ने मौके पर छानबीन की। सदर एसओ शादाब खान के मुताबिक पीड़ित अधिवक्ता की तहरीर पर चार अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूटपाट की कोशिश और पास्को एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
विज्ञापन
एसपी से मिले अधिवक्ता, कामकाज ठप रखा
घटना की जानकारी मिलते ही अधिवक्ता संघ आक्रोशित हो गया। शुक्रवार की सुबह अधिवक्ताओं का प्रतिनिधिमंडल एसपी राकेश शंकर से मिलकर और बदमाशों के शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। एसपी ने आश्वस्त किया कि आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, शुक्रवार को अधिवक्ताओं ने न्यायालय में भी काम-काज ठप रखा। कार्य बहिष्कार कर चेतावनी दी कि अगर पुलिस कड़े कदम नहीं उठाती तो संघ आंदोलन को बाध्य होगा।