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Siddharthnagar News: बिजली कटाैती ने बढ़ाई मुसीबत
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तुलसियापुर। बारिश व उमस के इस मौसम में एक तरफ लोग उमस से परेशान हैं तो दूसरी तरफ रोस्टिंग के नाम पर रात में बिजली कटौती हो रही है। इससे उपभोक्ताओं की परेशानी में और अधिक बढ़ोतरी हो जा रही है। बढ़नी ब्लाॅक के ढेबरुआ व बोली पावर हाउस के उपभोक्ता इस समय काटी जा रही बिजली से काफी परेशान हैं। उन्होंने पीवीवीएनएल के अधिकारियों से रात में कटौती रोकने की मांग की है।
ढेबरुआ पावर हाउस से लगभग चार दर्जन ग्राम पंचायतों के हजारों उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति होती है। उपभोक्ता प्रदीप अग्रहरि, रामू गुप्ता, शहंशाह आलम, रघुनाथ, रामप्रसाद आदि के मुताबिक दिन में तो बिजली ठीक आती है लेकिन रात शुरू होते ही बिजली की आंख मिचौली शुरु हो जाती है।
रात में दो-तीन बार रोस्टिंग के नाम पर आठ-आठ घंटे बिजली काट दी जाती है। मौजूदा समय में बारिश न होने के कारण उमस अधिक रहती है, बिजली ही एक मात्र सहारा होती है लेकिन वह भी धोखा दे रही है। उपभोक्ताओं ने बताया कि शनिवार को सायं छह बजे से लगातार कई बार बिजली कटी।
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शनिवार को 6:10 बजे पर रोस्टिंग के नाम पर बिजली काट दी गई और फिर रात 8:40 बजे बिजली आई। इसके बाद फिर रात 9:20 बजहे दो घंटे के लिए काट दी गई है। रात 11:20 बजे बिजली दी गई। इसके बाद पुनः कई बार बिजली आती-जाती रही और रविवार को सुबह 6:05 बजे सप्लाई दी गई।
उपभोक्ताओं ने पीवीवीएनएल के अधिकारियों से मांग की कि भीषण गर्मी व उमस और क्षेत्र नेपाल के सीमावर्ती होने के कारण रात्रिकालीन बिजली कटौती न की जाए।बिजली कटौती करनी ही है तो सायं पांच-छः बजे से 9-10 बजे तक कर लें।
-उच्चाधिकारियों के निर्देश पर रोस्टिंग के तहत बिजली काटी जा रही है। गर्मी में बिजली खर्च बढ़ जाता है इस कारण लोड अधिक हो जाता है। सिस्टम की बेहतरी के लिए ओवरलोडिंग को सामान्य करने के लिए कटौती करनी पड़ जाती है।
-सत्येंद्र कुमार, जेई, ढेबरुआ पाॅवर हाउस
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ढेबरुआ पावर हाउस से लगभग चार दर्जन ग्राम पंचायतों के हजारों उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति होती है। उपभोक्ता प्रदीप अग्रहरि, रामू गुप्ता, शहंशाह आलम, रघुनाथ, रामप्रसाद आदि के मुताबिक दिन में तो बिजली ठीक आती है लेकिन रात शुरू होते ही बिजली की आंख मिचौली शुरु हो जाती है।
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रात में दो-तीन बार रोस्टिंग के नाम पर आठ-आठ घंटे बिजली काट दी जाती है। मौजूदा समय में बारिश न होने के कारण उमस अधिक रहती है, बिजली ही एक मात्र सहारा होती है लेकिन वह भी धोखा दे रही है। उपभोक्ताओं ने बताया कि शनिवार को सायं छह बजे से लगातार कई बार बिजली कटी।
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शनिवार को 6:10 बजे पर रोस्टिंग के नाम पर बिजली काट दी गई और फिर रात 8:40 बजे बिजली आई। इसके बाद फिर रात 9:20 बजहे दो घंटे के लिए काट दी गई है। रात 11:20 बजे बिजली दी गई। इसके बाद पुनः कई बार बिजली आती-जाती रही और रविवार को सुबह 6:05 बजे सप्लाई दी गई।
उपभोक्ताओं ने पीवीवीएनएल के अधिकारियों से मांग की कि भीषण गर्मी व उमस और क्षेत्र नेपाल के सीमावर्ती होने के कारण रात्रिकालीन बिजली कटौती न की जाए।बिजली कटौती करनी ही है तो सायं पांच-छः बजे से 9-10 बजे तक कर लें।
-उच्चाधिकारियों के निर्देश पर रोस्टिंग के तहत बिजली काटी जा रही है। गर्मी में बिजली खर्च बढ़ जाता है इस कारण लोड अधिक हो जाता है। सिस्टम की बेहतरी के लिए ओवरलोडिंग को सामान्य करने के लिए कटौती करनी पड़ जाती है।
-सत्येंद्र कुमार, जेई, ढेबरुआ पाॅवर हाउस