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Siddharthnagar News: बूढ़ी राप्ती लाल निशान के पार, अन्य नदियों में भी उफान

Mon, 03 Jul 2023 12:19 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 03 Jul 2023 12:19 AM IST
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Old Rapti crosses red mark, other rivers also in spate
नेपाल में बारिश का असर :
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20 घंटे में 2.5 मीटर से अधिक बढ़ा बूढ़ी राप्ती का जलस्तर, धीरे-धीरे बढ़ रहा राप्ती नदी का
पानीबाढ़ की आशंका से प्रशासन सतर्क, बांधों पर निगरानी करने लगे हैं सिंचाई विभाग के कर्मचारी, किनारे बसे लोगों की धड़कनें बढ़ीं
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। नेपाल में हुई बारिश से जिले की बूढ़ी राप्ती नदी में उफान आ गया है। धीरे-धीरे बढ़ रहा बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर बीते 20 घंटे में ढाई मीटर ऊपर पहुंच खतरे के लाल निशान को पार कर गया है। वहीं, राप्ती, कूड़ा, घोघी व बानगंगा नदियों का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है। इस कारण प्रशासन अलर्ट हो गया है। सिंचाई विभाग के कर्मचारी बांधों की निगरानी करने लगे हैं। जबकि नदी के किनारे रहने वाले लोगों की धड़कनें बढ़ गईं हैं।
पिछले चार दिनों से नेपाल और जिले में रुक-रुककर बारिश हो रही है। इससे जिले की नदियों का जलस्तर दूसरे दिन से ही बढ़ने लगा था। शनिवार शाम चार बजे ककरही पुल पर 83.090 मीटर रहा बूढ़ी राप्ती का जलस्तर रविवार सुबह आठ बजे तक 85.800 मीटर पर पहुंच गया। जो खतरे के निशान 95.650 मीटर से .150 मीटर अधिक है।
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सिंचाई विभाग के अनुसार बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर स्थिर हो गया है, लेकिन अगर नेपाल और जिले में और बारिश हुई तो सभी नदियों का जलस्तर बढ़ेगा, जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ जाएगा।
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बाढ़ पीड़ितों का कहना है कि नदी में पानी बढ़ने से भले गांव जलमग्न नहीं हों, लेकिन कटान होने लगती है। जलस्तर बढ़ने के साथ ही बूढ़ी राप्ती नदी हथिवड़ताल गांव के तिवारीपुर टोला और जोगिया क्षेत्र के फत्तेपुर में कटान करने लगी है। लोगों का कहना है कि जब नदी का जलस्तर घटता है तब भी कटान होती है, जिससे घर, बाग और खेत नदी में विलीन हो जाते हैं।
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बाढ़ का पानी बांध से सटेगा तो बढ़ेगा खतरा
बाढ़ विशेषज्ञों का कहना है कि जब नदी का जलस्तर बढ़ता है और बाढ़ का पानी बांध से एक मीटर तक सटता है तो बांध में बने चूहों के बिल से रिसाव शुरू हो जाता है, जिससे बांध टूटने का खतरा बढ़ जाता है। अधिक पानी होने पर बारिश से क्षतिग्रस्त बांधों पर भी खतरा मंडराने लगता है। अभी कई नदियों का जलस्तर से तलहटी में बना हुआ है, जिससे किनारे की तरफ कटान बढ़ गई है।
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दरक रहे ठोकर के गैप की शुरू हुई मरम्मत

नेपाल में लगातार बारिश के कारण शोहरतगढ़ तहसील के खैरी शीतल प्रसाद ग्राम पंचायत के टीकर व करौता टोले के बीच बह रही घोरही नदी पर स्थित पुल के पूर्वी छोर पर शनिवार को पिछले वर्ष बने ठोकर पर मिट्टी खिसकने लगी थी। विधायक विनय वर्मा की सूचना पर जिलाधिकारी संजीव रंजन ने शोहरतगढ़ एसडीएम को शनिवार को मौके पर भेजा। साथ ही पीडब्ल्यूडी को मरम्मत कार्य शुरू करने का निर्देश दिया। रविवार को पीडब्ल्यूडी कर्मियों ने गैप में सीमेंट व राबिश डालकर गैप भरने का काम शुरू किया है। पीडब्ल्यडी के अवर अभियंता प्रभात कुमार पांडेय ने बताया कि बंधे का मरम्मत कार्य शुरू कर दिया गया है।

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नदियां का जलस्तर (मीटर में)



नदी खतरे का स्तर शनिवार रविवार

राप्ती 84.900 80.710 80.770

बूढ़ी राप्ती 85.650 83.090 85.800
कूड़ा 83.520 77.750 81.300



घोघी 87.000 83.20 84.55

बानगंगा 93.420 93.30 91.20



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लगातार बारिश से नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। बूढ़ी राप्ती को छोड़ अन्य नदियां खतरे के निशान से नीचे है, बांधों एवं कटान स्थलों पर लगातार निगरानी की जा रही है।
आरके नेहरा, अधिशासी अभियंता ड्रेनेज खंड
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