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अप्प दीपो भव का प्रकाश फैलाएंगे मेधावी
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‘अप्प दीपो भव’ का प्रकाश फैलाएंगे मेधावी
टॉपरों ने बताया शिक्षक बन कर शिक्षा की गुणवत्ता सुधारना ही लक्ष्य
ऐहतेशाम उद्दीन अहमद
सिद्धार्थनगर। महात्मा बुद्ध का संदेश ‘अप्प दीपो भव’ यानी अपना प्रकाश स्वयं बनो को सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के टॉपर विद्यार्थी शिक्षा के रूप में फैलाने को तत्पर हैं। विभिन्न विषयों में महारत हासिल करने वाले टॉपर विद्यार्थी अब शिक्षक बनकर देश में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने का लक्ष्य लिए हुए हैं।
एमए रक्षा अध्ययन में गोल्ड मेडल हासिल करने वाले अनुज चतुर्वेदी कहते हैं कि एक सैनिक के जीवन से प्रेरणा लेकर उन्होंने यह विषय चुना। शोध के बाद शिक्षा के क्षेत्र में जाएंगे और छात्रों में देशभक्ति, देश की रक्षा का अलख जलाएंगे। एमएससी लाइफ साइंस विषय में टॉप करने वाली सुमय्या परवीन लोगों का जीवन बेहतर बनाने के लिए पीएचडी करने की तैयारी में हैं। सुमय्या कहती है कि भविष्य बायो इलेक्ट्रॅनिक्स का है। देश में इस विषय को बढ़ाने में प्रमुख भूमिका निभाने की तैयारी कर रही हैं। एमएससी गणित टॉप करने वाली वैशाली गुप्ता भी लेक्चरर बनकर गणित विषय पढ़ाने की तैयारी कर रही हैं। चाकरचौड़ा नेपाल की सीमा जायसवाल एमकॉम टॉपर हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत से प्रेरित सीमा कहती हैं कि वह कॉमर्स प्रवक्ता बनकर युवाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देंगी। एमए राजनीतिशास्त्र टॉपर अपर्णा पांडेय कहती हैं कि पुरुष सत्तात्मक कही जाने वाली राजनीति में महिलाएं आगे बढ़ रही हैं। वह प्रवक्ता बनकर महिलाओं में अंतरराष्ट्रीय स्तर की राजनीति का ज्ञान देंगी। उर्दू एमए टॉपर समीरा कहती हैं कि यह भाषा हमेशा भारती की गंगा-जमुनी तहजीब का प्रतीक रही है। उर्दू जुबान की लेक्चरर बनकर वह इस भाषा की अहमियत से छात्रों को रूबरू कराना चाहती हैं। एमएससी कृषि टॉपर सत्येंद्र कुमार कहते हैं कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ कृषि है। प्रवक्ता बनकर वह विद्यार्थियों को उन्नत कृषि के गुर सिखाना चाहते हैं ताकि देश का युवा आत्मनिर्भर बन सके। स्नातक में विभिन्न विषयों में टॉप करने वाले विद्यार्थी भी देश में शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए भविष्य में शिक्षण कार्य करने के इच्छुक दिखे।
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टॉपरों ने बताया शिक्षक बन कर शिक्षा की गुणवत्ता सुधारना ही लक्ष्य
ऐहतेशाम उद्दीन अहमद
सिद्धार्थनगर। महात्मा बुद्ध का संदेश ‘अप्प दीपो भव’ यानी अपना प्रकाश स्वयं बनो को सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के टॉपर विद्यार्थी शिक्षा के रूप में फैलाने को तत्पर हैं। विभिन्न विषयों में महारत हासिल करने वाले टॉपर विद्यार्थी अब शिक्षक बनकर देश में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने का लक्ष्य लिए हुए हैं।
एमए रक्षा अध्ययन में गोल्ड मेडल हासिल करने वाले अनुज चतुर्वेदी कहते हैं कि एक सैनिक के जीवन से प्रेरणा लेकर उन्होंने यह विषय चुना। शोध के बाद शिक्षा के क्षेत्र में जाएंगे और छात्रों में देशभक्ति, देश की रक्षा का अलख जलाएंगे। एमएससी लाइफ साइंस विषय में टॉप करने वाली सुमय्या परवीन लोगों का जीवन बेहतर बनाने के लिए पीएचडी करने की तैयारी में हैं। सुमय्या कहती है कि भविष्य बायो इलेक्ट्रॅनिक्स का है। देश में इस विषय को बढ़ाने में प्रमुख भूमिका निभाने की तैयारी कर रही हैं। एमएससी गणित टॉप करने वाली वैशाली गुप्ता भी लेक्चरर बनकर गणित विषय पढ़ाने की तैयारी कर रही हैं। चाकरचौड़ा नेपाल की सीमा जायसवाल एमकॉम टॉपर हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत से प्रेरित सीमा कहती हैं कि वह कॉमर्स प्रवक्ता बनकर युवाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देंगी। एमए राजनीतिशास्त्र टॉपर अपर्णा पांडेय कहती हैं कि पुरुष सत्तात्मक कही जाने वाली राजनीति में महिलाएं आगे बढ़ रही हैं। वह प्रवक्ता बनकर महिलाओं में अंतरराष्ट्रीय स्तर की राजनीति का ज्ञान देंगी। उर्दू एमए टॉपर समीरा कहती हैं कि यह भाषा हमेशा भारती की गंगा-जमुनी तहजीब का प्रतीक रही है। उर्दू जुबान की लेक्चरर बनकर वह इस भाषा की अहमियत से छात्रों को रूबरू कराना चाहती हैं। एमएससी कृषि टॉपर सत्येंद्र कुमार कहते हैं कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ कृषि है। प्रवक्ता बनकर वह विद्यार्थियों को उन्नत कृषि के गुर सिखाना चाहते हैं ताकि देश का युवा आत्मनिर्भर बन सके। स्नातक में विभिन्न विषयों में टॉप करने वाले विद्यार्थी भी देश में शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए भविष्य में शिक्षण कार्य करने के इच्छुक दिखे।
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