{"_id":"69b5bc95d64f9d05d70d940a","slug":"kaunkati-intersection-under-the-grip-of-encroachment-siddharthnagar-news-c-227-1-sdn1035-155009-2026-03-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: अतिक्रमण की चपेट में कौनकटी चौराहा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: अतिक्रमण की चपेट में कौनकटी चौराहा
Sun, 15 Mar 2026 01:22 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sun, 15 Mar 2026 01:22 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
औराताल। डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के कौनकटी चौराहे पर प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने के बाद भी स्थिति फिर पहले जैसी हो गई है। अतिक्रमणकारियों ने दोबारा सड़क की पटरियों पर कब्जा जमा लिया है, जिससे आवागमन में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
डुमरियागंज-बांसी मार्ग पर स्थित इस चौराहे पर गिट्टी, बालू और मोरंग की दुकानों द्वारा सड़क के किनारे ही निर्माण सामग्री रख दी जाती है। इसके साथ ही सड़क पर आड़ी-तिरछी गाड़ियां खड़ी कर दी जाती हैं, जिससे अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले प्रशासन ने पुलिस बल के साथ अभियान चलाकर सड़क और फुटपाथ को अतिक्रमण मुक्त कराया था, लेकिन कार्रवाई के कुछ ही दिनों बाद अतिक्रमणकारियों ने फिर से कब्जा कर लिया।
विज्ञापन
रास्ते से गुजरने वाले कर्मचारी अरुण वर्मा, उमेश मौर्य, राम प्रकाश और दीनानाथ सिंह ने बताया कि चौराहे पर अक्सर जाम लग जाता है, जिससे ड्यूटी पर पहुंचने में देर हो जाती है और दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है। उन्होंने प्रशासन से समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है।
विज्ञापन
डुमरियागंज-बांसी मार्ग पर स्थित इस चौराहे पर गिट्टी, बालू और मोरंग की दुकानों द्वारा सड़क के किनारे ही निर्माण सामग्री रख दी जाती है। इसके साथ ही सड़क पर आड़ी-तिरछी गाड़ियां खड़ी कर दी जाती हैं, जिससे अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है।
विज्ञापन
स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले प्रशासन ने पुलिस बल के साथ अभियान चलाकर सड़क और फुटपाथ को अतिक्रमण मुक्त कराया था, लेकिन कार्रवाई के कुछ ही दिनों बाद अतिक्रमणकारियों ने फिर से कब्जा कर लिया।
विज्ञापन
रास्ते से गुजरने वाले कर्मचारी अरुण वर्मा, उमेश मौर्य, राम प्रकाश और दीनानाथ सिंह ने बताया कि चौराहे पर अक्सर जाम लग जाता है, जिससे ड्यूटी पर पहुंचने में देर हो जाती है और दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है। उन्होंने प्रशासन से समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है।