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Siddharthnagar News: मनरेगा में अनियमितता पर हरैया के प्रशासक हटाए गए, एडीओ पंचायक को मिला प्रभार
Mon, 20 Jul 2026 11:26 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Mon, 20 Jul 2026 11:26 PM IST
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सिद्धार्थनगर। जोगिया विकास खंड की ग्राम पंचायत हरैया में मनरेगा कार्यों में अनियमितता के मामले में जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने पूर्व ग्राम प्रधान और वर्तमान प्रशासक अब्दुल कयूम को प्रशासक पद से हटा दिया है। सहायक विकास अधिकारी (पंचायत), जोगिया को नया प्रशासक नामित किया गया है।
जिलाधिकारी कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार ग्राम पंचायत हरैया निवासी कपिलदेव की ओर से 18 फरवरी 2026 को की गई शिकायत की जांच जिला उद्यान अधिकारी व ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अवर अभियंता से कराई गई थी। जांच आख्या में मनरेगा की छह परियोजनाओं में विभिन्न मदों में कुल 84,736.58 रुपये का वित्तीय विचलन पाया गया।
जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्कालीन ग्राम प्रधान अब्दुल कयूम को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। जवाब में उन्होंने तर्क दिया कि संबंधित कार्य तीन वर्ष पुराने हैं और बाढ़, बारिश तथा मिट्टी के बैठने जैसी प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण 10 प्रतिशत तक का विचलन स्वाभाविक है।
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डीएम ने प्रस्तुत स्पष्टीकरण का परीक्षण करने के बाद 18 जून 2026 को अब्दुल कयूम से 28,245.19 रुपये की वसूली का आदेश जारी किया था। आदेश के बावजूद धनराशि जमा न किए जाने पर उन्हें ग्राम पंचायत हरैया के प्रशासक पद से हटाने का निर्णय लिया गया।
जिलाधिकारी ने सहायक विकास अधिकारी (पंचायत), जोगिया को ग्राम पंचायत हरैया का नया प्रशासक नियुक्त किया है। साथ ही मुख्य विकास अधिकारी, खंड विकास अधिकारी और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के साथ व्यक्तियों व कर्मचारियों पर प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।
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जिलाधिकारी कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार ग्राम पंचायत हरैया निवासी कपिलदेव की ओर से 18 फरवरी 2026 को की गई शिकायत की जांच जिला उद्यान अधिकारी व ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अवर अभियंता से कराई गई थी। जांच आख्या में मनरेगा की छह परियोजनाओं में विभिन्न मदों में कुल 84,736.58 रुपये का वित्तीय विचलन पाया गया।
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जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्कालीन ग्राम प्रधान अब्दुल कयूम को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। जवाब में उन्होंने तर्क दिया कि संबंधित कार्य तीन वर्ष पुराने हैं और बाढ़, बारिश तथा मिट्टी के बैठने जैसी प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण 10 प्रतिशत तक का विचलन स्वाभाविक है।
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डीएम ने प्रस्तुत स्पष्टीकरण का परीक्षण करने के बाद 18 जून 2026 को अब्दुल कयूम से 28,245.19 रुपये की वसूली का आदेश जारी किया था। आदेश के बावजूद धनराशि जमा न किए जाने पर उन्हें ग्राम पंचायत हरैया के प्रशासक पद से हटाने का निर्णय लिया गया।
जिलाधिकारी ने सहायक विकास अधिकारी (पंचायत), जोगिया को ग्राम पंचायत हरैया का नया प्रशासक नियुक्त किया है। साथ ही मुख्य विकास अधिकारी, खंड विकास अधिकारी और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के साथ व्यक्तियों व कर्मचारियों पर प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।