{"_id":"614a0b248ebc3e3eb0223372","slug":"four-thousand-patients-of-fever-found-in-flood-affected-areas-siddharthnagar-news-gkp4100709146","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मिले बुखार के चार हजार मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मिले बुखार के चार हजार मरीज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मिले बुखार के चार हजार मरीज
सिद्धार्थनगर। स्वास्थ्य विभाग के सर्वे में जिले में बुखार से चार हजार से अधिक पीड़ित लोग मिले हैं, जिनकी जांच के बाद इलाज किया जा रहा है। सर्वें में मिले सर्वाधिक मरीज बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के हैं, जबकि सभी ब्लॉकों में सर्वे चलाया गया है। बुखार के मरीजों की लक्षण के आधार पर जांच करके दवाएं दी जा रही हैं, जबकि इनमें से कुछ अन्य बीमारियों के संभावित रोगी भी मिले हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की 785 टीम ने चार लाख से अधिक घरों का भ्रमण कर संभावित मरीजों की पहचान की है। कोविड के लक्षण वाले व्यक्तियों की स्क्रीनिंग, बुखार, सर्दी, जुकाम, सांस लेने में परेशानी, वजन कम होना, बेहोशी आदि बीमारियों से पीड़ित मरीजों की पहचान की गई। महामारी रोग विशेषज्ञ समीर सिंह ने बताया कि सर्वे के बाद आई रिपोर्ट के आधार पर नियमित टीकाकरण, कोविड टीकाकरण से छूटे लोगों को टीका लगवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अन्य बीमारियों के संभावित मरीजों की जांच भी शुरू हो गई है। इसमें पॉजिटिव रिपोर्ट आने वाले मरीजों का उपचार होगा, जबकि निगेटिव वालों को एहतियात बरतने की सलाह दी जाएगी।
संभावित क्षय रोगियों की होगी जांच
जिला मलेरिया अधिकारी सुनील चौधरी ने बताया कि सर्वे अभियान में क्षय रोग (टीबी) के 235 संभावित मरीजों की पहचान हुई है। इसमें 181 लोग दो सप्ताह से अधिक समय से खांसी से पीड़ित मिले हैं। 42 लोगों में बलगम के साथ खांसी और 12 लोगों का वजन कम होना पाया गया है। चिह्नित लोगों का क्षय रोग विभाग बलगम की जांच कराते हुए उपचार करेगा। इसमें पॉजिटिव रिपोर्ट आने वालों की दवा चलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। स्वास्थ्य विभाग के सर्वे में जिले में बुखार से चार हजार से अधिक पीड़ित लोग मिले हैं, जिनकी जांच के बाद इलाज किया जा रहा है। सर्वें में मिले सर्वाधिक मरीज बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के हैं, जबकि सभी ब्लॉकों में सर्वे चलाया गया है। बुखार के मरीजों की लक्षण के आधार पर जांच करके दवाएं दी जा रही हैं, जबकि इनमें से कुछ अन्य बीमारियों के संभावित रोगी भी मिले हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की 785 टीम ने चार लाख से अधिक घरों का भ्रमण कर संभावित मरीजों की पहचान की है। कोविड के लक्षण वाले व्यक्तियों की स्क्रीनिंग, बुखार, सर्दी, जुकाम, सांस लेने में परेशानी, वजन कम होना, बेहोशी आदि बीमारियों से पीड़ित मरीजों की पहचान की गई। महामारी रोग विशेषज्ञ समीर सिंह ने बताया कि सर्वे के बाद आई रिपोर्ट के आधार पर नियमित टीकाकरण, कोविड टीकाकरण से छूटे लोगों को टीका लगवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अन्य बीमारियों के संभावित मरीजों की जांच भी शुरू हो गई है। इसमें पॉजिटिव रिपोर्ट आने वाले मरीजों का उपचार होगा, जबकि निगेटिव वालों को एहतियात बरतने की सलाह दी जाएगी।
विज्ञापन
संभावित क्षय रोगियों की होगी जांच
जिला मलेरिया अधिकारी सुनील चौधरी ने बताया कि सर्वे अभियान में क्षय रोग (टीबी) के 235 संभावित मरीजों की पहचान हुई है। इसमें 181 लोग दो सप्ताह से अधिक समय से खांसी से पीड़ित मिले हैं। 42 लोगों में बलगम के साथ खांसी और 12 लोगों का वजन कम होना पाया गया है। चिह्नित लोगों का क्षय रोग विभाग बलगम की जांच कराते हुए उपचार करेगा। इसमें पॉजिटिव रिपोर्ट आने वालों की दवा चलेगी।
विज्ञापन